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कलम बंद हड़ताल में शामिल होने की घोषणा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 16 Dec 2015 12:08 AM IST
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बस्ती। विकास भवन कर्मचारी संघ की मंगलवार को हुई बैठक में कर्मचारी नेताओं
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ने अपनी मांगों को पूरा न करने पर राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया। विकास
भवन के कर्मचारियों ने राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के आवाहन पर 22 और 23
दिसंबर को कलम बंद हड़ताल में शामिल होने की घोषणा की।
संघ के अध्यक्ष अजीत कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में विकास भवन कर्मचारी संघ के महामंत्री रामअधार पाल ने कहा कि राज्य सरकार के हीलाहवाली के कारण केंद्रीय कर्मचारियों के समान सभी भत्ते राज्य कर्मचारियों को अब तक नहीं मिल सके।
पुरानी पेंशन व्यवस्था को लागू न कर नए कर्मचारियों के भविष्य से खेला जा रहा है। ऐसे में कर्मचारी आंदोलन के लिए मजबूर हो गया है। ग्राम्य विकास मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष दीपमणि शुक्ल और सचिव संत कुमार नंदन ने राज्य सरकार पर कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर उदासीनता बरतने का आरोप लगाया है।
कहा कि जब सीएम के पास कर्मचारी नेताओं से मिलने का समय नहीं है तो कर्मचारियों के पास आंदोलन के सिवा कोई रास्ता नहीं बचा है। कर्मचारी 22 और 23 दिसंबर को कलम बंद हड़ताल कर अपना विरोध जताएंगे।
इस मौके पर स्टेनोग्राफर्स महासंघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष गोवर्धन उपाध्याय, सत्यनरायन चौधरी, देवेंद्र सिंह, अजय प्रताप नरायन पांडेय, इश्तियाक अंसारी, रामराज, आदित्य कुमार, वीके श्रीवास्तव, भूपेंद्र सिंह, हीरामन, मुकेश कुमार, रामयज्ञ, वीरेंद्र प्रताप, आलोक चौधरी, रामदयाल श्रीवास्तव, घनश्याम, राममगन, अनिल श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
संघ के अध्यक्ष अजीत कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में विकास भवन कर्मचारी संघ के महामंत्री रामअधार पाल ने कहा कि राज्य सरकार के हीलाहवाली के कारण केंद्रीय कर्मचारियों के समान सभी भत्ते राज्य कर्मचारियों को अब तक नहीं मिल सके।
पुरानी पेंशन व्यवस्था को लागू न कर नए कर्मचारियों के भविष्य से खेला जा रहा है। ऐसे में कर्मचारी आंदोलन के लिए मजबूर हो गया है। ग्राम्य विकास मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष दीपमणि शुक्ल और सचिव संत कुमार नंदन ने राज्य सरकार पर कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर उदासीनता बरतने का आरोप लगाया है।
कहा कि जब सीएम के पास कर्मचारी नेताओं से मिलने का समय नहीं है तो कर्मचारियों के पास आंदोलन के सिवा कोई रास्ता नहीं बचा है। कर्मचारी 22 और 23 दिसंबर को कलम बंद हड़ताल कर अपना विरोध जताएंगे।
इस मौके पर स्टेनोग्राफर्स महासंघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष गोवर्धन उपाध्याय, सत्यनरायन चौधरी, देवेंद्र सिंह, अजय प्रताप नरायन पांडेय, इश्तियाक अंसारी, रामराज, आदित्य कुमार, वीके श्रीवास्तव, भूपेंद्र सिंह, हीरामन, मुकेश कुमार, रामयज्ञ, वीरेंद्र प्रताप, आलोक चौधरी, रामदयाल श्रीवास्तव, घनश्याम, राममगन, अनिल श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।