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Basti News: संभावित डेंगू के मामले बढ़े, मेडिकल कॉलेज से पांच रेफर
Thu, 24 Aug 2023 01:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Thu, 24 Aug 2023 01:05 AM IST
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मेडिकल कॉलेज।
बस्ती। जिले में संभावित डेंगू के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। चिकित्सकों के अनुसार इस समय तेज बुखार के अधिक मरीज आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज से संबद्ध ओपेक चिकित्सालय कैली में बुधवार को टीम ने लाइव किया। यहां काॅलेज में भीड़ तो थी ही, चारों ओर पानी भी भरा था।
बताया गया कि सुबह बारिश के बाद यह स्थिति उत्पन्न हुई है। इसी में से मरीज व तीमारदार आ जा रहे थे। ओपीडी में भीड़ थी। मेडिसिन विभाग में काउंटर से पता चला कि सुबह से तेज बुखार के पांच मरीज रेफर किए जा चुके हैं। डॉक्टर की मानें तो यह सभी डेंगू के लक्षण वाले मरीज थे। इनमें दो मरीज शहर के पुरानी बस्ती व शेष तीन मरीज डुमरियागंज के थे।
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बोले चिकितसक
मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अलका शुक्ला ने बताया कि सप्ताह भर पहले डुमरियागंज की 14 वर्षीय किशोरी को भर्ती किया गया है। उसको तेज बुखार व प्लेट्लेटस करीब 40 हजार था, जो अब बढ़ गया है। किशोरी पूरी तरह स्वास्थ्य हो गई है।
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फिलहाल जिले में 12 मरीज जुलाई से अब तक मिले हैं। तेज बुखार व प्लेटलेट्स कम होना केवल डेंगू का लक्षण नहीं है। अन्य बीमारियों में भी प्लेटलेट्स कम हो जाती है। ऐसे में मरीज को तभी डेंगू का माना जाएगा, जब उसका एलाइजा टेस्ट पॉजिटिव मिले। यह सही है कि तेज बुखार के मरीज आ रहे हैं, मगर लक्षण के आधार पर डेंगू नहीं कहा सकता है।
-आईए खान, जिला मलेरिया अधिकारी
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कैसे पहचानें डेंगू
- अचानक तेज सिरदर्द व बुखार। मांसपेशियों तथा जोड़ों में दर्द
- आंख के पीछे दर्द, जो आंखों को घुमाने से बढ़ता है।
- जी मिचलाना और उल्टी गंभीर मामलों में नाक-मुंह व मसूड़ों से खून आना अथवा त्वचा पर चकत्ते उभरना।
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बचाव के लिए यह बरतें सावधानी
- साफ पानी में ही डेंगू का मच्छर पनपता है, इसलिए घर के आसपास पानी न जमा होने दें।
- ड्रम, बोतल, बाल्टी एवं टीन के डिब्बों में पानी एकत्रित न होने दे।
- फूलदान, गमले, फ्रिज के पीछे की का पानी सप्ताह में दो बार जरूर बदलें।
- प्रत्येक सप्ताह कूलर के पानी की खाली कर सुखाकर दोबारा प्रयोग करें।
- पानी से भरे बर्तन व टंकियों की ढक कर रखें
- डिस्पोजेबल गिलास, बर्तन, टायर,डेंगू का मच्छर दिन में हो काटता है, इसलिए ऐसे कपड़े पहनें जो पूरे शरीर को ढकें।
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क्षेत्रीय निदान केंद्र ने बताए आंकड़े
