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Basti News: मिश्रौलिया गांव में किया गया पौध रोपण,बांटे गए पौधे
Fri, 06 Jun 2025 01:51 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Fri, 06 Jun 2025 01:51 AM IST
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बस्ती। विश्व युवक केंद्र नई दिल्ली व युवा विकास समिति के तत्वावधान में आयोजित पर्यावरण जागरूकता माह के अंतर्गत सदर ब्लाक के मिश्रौलिया गांव में पौध रोपण व पौध वितरण का कार्यक्रम आयोजित किया गया। मौके पर मनोविज्ञानी व समाजसेवी राधेश्याम चौधरी ने कहा कि यह दिन पर्यावरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
कहा कि प्लास्टिक प्रदूषण पृथ्वी को घातक प्रभावों जलवायु परिवर्तन का संकट, प्रकृति, भूमि और जैव विविधता का नुकसान, तथा प्रदूषण और कचरे का संकट जैसे प्रभावों को बढ़ावा देता है। पत्रकार अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि वैश्विक स्तर पर अनुमान है कि हर साल 11 मिलियन टन प्लास्टिक कचरा जलीय पारिस्थितिकी तंत्र में रिसता है, जबकि कृषि उत्पादों में प्लास्टिक के उपयोग के कारण सीवेज और लैंडफिल से मिट्टी में माइक्रोप्लास्टिक जमा हो जाता है। प्लास्टिक प्रदूषण की वार्षिक सामाजिक और पर्यावरणीय लागत 300 बिलियन अमेरिकी डॉलर से 600 बिलियन अमेरिकी डॉलर के बीच है। इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस ऐसे समय मनाया जा रहा है जब देश समुद्री पर्यावरण सहित प्लास्टिक प्रदूषण को समाप्त करने के लिए एक वैश्विक संधि हासिल करने की दिशा में प्रगति कर रहे हैं। इस मौके पर उपस्थित लोगों में आम अमरुद के फलदार पौधे वितरित किए गए। कार्यक्रम में बृहस्पति कुमार पाण्डेय, माधुरी, हर्ष देव पाण्डेय, तूलिका, अदम्य सहित अनेकों लोग मौजूद रहे।
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कहा कि प्लास्टिक प्रदूषण पृथ्वी को घातक प्रभावों जलवायु परिवर्तन का संकट, प्रकृति, भूमि और जैव विविधता का नुकसान, तथा प्रदूषण और कचरे का संकट जैसे प्रभावों को बढ़ावा देता है। पत्रकार अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि वैश्विक स्तर पर अनुमान है कि हर साल 11 मिलियन टन प्लास्टिक कचरा जलीय पारिस्थितिकी तंत्र में रिसता है, जबकि कृषि उत्पादों में प्लास्टिक के उपयोग के कारण सीवेज और लैंडफिल से मिट्टी में माइक्रोप्लास्टिक जमा हो जाता है। प्लास्टिक प्रदूषण की वार्षिक सामाजिक और पर्यावरणीय लागत 300 बिलियन अमेरिकी डॉलर से 600 बिलियन अमेरिकी डॉलर के बीच है। इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस ऐसे समय मनाया जा रहा है जब देश समुद्री पर्यावरण सहित प्लास्टिक प्रदूषण को समाप्त करने के लिए एक वैश्विक संधि हासिल करने की दिशा में प्रगति कर रहे हैं। इस मौके पर उपस्थित लोगों में आम अमरुद के फलदार पौधे वितरित किए गए। कार्यक्रम में बृहस्पति कुमार पाण्डेय, माधुरी, हर्ष देव पाण्डेय, तूलिका, अदम्य सहित अनेकों लोग मौजूद रहे।
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