फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Case of TET question paper leak: Police activated on the information of STF

टीईटी प्रश्नपत्र लीक होने का प्रकरण : एसटीएफ की सूचना पर सक्रिय हुई पुलिस

Wed, 01 Dec 2021 11:27 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Wed, 01 Dec 2021 11:27 AM IST
विज्ञापन
Case of TET question paper leak: Police activated on the information of STF
टीईटी प्रश्नपत्र लीक होने का प्रकरण : एसटीएफ की सूचना पर सक्रिय हुई पुलिस
विज्ञापन

बस्ती। शिक्षक पात्रता परीक्षा प्रश्नपत्र लीक होने के के मामले में स्पेशल टास्क फोर्स लखनऊ व गोरखपुर की सूचना के बाद पुलिस सक्रिय हुई। कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए पांच आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद एसटीएफ की टीमों ने उनसे लंबी पूछताछ की। उसके बाद तमाम जानकारियां उनके हाथ लगीं। हालांकि पुलिस अभी उनके बारे में कुछ भी बताने से बच रही है।
एसटीएफ सूत्रों का कहना है कि बस्ती जिले में पेपर पहुंचाने वाला इस गिरोह का मुख्य किरदार, जो बभनान क्षेत्र का रहने वाला है, उसे पकड़ा जाना बाकी है। उसके गिरफ्त में आने के बाद ही पता चल सकेगा कि उसको कॉपी कहां से और किसके जरिए मिली।
विज्ञापन

पकड़े गए पांचों आरोपितों में से सबसे पहली कड़ी प्राइमरी स्कूल का शिक्षक लालगंज थाने के तिघरा निवासी प्राइमरी स्कूल का शिक्षक अजीत यादव उर्फ धर्मेंद्र बताया जा रहा है। वह रामनगर ब्लाक के प्राइमरी पाठशाला भानपुर में सहायक अध्यापक के रूप में तैनात है। फरार सरगना ने एक दिन पहले ही उसे पेपर हल करने के लिए मुहैया करा दिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

उनके बीच का कनेक्शन अभी जांच का विषय है। पेपर मिलने के बाद उसने इसका सौदा करना शुरू कर दिया था। इसके बाद कितने लोगों तक इसकी काफी पहुंची, इसकी पुलिस अभी जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि सबसे पहले उसने अपने गांव के सत्येंद्र उर्फ सोनू को पेपर मुहैया कराया। सोनू के जरिए बाकी तीनों गौर थानाक्षेत्र के माझा मानपुर निवासी आनंद प्रकाश यादव , जगदीश यादव के अलावा विनय कुमार निवासी लबनापार थाना कोतवाली को उसकी कॉपी फारवर्ड की गई।

10 हजार से एक लाख तक का हुआ सौदा
अब तक की पूछताछ में पता चला कि इन प्रश्नपत्रों का सौदा 10 हजार रुपये से लेकर एक लाख तक में हुआ। धर्मेंद्र के जरिए बाकी को मिली पेपर की कॉपी देने के एवज में आधी रकम एडवांस ली गई, जिसे सबने बराबर-बराबर बांट लिया। बकाया रुपये पेपर खत्म होने के बाद दिए जाने थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed