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Basti News: ड्रोन से किसानों के खेत में हुआ तरल खाद व दवाओं का छिड़काव
Mon, 15 Jan 2024 02:41 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Mon, 15 Jan 2024 02:41 AM IST
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विशेषज्ञाें ने जल संरक्षण के लिए उपयोगी बताया
संवाद न्यूज एजेंसी
नगर बाजार (बस्ती)। बहादुरपुर के न्याय पंचायत पिपरा गौतम में संकल्प यात्रा के तहत इफ्को नैनो उर्वरक एवं सागरिका का छिड़काव किसानों के खेतों में ड्रोन से किया गया।
भेलवल के किसान अरविंद सिंह के एक एकड़ के फसल, प्रतापपुर के ओंकार तिवारी, नारायणपुर के कौशलेंद्र पांडेय के खेतों में भी ड्रोन स्प्रे से दवाओं का छिड़काव किया गया। ड्रोन मशीन से खेतों में तरल खाद व पौध संरक्षण दवाओं के छिड़काव के तरीके तथा लाभ के बारे में किसानों को बताया कि ड्रोन तकनीक से पौध संरक्षण दवाओं को खेत में उतरे बिना ही दवाओं को छिड़काव किया जा सकता है।जिससे मनुष्य शरीर को विभिन्न प्रकार से होने वाले दवाइयों के साइड इफेक्ट से बचा जा सकता है।
सहकारिता विभाग के एरिया मैनेजर अविनाश चतुर्वेदी ने बताया कि दवाओं का छिड़काव ड्रोन में लगे अत्याधुनिक तकनीक से होने के कारण केवल फसल पर ही किया जाता है। जिससे आसपास के अन्य पौधों पर किसी प्रकार की कोई हानि नहीं होती है। साथ ही साथ कम पानी कम समय श्रम एवं दवाओं के खपत में कमी आती है। इस उपकरण में प्रति एकड़ 20 लीटर पानी ही छिड़काव हेतु पर्याप्त है। जो कि जल संरक्षण के लिए बहुत आवश्यक है।
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बताया कि गेहूं,अरहर, आलू आदि की फसलों का उत्पादन अधिकतर कृषकों द्वारा किया जाता है। जिनको इसके उपयोग से काफी लाभ मिल सकता है। यह मशीन सब्जियों एवं फलदार वृक्षों में भी दवाओं के छिड़काव हेतु उपयुक्त है। इस मौके पर दुर्गा प्रसाद, राम अनुज तिवारी समेत तमाम किसान मौजूद रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
नगर बाजार (बस्ती)। बहादुरपुर के न्याय पंचायत पिपरा गौतम में संकल्प यात्रा के तहत इफ्को नैनो उर्वरक एवं सागरिका का छिड़काव किसानों के खेतों में ड्रोन से किया गया।
भेलवल के किसान अरविंद सिंह के एक एकड़ के फसल, प्रतापपुर के ओंकार तिवारी, नारायणपुर के कौशलेंद्र पांडेय के खेतों में भी ड्रोन स्प्रे से दवाओं का छिड़काव किया गया। ड्रोन मशीन से खेतों में तरल खाद व पौध संरक्षण दवाओं के छिड़काव के तरीके तथा लाभ के बारे में किसानों को बताया कि ड्रोन तकनीक से पौध संरक्षण दवाओं को खेत में उतरे बिना ही दवाओं को छिड़काव किया जा सकता है।जिससे मनुष्य शरीर को विभिन्न प्रकार से होने वाले दवाइयों के साइड इफेक्ट से बचा जा सकता है।
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सहकारिता विभाग के एरिया मैनेजर अविनाश चतुर्वेदी ने बताया कि दवाओं का छिड़काव ड्रोन में लगे अत्याधुनिक तकनीक से होने के कारण केवल फसल पर ही किया जाता है। जिससे आसपास के अन्य पौधों पर किसी प्रकार की कोई हानि नहीं होती है। साथ ही साथ कम पानी कम समय श्रम एवं दवाओं के खपत में कमी आती है। इस उपकरण में प्रति एकड़ 20 लीटर पानी ही छिड़काव हेतु पर्याप्त है। जो कि जल संरक्षण के लिए बहुत आवश्यक है।
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बताया कि गेहूं,अरहर, आलू आदि की फसलों का उत्पादन अधिकतर कृषकों द्वारा किया जाता है। जिनको इसके उपयोग से काफी लाभ मिल सकता है। यह मशीन सब्जियों एवं फलदार वृक्षों में भी दवाओं के छिड़काव हेतु उपयुक्त है। इस मौके पर दुर्गा प्रसाद, राम अनुज तिवारी समेत तमाम किसान मौजूद रहे।