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Basti News: वायरल संक्रमण लोगों को कर रहा बीमार
Mon, 18 Mar 2024 11:57 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Mon, 18 Mar 2024 11:57 PM IST
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सेहत के अनुकूल नहीं है मौसम में उतार-चढ़ाव
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। रात में ठंड तो दिन में तीखी धूप से वायरल संक्रमण तेज हो गया है। इसके चलते वायरल फीवर व खांसी-जुकाम के मरीजाें की संख्या अस्पतालों में बढ़ गई है। मौसम का यह परिवर्तन सेहत के लिए ठीक नहीं है। ऐसी परिस्थितियों में वायरस मजबूत होते हैं और उनका संक्रमण भी तेजी से बढ़ता है। इसके अलावा मच्छरों से फैलने वाले रोग के लिए भी यह वक्त खतरनाक है। चिकित्सकों का कहना है कि ऐसा मौसम हमेशा वायरस जनित रोगों को बढ़ाता है।
करीब एक सप्ताह से हर दिन अलग-अलग मौसम का सामना करना पड़ रहा है। इस वजह से लोग बीमार पड़ने लगे हैं। सर्दी, खांसी, जुकाम, गले में खराश, पेट दर्द, डायरिया जैसे लक्षण आ रहे हैं। वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. बीके सुमन बताते हैं कि एक सप्ताह से ओपीडी में बुखार और सांस के रोगियों की संख्या तेजी से बढ़ी है। इसकी वजह एक तो मौसम में परिवर्तन और दूसरे उसके अनुरूप व्यवहार का न होना है।
ऐसे वक्त में अगर शुगर, ब्लड प्रेशर व अस्थमा के मरीजों को अपना ध्यान रखना चाहिए। जिला अस्पताल के डॉ. रामजी सोनी बताते हैं कि यह मौसम वायरस के लिए मुफीद है। इसी वजह से अभी जो लोग बुखार की चपेट में आ रहे हैं, उन्हें दो से तीन सप्ताह तक परेशान होना पड़ रहा है। ऐसे मरीजों में एंटीबायोटिक का भी असर कम होता है। अगर बच्चों का इम्यून सिस्टम कमजोर हुआ तो वे इसकी चपेट में आ सकते हैं।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। रात में ठंड तो दिन में तीखी धूप से वायरल संक्रमण तेज हो गया है। इसके चलते वायरल फीवर व खांसी-जुकाम के मरीजाें की संख्या अस्पतालों में बढ़ गई है। मौसम का यह परिवर्तन सेहत के लिए ठीक नहीं है। ऐसी परिस्थितियों में वायरस मजबूत होते हैं और उनका संक्रमण भी तेजी से बढ़ता है। इसके अलावा मच्छरों से फैलने वाले रोग के लिए भी यह वक्त खतरनाक है। चिकित्सकों का कहना है कि ऐसा मौसम हमेशा वायरस जनित रोगों को बढ़ाता है।
करीब एक सप्ताह से हर दिन अलग-अलग मौसम का सामना करना पड़ रहा है। इस वजह से लोग बीमार पड़ने लगे हैं। सर्दी, खांसी, जुकाम, गले में खराश, पेट दर्द, डायरिया जैसे लक्षण आ रहे हैं। वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. बीके सुमन बताते हैं कि एक सप्ताह से ओपीडी में बुखार और सांस के रोगियों की संख्या तेजी से बढ़ी है। इसकी वजह एक तो मौसम में परिवर्तन और दूसरे उसके अनुरूप व्यवहार का न होना है।
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ऐसे वक्त में अगर शुगर, ब्लड प्रेशर व अस्थमा के मरीजों को अपना ध्यान रखना चाहिए। जिला अस्पताल के डॉ. रामजी सोनी बताते हैं कि यह मौसम वायरस के लिए मुफीद है। इसी वजह से अभी जो लोग बुखार की चपेट में आ रहे हैं, उन्हें दो से तीन सप्ताह तक परेशान होना पड़ रहा है। ऐसे मरीजों में एंटीबायोटिक का भी असर कम होता है। अगर बच्चों का इम्यून सिस्टम कमजोर हुआ तो वे इसकी चपेट में आ सकते हैं।
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