{"_id":"66fc6c684112e66b8008c374","slug":"junior-residents-service-terminated-after-getting-ultrasound-examination-done-from-outside-basti-news-c-207-1-bst1001-124897-2024-10-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: बाहर से अल्ट्रासाउंड जांच कराने पर जूनियर रेजिडेंट की सेवा समाप्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: बाहर से अल्ट्रासाउंड जांच कराने पर जूनियर रेजिडेंट की सेवा समाप्त
Wed, 02 Oct 2024 03:10 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Wed, 02 Oct 2024 03:10 AM IST
विज्ञापन
मरीज को जांच के लिए बाहर भेजने का वायरल हुआ था वीडियो
तीन सदस्यीय टीम की जांच में रेजीडेंट की भूमिका मिली थी संदिग्ध
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। महर्षि वशिष्ठ मेडिकल कॉलेज के जूनियर रेजिडेंट अनिमेष कुमार राव को मरीज का बाहर से अल्ट्रासाउंड कराने के मामले में अपनी नौकरी गंवानी पड़ी। तीन सदस्यीय जांच टीम की छानबीन में उनकी भूमिका संदिग्ध मिली। रिपोर्ट के आधार पर मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने संबंधित चिकित्सक की सेवा समाप्त कर दी।
प्रकरण 11 सितंबर का है। मेडिकल कॉलेज के ओपेक चिकित्सालय कैली की इमरजेंसी में तैनात जूनियर रेजिडेंट डॉ. अनिमेष द्वारा मरीजों का बाहर से अल्ट्रासाउंड जांच कराने मामला सामने आया था। इससे संबंधित वीडियो भी वायरल हुआ। प्रकरण संज्ञान में आने के बाद मेडिकल कॉलेज के डॉ. मनोज कुमार ने तत्काल प्रभाव से संबंधित रेजीडेंट को निलंबित कर तीन सदस्यीय जांच टीम गठित कर दी थी।
जांच टीम की छानबीन रेजिडेंट पर बाहर अल्ट्रासाउंड जांच कराने के मामले की पुष्टि हुई। रेजीडेंट की भूमिका संदिग्ध पाई गई। टीम ने जांच रिपोर्ट प्राचार्य को सौंपी। इसके बाद प्राचार्य ने संबंधित डॉक्टर की सेवा समाप्त कर दी है। इस कार्रवाई से मेडिकल कॉलेज में हड़कंप मच गया है। यहां तक अस्पताल परिसर में स्थित आवास पर निजी प्रैक्टिस करने से भी रेजीडेंट ने ना कर दिया गया है।
विज्ञापन
प्राचार्य ने बताया कि जांच टीम की रिपोर्ट के अनुसार रेजिडेंट की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। मेडिकल कॉलेज परिसर में रहकर मरीजों को बाहर भेजने से छवि धूमिल हुई है। ऐसे में संबंधित रेजीडेंट की सेवा समाप्त कर दी गई है।
विज्ञापन
तीन सदस्यीय टीम की जांच में रेजीडेंट की भूमिका मिली थी संदिग्ध
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। महर्षि वशिष्ठ मेडिकल कॉलेज के जूनियर रेजिडेंट अनिमेष कुमार राव को मरीज का बाहर से अल्ट्रासाउंड कराने के मामले में अपनी नौकरी गंवानी पड़ी। तीन सदस्यीय जांच टीम की छानबीन में उनकी भूमिका संदिग्ध मिली। रिपोर्ट के आधार पर मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने संबंधित चिकित्सक की सेवा समाप्त कर दी।
प्रकरण 11 सितंबर का है। मेडिकल कॉलेज के ओपेक चिकित्सालय कैली की इमरजेंसी में तैनात जूनियर रेजिडेंट डॉ. अनिमेष द्वारा मरीजों का बाहर से अल्ट्रासाउंड जांच कराने मामला सामने आया था। इससे संबंधित वीडियो भी वायरल हुआ। प्रकरण संज्ञान में आने के बाद मेडिकल कॉलेज के डॉ. मनोज कुमार ने तत्काल प्रभाव से संबंधित रेजीडेंट को निलंबित कर तीन सदस्यीय जांच टीम गठित कर दी थी।
विज्ञापन
जांच टीम की छानबीन रेजिडेंट पर बाहर अल्ट्रासाउंड जांच कराने के मामले की पुष्टि हुई। रेजीडेंट की भूमिका संदिग्ध पाई गई। टीम ने जांच रिपोर्ट प्राचार्य को सौंपी। इसके बाद प्राचार्य ने संबंधित डॉक्टर की सेवा समाप्त कर दी है। इस कार्रवाई से मेडिकल कॉलेज में हड़कंप मच गया है। यहां तक अस्पताल परिसर में स्थित आवास पर निजी प्रैक्टिस करने से भी रेजीडेंट ने ना कर दिया गया है।
विज्ञापन
प्राचार्य ने बताया कि जांच टीम की रिपोर्ट के अनुसार रेजिडेंट की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। मेडिकल कॉलेज परिसर में रहकर मरीजों को बाहर भेजने से छवि धूमिल हुई है। ऐसे में संबंधित रेजीडेंट की सेवा समाप्त कर दी गई है।