फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   The SP of the township was removed for not being able to control the antics of Aashiq Mijaz Daroga.

यूपी: आशिक मिजाज दरोगा की हरकतों पर लगाम न कस पाने पर हटाए गए एसपी, आशीष श्रीवास्तव बने बस्ती के नए एसपी

Sun, 21 Mar 2021 10:22 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, बस्ती।
अमर उजाला नेटवर्क, बस्ती। Published by: गोरखपुर ब्यूरो Updated Sun, 21 Mar 2021 10:22 AM IST
सार

  • शहर क्षेत्र के कोतवाल रामपाल यादव और आरोपित दरोगा दीपक सिंह भी निलंबित
  • दरोगा ने लड़की और उसके परिजनों पर दर्ज कराए थे आधा दर्जन से अधिक मुकदमे
  • आशीष श्रीवास्तव बने बस्ती के नए एसपी, पीड़िता ने कहा-अब न्याय की उम्मीद जगी

विज्ञापन
The SP of the township was removed for not being able to control the antics of Aashiq Mijaz Daroga.
बाएं आरोपी दरोगा दीपक सिंह, दाएं तत्कालीन एसपी हेमराज मीणा। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

आशिक मिजाज दरोगा की हरकतों पर लगाम न लगाने और युवती की शिकायतों की अनदेखी करने पर एसपी हेमराज मीणा को हटा दिया गया है। तीन दिनों से सुर्खियों में रहे आशिक मिजाज दरोगा प्रकरण में शनिवार सुबह अपर पुलिस महानिदेशक अखिल कुमार की अगुवाई में उच्चस्तरीय जांच टीम पीड़िता के गांव पहुंची। कुछ ही देर बाद एसपी को हटा दिया गया।

विज्ञापन


उन्हें डीजीपी आफिस अटैच किया गया है। उनके स्थान पर हाल ही में सोनभद्र से हटाए गए एसपी आशीष श्रीवास्तव को नया पुलिस कप्तान बनाया गया है। वहीं, शहर क्षेत्र के कोतवाल रामपाल यादव और आरोपित दरोगा दीपक सिंह को भी निलंबित कर दिया गया है। पीड़िता ने कहा कि अब उसे न्याय मिलने की उम्मीद जगी है।
विज्ञापन


एडीजी अखिल कुमार के साथ कमिश्नर अनिल कुमार सागर, आईजी एके राय, डीएम सौम्या अग्रवाल तथा एसपी संतकबीरनगर डॉ कौस्तुभ सुबह दस बजे पीड़िता के गांव पहुंचे। पीड़िता के साथ सभी पक्षों का बयान दर्ज किया गया। एडीजी ने बताया कि पीड़िता, विपक्षी, गांव के लोगों व मौके पर मौजूद सभी सरकारी कर्मचारियों के बयान दर्ज किए गए हैं। अभी हेड क्वार्टर में कुछ लोगों के बयान लिए जाने शेष हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


उधर, देर रात पीड़िता की तहरीर पर आरोपित दरोगा दीपक सिंह, उसके भाई एसआई राजन सिंह निवासी चौरीचौरा गोरखपुर, तत्कालीन कोतवाल रामपाल यादव और दो सिपाहियों पर कोतवाली थाने में केस दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
 

ये है पूरा मामला...

जानकारी के अनुसार, लॉकडाउन के दौरान बिना मास्क लगाई एक लड़की को कोतवाली क्षेत्र की चौकी सोनूपार के इंचार्ज दीपक सिंह ने रोका और चालान न करने के एवज में उसका मोबाइल नंबर मांगा। लड़की ने आनाकानी की तो रौब दिखाकर नंबर ले लिया।

इसके बाद दरोगा युवती को अश्लील मैसेज भेजने लगा। विरोध करने में उसने फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। इसी बीच, युवती के गांव में चकरोड के लिए विवाद हो गया। इस मामले में ग्रामीणों ने दरोगा को बंधक बना लिया था। ग्रामीणों के साथ ही युवती के परिवार वालों पर भी मुकदमा दर्ज किया गया।

युवती ने अश्लील मैसेज प्रकरण की जानकारी देते हुए दरोगा द्वारा फर्जी मुकदमे में फंसाने की शिकायत की। जांच में लगाए गए आरोपों को गलत बताया गया। हालांकि दरोगा को बैड इंट्री देकर कुशीनगर एयरपोर्ट पर तैनात कर दिया गया। दरोगा के भाई का भी बस्ती से तबादला हो गया।

इसके बाद युवती ने एक-एक कर परिवार पर चार फर्जी मुकदमे दर्ज करने की शिकायत की। सुनवाई नहीं होने पर वह सीएम और राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष से मिली। मुख्यमंत्री और महिला आयोग के आदेश पर प्रमुख सचिव गृह ने मामले की जांच का निर्देश दिया था।

देर रात पीड़िता की तहरीर पर आरोपित दरोगा दीपक सिंह, उसके भाई एसआई राजन सिंह निवासी चौरीचौरा गोरखपुर, तत्कालीन कोतवाल रामपाल यादव और दो सिपाहियों पर कोतवाली थाने में केस दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed