फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   agriculture sector

Basti News: स्टॉक पर्याप्त, महंगे दर पर यूरिया खरीद रहे किसान

Tue, 18 Jul 2023 11:28 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Tue, 18 Jul 2023 11:28 PM IST
विज्ञापन
agriculture sector
बस्ती। धान की रोपाई लगभग खत्म होने के कगार पर है। पौधों के पोषण के लिए उर्वरक की आवश्यकता महसूस की जाने लगी है। किसान यूरिया के लिए सहकारी समितियों की ओर रुख कर रहे हैं। अधिकांश जगहों पर उन्हें निराशा हाथ लग रही है। कुछ जगहों पर अधिक मूल्य पर यूरिया दी जा रही है। समय देख कालाबाजारी का खेल शुरू हो गया है।
विज्ञापन

प्राइवेट दुकानों पर इसकी कीमत 300 रुपये प्रति बोरी (50 किलोग्राम) पहुंच गई है। यदि समितियों पर सहजता से खाद मिलना शुरू नहीं हुआ तो खुले बाजार में इसकी कीमत में अभी और उछाल आने की संभावना है।
विज्ञापन

सहकारिता विभाग के दस्तावेज के अनुसार जनपद में पर्याप्त मात्रा में यूरिया की उपलब्धता सुनिश्चित कर ली गई है। कुल 1475 मीट्रिक टन यूरिया की खेप यहां पहुंचाई जा चुकी है। इस हिसाब से 50 किलोग्राम की 29500 बोरियां यूरिया उपलब्ध है। विभाग ने जनपद की 116 सहकारी समितियों पर 1100 एमटी, इफ्को के तीन केंद्रों पर 300 एमटी और पीसीएफ के तीन केंद्रों पर 67.50 एमटी खाद वितरित कर दी है। यह प्रथम चरण का आवंटन है, जिससे किसानों को खाद की किल्लत न महसूस होने पाए। उन्हें निकटतम समिति पर निर्धारित मूल्य 267.50 रुपये प्रति बोरी के हिसाब से उपलब्ध हो सके। मगर अभी अधिकांश जगहों पर किसानों को खाद नहीं मिल पा रही है। लोग प्राइवेट दुकानों से महंगे दर पर यूरिया की खरीद शुरुआती दौर में ही कर रहे हैं। मंगलवार को जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत समितियों की टीम ने पड़ताल की तो यह हकीकत सामने आई।
विज्ञापन
विज्ञापन

------------------
आमा टिनिच में यूरिया न मिलने से किसान परेशान
सल्टौआ ब्लाॅक के आमा टिनिच क्षेत्र में सहकारी समिति पर यूरिया न मिलने से किसान परेशान हैं। इसका फायदा गैर सरकारी दुकानदार उठा रहे हैं। यहां सरकारी गोदाम में अभी यूरिया नहीं पहुंची है। किसान प्राइवेट दुकानों से खाद खरीदने पर मजबूर हैं। दुकानदारों की शर्त यह है कि पेस्टीसाइड खरीदने पर ही खाद मिलेगी, जिससे किसानों को दोहरा दंड झेलना पड़ रहा है। प्रति बोरी यूरिया की कीमत 30 रुपये ज्यादा चुकानी पड़ रही है, वहीं पेस्टीसाइड का मूल्य अलग से देना पड़ रहा है। किसान सजीवन, राम बहोर, तुलसीराम एवं रामकुमार यादव का कहना है कि समिति पर यूरिया उपलब्ध न होने की जानकारी दी जा रही है।
प्राइवेट दुकानदार यूरिया तभी दे रहे हैं जब उसके साथ सल्फर भी खरीदा जाए। सहकारी समिति के सचिव चंद्रशेखर का कहना है कि गोदाम पर खाद नहीं है। समिति की लिमिट पांच लाख की नहीं है। बैंक में कागज जमा किए तीन माह बीत गए धन नहीं मिला। इसलिए खाद नहीं आ रही है।
------------
यहां सुनिए, एक दुकानदार की
आमा टिनिच क्षेत्र के इफ्को से पंजीकृत एक उर्वरक के दुकानदार से टीम ने दूरभाष पर खाद का रेट जानना चाहा तो संबंधित दुकानदार पहले रेट बताने को तैयार नहीं हुआ। बाद में कहा कि यूरिया का दाम जमा करने के बाद तब तक खाद नहीं दी जाएगी जब तक नैनो यूरिया व डीएपी का पैसा कंपनी के खाते में जमा न हो जाए। वहीं इफ्को के एरिया मैनेजर जियाउद्दीन सिद्दीकी ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप नैनो यूरिया लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। धीरे- धीरे सब्सिडी कम की जाएगी। तब नैनो यूरिया सस्ती पड़ेगी।
---------
साधन सहकारी समिति बैरागल में उतरी 500 बोरी यूरिया
दुबौलिया विकास खंड के साधन सहकारी समिति बैरागल पर मंगलवार को पांच सौ बोरी यूरिया खाद की खेप पंहुची है। इसके पहले यहां भी खाद उपलब्ध नहीं थी, जिससे किसानों को प्राइवेट दुकानों से महंगे दर पर यूरिया खरीदनी पड़ी। समिति के सचिव संजीव सिंह ने बताया की बुधवार की सुबह से यूरिया खाद का वितरण किसानों में किया जाएगा।
--------------
बनकटी क्षेत्र में 300 रुपये प्रति बोरी यूरिया खरीदने पर मजबूर किसान
बनकटी विकास खंड क्षेत्र के अधिकांश साधन सहकारी समितियों पर यूरिया उपलब्ध नहीं है। किसान प्राइवेट दुकानों से निर्धारित मूल्य 267.50 के सापेक्ष 300 से 320 रुपये प्रति बोरी यूरिया खरीदने को मजबूर हैं। साधन सहकारी समिति सजनाखोर और खोरिया बसौढ़ी में 270 रुपये प्रति बोरी यूरिया किसानों को उपलब्ध कराई जा रही है। इसके साथ प्रति बोरी यूरिया के साथ 24 रुपये में 50 ग्राम नैनो भी दिया जा रहा है। चित़ाखोर, महथा सजहरा, एकमा, पकड़ी चंदा आदि समितियों पर यूरिया नहीं है। समिति के सचिव पिंटू ने बताया कि आजकल में आजकल में यूरिया की खेप आने वाली है। बसौढ़ी के किसान राम नसीब ने बताया कि प्राइवेट दुकान से 300 रुपये में यूरिया ले गया हूं, साथ दो ढक्कन नैनो भी दिया गया है। इस तरह सहकारी समिति और प्राइवेट दुकान के रेट में कोई अंतर नहीं है।

------------------
यूरिया की उपलब्धता सुनिश्चित
जनपद में यूरिया की उपलब्धता सभी समितियों पर सुनिश्चित कर ली गई है। कुछ जगहों पर यूरिया की खेप अगले एक दो दिन में पहुंच जाएगी। निर्धारित मूल्य पर ही किसानों को खाद उपलब्ध कराई जाएगी। 500 एमटी डीएपी खाद की भी रैक लग चुकी है। जल्द इसे भी समितियों पर पहुंचा दिया जाएगा।
-आशीष श्रीवास्तव, एआर, कोऑपरेटिव।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed