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हाई सिक्योरिटी जोन में डिग्गी तोड़कर चोरी
Updated Sun, 18 Jun 2017 06:19 PM IST
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पुलिस की कार्यशैली से बदमाशों का मनोबल किस कदर सातवें आसमान पर है, इसका नमूना रविवार को जेल परिसर में देखने को मिला। हाई सिक्योरिटी जोन में खड़ी बाइक की डिग्गी तोड़कर उसमें रखे चार कीमती मोबाइल और चार हजार रुपये लेकर उचक्के चंपत हो गए।
गांधीनगर निवासी गौरव के पिता एक मुकदमे के सिलसिले में न्यायिक हिरासत में जेल भेजे गए हैं। रविवार को गौरव पिता से मिलने जेल गए थे। चूंकि जेल मैनुअल के मुताबिक गेट के भीतर मोबाइल प्रतिबंधित है, लिहाजा उन्होंने अपना व साथ गए एक अन्य व्यक्ति का चार मोबाइल और पर्स निकालकर डिग्गी में रख दिया। मुलाकात के बाद जब गौरव जेल से बाहर आए और बाइक की डिग्गी टूटी देखा तो दंग रह गए। उसमें रखी मोबाइल व पर्स गायब था।
यह घटना जिस स्थान पर हुई, वहां जेल सुरक्षा कर्मियों के अलावा पीएसी की टुकड़ी भी कैंप कर रही है। इसके बावजूद उचक्कों का दुस्साहस साफ संदेश दे रहा है कि उन्हें पुलिस या कानून का तनिक भी खौफ नहीं है। कोतवाली पुलिस को तहरीर दी गई है लेकिन पुलिस मुकदमा लिखने में आनाकानी कर रही है। कोतवाल कपिलमुनि सिंह का कहना है कि छानबीन की जा रही है।
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गांधीनगर निवासी गौरव के पिता एक मुकदमे के सिलसिले में न्यायिक हिरासत में जेल भेजे गए हैं। रविवार को गौरव पिता से मिलने जेल गए थे। चूंकि जेल मैनुअल के मुताबिक गेट के भीतर मोबाइल प्रतिबंधित है, लिहाजा उन्होंने अपना व साथ गए एक अन्य व्यक्ति का चार मोबाइल और पर्स निकालकर डिग्गी में रख दिया। मुलाकात के बाद जब गौरव जेल से बाहर आए और बाइक की डिग्गी टूटी देखा तो दंग रह गए। उसमें रखी मोबाइल व पर्स गायब था।
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यह घटना जिस स्थान पर हुई, वहां जेल सुरक्षा कर्मियों के अलावा पीएसी की टुकड़ी भी कैंप कर रही है। इसके बावजूद उचक्कों का दुस्साहस साफ संदेश दे रहा है कि उन्हें पुलिस या कानून का तनिक भी खौफ नहीं है। कोतवाली पुलिस को तहरीर दी गई है लेकिन पुलिस मुकदमा लिखने में आनाकानी कर रही है। कोतवाल कपिलमुनि सिंह का कहना है कि छानबीन की जा रही है।
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