जिला अस्पताल में स्थापित क्षेत्रीय निदान केंद्र की मानें तो जनवरी से अब तक 438 एलाइजा जांच हुई है। इसमें 1 जेई पॉजिटिव मिला था, जबकि 11 डेंगू के मरीज पाए गए हैं। शेष में इस तरह का कुछ नहीं मिला है। इस माह अब तक 57 एलाइजा टेस्ट हुए हैं।
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ओपीडी से हर रोज मरीज रेफर होते हैं। चिकित्सक मरीज की स्थिति के अनुसार हॉयर सेंटर रेफर करते हैं। पांच मरीजोंं को रेफर किया गया है। इसके बारे में चिकित्सक ही जानेंगे।
-एएन प्रसाद, सीएमएस, ओपेक चिकित्सालय कैली
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बताया गया कि सुबह बारिश के बाद यह स्थिति उत्पन्न हुई है। इसी में से मरीज व तीमारदार आ जा रहे थे। ओपीडी में भीड़ थी। मेडिसिन विभाग में काउंटर से पता चला कि सुबह से तेज बुखार के पांच मरीज रेफर किए जा चुके हैं। डॉक्टर की मानें तो यह सभी डेंगू के लक्षण वाले मरीज थे। इनमें दो मरीज शहर के पुरानी बस्ती व शेष तीन मरीज डुमरियागंज के थे।
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बोले चिकितसक
मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अलका शुक्ला ने बताया कि सप्ताह भर पहले डुमरियागंज की 14 वर्षीय किशोरी को भर्ती किया गया है। उसको तेज बुखार व प्लेट्लेटस करीब 40 हजार था, जो अब बढ़ गया है। किशोरी पूरी तरह स्वास्थ्य हो गई है।
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फिलहाल जिले में 12 मरीज जुलाई से अब तक मिले हैं। तेज बुखार व प्लेटलेट्स कम होना केवल डेंगू का लक्षण नहीं है। अन्य बीमारियों में भी प्लेटलेट्स कम हो जाती है। ऐसे में मरीज को तभी डेंगू का माना जाएगा, जब उसका एलाइजा टेस्ट पॉजिटिव मिले। यह सही है कि तेज बुखार के मरीज आ रहे हैं, मगर लक्षण के आधार पर डेंगू नहीं कहा सकता है।
-आईए खान, जिला मलेरिया अधिकारी
कैसे पहचानें डेंगू
- अचानक तेज सिरदर्द व बुखार। मांसपेशियों तथा जोड़ों में दर्द
- आंख के पीछे दर्द, जो आंखों को घुमाने से बढ़ता है।
- जी मिचलाना और उल्टी गंभीर मामलों में नाक-मुंह व मसूड़ों से खून आना अथवा त्वचा पर चकत्ते उभरना।
बचाव के लिए यह बरतें सावधानी
- साफ पानी में ही डेंगू का मच्छर पनपता है, इसलिए घर के आसपास पानी न जमा होने दें।
- ड्रम, बोतल, बाल्टी एवं टीन के डिब्बों में पानी एकत्रित न होने दे।
- फूलदान, गमले, फ्रिज के पीछे की का पानी सप्ताह में दो बार जरूर बदलें।
- प्रत्येक सप्ताह कूलर के पानी की खाली कर सुखाकर दोबारा प्रयोग करें।
- पानी से भरे बर्तन व टंकियों की ढक कर रखें
- डिस्पोजेबल गिलास, बर्तन, टायर,डेंगू का मच्छर दिन में हो काटता है, इसलिए ऐसे कपड़े पहनें जो पूरे शरीर को ढकें।
क्षेत्रीय निदान केंद्र ने बताए आंकड़े
जिला अस्पताल में स्थापित क्षेत्रीय निदान केंद्र की मानें तो जनवरी से अब तक 438 एलाइजा जांच हुई है। इसमें 1 जेई पॉजिटिव मिला था, जबकि 11 डेंगू के मरीज पाए गए हैं। शेष में इस तरह का कुछ नहीं मिला है। इस माह अब तक 57 एलाइजा टेस्ट हुए हैं।
ओपीडी से हर रोज मरीज रेफर होते हैं। चिकित्सक मरीज की स्थिति के अनुसार हॉयर सेंटर रेफर करते हैं। पांच मरीजोंं को रेफर किया गया है। इसके बारे में चिकित्सक ही जानेंगे।
-एएन प्रसाद, सीएमएस, ओपेक चिकित्सालय कैली