फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   injunction break for 77 arrested

निषेधाज्ञा तोड़ने वाले 77 गिरफ्तार

Tue, 31 Mar 2020 10:01 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 31 Mar 2020 10:01 PM IST
विज्ञापन
injunction break for 77 arrested
निषेधाज्ञा तोड़ने वाले 77 गिरफ्तार
विज्ञापन

बस्ती। कोरोना महामारी के संक्रमण काल के दौरान लागू निषेधाज्ञा को धता बताकर मनमानी करने वालों पर पुलिस की सख्ती बढ़ती जा रही है। इसे लेकर लगातार अभियान चलाया जा रहा है। जिसमें सोमवार रात तक कुल 26 मुकदमे दर्ज किए गए। जिले के 16 थानों में दर्ज इन मुकदमों में 77 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। सभी को थाने से निजी मुचलके पर जमानत दी गई, मगर हिदायत दी गई कि वह दोबारा अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें। इन सभी ने अनावश्यक भीड़ लगाकर संक्रमण की संभावना को बढ़ाने की कोशिश की।
पिछले दो दिनों से बड़ी संख्या में दिल्ली-मुंबई, गुजरात आदि महानगरों से लोग बड़ी संख्या में लोग अपने गांव-घर पहुंच रहे हैं। इनमें से किसकी जांच हुई या नहीं, इसका कोई लेखाजोखा नहीं है। इस बीच गांव-कस्बों के लोग मौका देखकर बाहर घूमने-टहलने निकल रहे हैं। अगर कहीं कोई दुकान खुली मिल जाए तो कुछ देर में ही लोग भीड़ लगा दे रहे हैं। ऐसे में बहुत बड़ा जोखिम यह है कि यदि उस भीड़ में कहीं बाहर से आया संक्रमित व्यक्ति पहुंच गया तो सारे किए कराए पर पानी फिर जाएगा। इस संवेदनशीलता के बीच व्यवस्था कायम रखना बड़ी चुनौती है।
विज्ञापन

एसपी हेमराज मीणा का कहना है कि किसी को असुविधा न हो और सभी सुरक्षित रहें यह पुलिस का लक्ष्य है। अगर बार-बार कोई लॉक डाउन को अनावश्यक रूप से भंग करता है तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उक्त कार्रवाई में पुलिस निषेधाज्ञा उल्लंघन का मुकदमा दर्ज कर रही है। लॉकडाउन की घोषणा के साथ महामारी कानून 1997 लागू किया गया है। इसी कानून में अगर लॉकडाउन में सरकार द्वारा दिए गए निर्देशों का कोई व्यक्ति उल्लंघन करता है, तो उस पर भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत कार्रवाई किए जाने का प्राविधान है। किसी के ऊपर यह धारा लगाने के लिए यह जरूरी नहीं कि उसके द्वारा नियम तोड़े जाने से किसी का नुकसान हुआ या नहीं। अगर सरकार द्वारा जारी निर्देशों की जानकारी होने के बावजूद उनका उल्लंघन कर रहे हैं, तो भी धारा 188 के तहत कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। यदि संबंधित व्यक्ति की हरकत से कानून व्यवस्था में लगे शख्स को नुकसान पहुंचता है, तो कम से कम एक महीने की जेल या 200 रुपये जुर्माना या दोनों सजा दी जा सकती है। साथ ही यदि सरकार के आदेश का उल्लंघन किए जाने से मानव जीवन, स्वास्थ्य या सुरक्षा आदि को खतरा होता है, तो कम से कम छह महीने जेल या एक हजार रुपये जुर्माना या दोनों की सजा दी जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed