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रोडवेजकर्मियों ने भरी हुंकार
Updated Tue, 19 Sep 2017 11:43 PM IST
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रोडवेजकर्मियों ने भरी हुंकार
बस्ती।
अपनी नौ मांगें मनवाने के लिए रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद ने फिर हुंकार भरी है। कहा है कि निगम प्रबंधन यदि मांगों पर गौर नहीं करता है तो 25 सितंबर से आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर मंगलवार को रोडवेज परिसर में कर्मचारियों ने धरना दिया। अध्यक्षता तिलकराम दुबे तथा संचालन क्षेत्रीय सदस्य मो. शमीम ने किया। शाखा मंत्री ने कहा कि 30 अगस्त को मंडलीय सम्मेलन में पारित प्रस्तावों पर निगम प्रबंधन और शासन से वार्ता चली। इसमें 18 सितंबर तक निगम प्रबंधन और शासन स्तर से कोई सकारात्मक निर्णय नहीं किया जा सका। इसके कारण यह धरना क्षेत्र के समस्त कार्यशालाओं व डिपोज में किया जा रहा है। डिपो अध्यक्ष कन्हैया सिंह ने कहा कि समय आ गया है कि सभी कर्मचारी एकजुट हों। मांगें मनवाने के लिए आरपार की लड़ाई के लिए तैयार रहें। इस धरने के बाद भी हमारी मांगों पर कोई विचार नहीं किया जाता है तो 25 सितंबर से दूसरे चरण का आंदोलन शुरू किया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी प्रबंधन और शासन की होगी। तिलकराम दुबे ने कहा कि सातवां वेतनमान, संविदाकर्मियों को नियमित व न्यूनतम वेतन, समस्त चालकों व परिचालकों को नहीं दिया जा रहा तो आंदोलन और तीव्र होगा। काय्रक्रम को हरीशचंद्र उपाध्याय, अभिनव श्रीवास्तव, मो. खालिक, रमेश चंद्र, गंगेश्वरी मिश्रा, सुरेश उपाध्याय, अरशद हुसौन, बृजेश सिंह, संजय श्रीवास्तव, पंकज, दीपक, रामसूरत, दिवाकर, पीएन सिंह, शशिकांत, विनोद, वीरसेन, रविंद्र चौधरी, राममणि चौबे व मंत्री राम किशुन आदि ने धरने को संबोधित किया।
कर्मचारियों की मुख्यमांगें
सातवें वेतनमान का एरियर सहित भुगतान। वेतन विसंगतियों का अविलंब निस्तारण। जुलाई 16 से देय महंगाई भत्ते की किश्त का भुगतान। एसीपी पर लगी रोक हटाई जाए। ड्यूटी के दौरान घायल होने पर संविदा चालकों, परिचालकों की निशुल्क चिकित्सा। मृतक आश्रितों को कम से कम पांच लाख की मदद। सीधी भर्ती के पदों पर नियमित नियुक्तियां आदि।
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संविदाकर्मियों ने अफसरों पर जड़े आरोप
बस्ती।
विद्युत संविदा मजदूर संगठन के लोग छठे दिन भी धरने पर रहे। अधीक्षण अभियंता विद्युत वितरण के कार्यालय परिसर में धरने पर बैठे कर्मचारियों ने मंगलवार को अफसरों पर आरोपों की झड़ी लगा दी। फर्जी तरीके से हुई निविदा निरस्त होने तक आंदोलन की चेतावनी दी है।
धरने की अध्यक्षता कर रहे रमेश चंद्र यादव ने विभागीय अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। कहा कि मोटी रकम लेकर अनुभवहीन ठेकेदारों को टेंडर बांट दिए गए हैं। जबकि प्रांतीय अध्यक्ष आरएस राय ने कहा कि अधीक्षण अभियंता ने मनमानी और नियमों की अनदेखी कर निविदाएं आवंटित की है। इसकी शिकायत अध्यक्ष/ प्रबंध निदेशक से लखनऊ जाकर करेंगे। सभी संविदाकर्मियों को बताया कि अधीक्षण अभियंता से आप सभी की समस्याओं को लेकर वार्ता हुई लेकिन निरर्थक रही। फर्जी तरीके से हुई निविदा जब तक निरस्त नहीं हो जाती तब तक आंदोलन चलता रहेगा। संविदाकर्मियों का आरोप हैं कि अनुरक्षण कार्य के लिए टेंडर श्रम अधि. 1970 के तहत निकाले जाने का आदेश है लेकिन अधि 2009 के तहत फाइनल कर दिया गया। विद्युत मजदूर कल्याण समिति को निविदा न देकर चहेते ठेकेदारों को दे दिया गया। समिति की ओर से लगाए गए कर्मियों से कार्य अबतक लिया जा रहा है। अभय श्रीवास्तव, रामललित चौधरी, जगदंबा उपाध्याय, वीरेंद्र मिश्र, देवेंद्र सहाय आदि ने भी संबोधित किया। बाबूराम शर्मा, रमेशचंद्र यादव, देवेंद्र पांडेय, सूर्य प्रकाश, विजय शुक्ला, रामजनम चौधरी, विजय, वीरेंद्र, अशोक मिश्र, संजय कुमार, मो. अली, राजेंद्र चौधरी, शिवप्रसाद, अशोक चौधरी, अनूप यादव, भगौती प्रसाद आदि शामिल रहे।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का धरना तीसरे दिन भी जारी
बस्ती। आगनबाड़ी कर्मचारी एवं सहायिका एसोसिएशन द्वारा मानदेय वृद्धि एवं स्थानीय समस्याओं को लेकर मंगलवार को भी डीएम कार्यालय पर जिलाध्यक्ष फूलमती चौधरी की अगुवाई में बेमियादी धरना तीसरे दिन भी जारी रहा। बाद में डीएम को दो सूत्रीय ज्ञापन दिया। इस मौके पर आशा, रेखा, सुनीता, एनएच अजनवी, सुनीता दूबे, ममता चौधरी, उषा गुप्ता, प्रभावती चौधरी, इन्दिरा चौधरी, भाग्मनी दूबे, जोडावती सिंह, सरोज, सुनीता वर्मा, चन्द्रकला शर्मा, इशरावती, नीता देवी, मीरा सिंह, सीमा सिंह, कालिन्दी तिवारी, उर्मिला देवी, गीता जायसवाल, मुन्नी, रामधारी, गंगोत्री, खुशनुमाबानों, ऊषा, कुमुद कुमारी, प्रभावती, विजयनन्दनी, मीना कुमारी, शशिकला, बिन्दू सिंह, मीरा, शीलावती, ऊषा चौधरी, मालती गुप्ता, वीना गौड़, आरती, नीलम पाल, चन्द्रावती सिंह, करूणा देवी, पुष्पा चौधरी सहित अन्य मज्ञेजूद रही।
अमहट पुल को लेकर धरना जारी
बस्ती। अमहट पुल निर्माण की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन क्रमिक सर्वदलीय धरना मंगलवार को भी जारी रहा। सपा के सुरेन्द्र उर्फ छोटे सिंह की अगुवाई में शास्त्री चौक पर माकपा जिला सचिव केके तिवारी, सतिराम, शेषमणि, सियाराम, योगेन्द्र कुमार धरने पर बैठे। धरने को पूर्व विधायक राजमणि पाण्डेय, राजाराम यादव, रविन्द्र यादव, चन्द्रिका यादव, निजामुद्दीन, अजय सिंह, अनिल सिंह, फूलचंद श्रीवास्तव, वृजेन्द्र जायसवाल, मुरलीधर पाण्डेय, विनय उपाध्याय आदि ने सम्बोधित किया। इस मौके पर रामफल यादव, राजाराम यादव उर्फ मुंशी, रामजतन यादव, मो. हासिम, हैदर अली उर्फ पप्पू, मो. शरीफ, जगनेवास सिंह, हजरत बाबा, निर्भय सिंह, पूनम, नीलम, अमृता, मेहीलाल, राम प्रसाद, शिवचरन, राम अचल, श्यामचरन सहित अन्य मौजूद रहे।
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बस्ती।
अपनी नौ मांगें मनवाने के लिए रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद ने फिर हुंकार भरी है। कहा है कि निगम प्रबंधन यदि मांगों पर गौर नहीं करता है तो 25 सितंबर से आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर मंगलवार को रोडवेज परिसर में कर्मचारियों ने धरना दिया। अध्यक्षता तिलकराम दुबे तथा संचालन क्षेत्रीय सदस्य मो. शमीम ने किया। शाखा मंत्री ने कहा कि 30 अगस्त को मंडलीय सम्मेलन में पारित प्रस्तावों पर निगम प्रबंधन और शासन से वार्ता चली। इसमें 18 सितंबर तक निगम प्रबंधन और शासन स्तर से कोई सकारात्मक निर्णय नहीं किया जा सका। इसके कारण यह धरना क्षेत्र के समस्त कार्यशालाओं व डिपोज में किया जा रहा है। डिपो अध्यक्ष कन्हैया सिंह ने कहा कि समय आ गया है कि सभी कर्मचारी एकजुट हों। मांगें मनवाने के लिए आरपार की लड़ाई के लिए तैयार रहें। इस धरने के बाद भी हमारी मांगों पर कोई विचार नहीं किया जाता है तो 25 सितंबर से दूसरे चरण का आंदोलन शुरू किया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी प्रबंधन और शासन की होगी। तिलकराम दुबे ने कहा कि सातवां वेतनमान, संविदाकर्मियों को नियमित व न्यूनतम वेतन, समस्त चालकों व परिचालकों को नहीं दिया जा रहा तो आंदोलन और तीव्र होगा। काय्रक्रम को हरीशचंद्र उपाध्याय, अभिनव श्रीवास्तव, मो. खालिक, रमेश चंद्र, गंगेश्वरी मिश्रा, सुरेश उपाध्याय, अरशद हुसौन, बृजेश सिंह, संजय श्रीवास्तव, पंकज, दीपक, रामसूरत, दिवाकर, पीएन सिंह, शशिकांत, विनोद, वीरसेन, रविंद्र चौधरी, राममणि चौबे व मंत्री राम किशुन आदि ने धरने को संबोधित किया।
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कर्मचारियों की मुख्यमांगें
सातवें वेतनमान का एरियर सहित भुगतान। वेतन विसंगतियों का अविलंब निस्तारण। जुलाई 16 से देय महंगाई भत्ते की किश्त का भुगतान। एसीपी पर लगी रोक हटाई जाए। ड्यूटी के दौरान घायल होने पर संविदा चालकों, परिचालकों की निशुल्क चिकित्सा। मृतक आश्रितों को कम से कम पांच लाख की मदद। सीधी भर्ती के पदों पर नियमित नियुक्तियां आदि।
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संविदाकर्मियों ने अफसरों पर जड़े आरोप
बस्ती।
विद्युत संविदा मजदूर संगठन के लोग छठे दिन भी धरने पर रहे। अधीक्षण अभियंता विद्युत वितरण के कार्यालय परिसर में धरने पर बैठे कर्मचारियों ने मंगलवार को अफसरों पर आरोपों की झड़ी लगा दी। फर्जी तरीके से हुई निविदा निरस्त होने तक आंदोलन की चेतावनी दी है।
धरने की अध्यक्षता कर रहे रमेश चंद्र यादव ने विभागीय अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। कहा कि मोटी रकम लेकर अनुभवहीन ठेकेदारों को टेंडर बांट दिए गए हैं। जबकि प्रांतीय अध्यक्ष आरएस राय ने कहा कि अधीक्षण अभियंता ने मनमानी और नियमों की अनदेखी कर निविदाएं आवंटित की है। इसकी शिकायत अध्यक्ष/ प्रबंध निदेशक से लखनऊ जाकर करेंगे। सभी संविदाकर्मियों को बताया कि अधीक्षण अभियंता से आप सभी की समस्याओं को लेकर वार्ता हुई लेकिन निरर्थक रही। फर्जी तरीके से हुई निविदा जब तक निरस्त नहीं हो जाती तब तक आंदोलन चलता रहेगा। संविदाकर्मियों का आरोप हैं कि अनुरक्षण कार्य के लिए टेंडर श्रम अधि. 1970 के तहत निकाले जाने का आदेश है लेकिन अधि 2009 के तहत फाइनल कर दिया गया। विद्युत मजदूर कल्याण समिति को निविदा न देकर चहेते ठेकेदारों को दे दिया गया। समिति की ओर से लगाए गए कर्मियों से कार्य अबतक लिया जा रहा है। अभय श्रीवास्तव, रामललित चौधरी, जगदंबा उपाध्याय, वीरेंद्र मिश्र, देवेंद्र सहाय आदि ने भी संबोधित किया। बाबूराम शर्मा, रमेशचंद्र यादव, देवेंद्र पांडेय, सूर्य प्रकाश, विजय शुक्ला, रामजनम चौधरी, विजय, वीरेंद्र, अशोक मिश्र, संजय कुमार, मो. अली, राजेंद्र चौधरी, शिवप्रसाद, अशोक चौधरी, अनूप यादव, भगौती प्रसाद आदि शामिल रहे।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का धरना तीसरे दिन भी जारी
बस्ती। आगनबाड़ी कर्मचारी एवं सहायिका एसोसिएशन द्वारा मानदेय वृद्धि एवं स्थानीय समस्याओं को लेकर मंगलवार को भी डीएम कार्यालय पर जिलाध्यक्ष फूलमती चौधरी की अगुवाई में बेमियादी धरना तीसरे दिन भी जारी रहा। बाद में डीएम को दो सूत्रीय ज्ञापन दिया। इस मौके पर आशा, रेखा, सुनीता, एनएच अजनवी, सुनीता दूबे, ममता चौधरी, उषा गुप्ता, प्रभावती चौधरी, इन्दिरा चौधरी, भाग्मनी दूबे, जोडावती सिंह, सरोज, सुनीता वर्मा, चन्द्रकला शर्मा, इशरावती, नीता देवी, मीरा सिंह, सीमा सिंह, कालिन्दी तिवारी, उर्मिला देवी, गीता जायसवाल, मुन्नी, रामधारी, गंगोत्री, खुशनुमाबानों, ऊषा, कुमुद कुमारी, प्रभावती, विजयनन्दनी, मीना कुमारी, शशिकला, बिन्दू सिंह, मीरा, शीलावती, ऊषा चौधरी, मालती गुप्ता, वीना गौड़, आरती, नीलम पाल, चन्द्रावती सिंह, करूणा देवी, पुष्पा चौधरी सहित अन्य मज्ञेजूद रही।
अमहट पुल को लेकर धरना जारी
बस्ती। अमहट पुल निर्माण की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन क्रमिक सर्वदलीय धरना मंगलवार को भी जारी रहा। सपा के सुरेन्द्र उर्फ छोटे सिंह की अगुवाई में शास्त्री चौक पर माकपा जिला सचिव केके तिवारी, सतिराम, शेषमणि, सियाराम, योगेन्द्र कुमार धरने पर बैठे। धरने को पूर्व विधायक राजमणि पाण्डेय, राजाराम यादव, रविन्द्र यादव, चन्द्रिका यादव, निजामुद्दीन, अजय सिंह, अनिल सिंह, फूलचंद श्रीवास्तव, वृजेन्द्र जायसवाल, मुरलीधर पाण्डेय, विनय उपाध्याय आदि ने सम्बोधित किया। इस मौके पर रामफल यादव, राजाराम यादव उर्फ मुंशी, रामजतन यादव, मो. हासिम, हैदर अली उर्फ पप्पू, मो. शरीफ, जगनेवास सिंह, हजरत बाबा, निर्भय सिंह, पूनम, नीलम, अमृता, मेहीलाल, राम प्रसाद, शिवचरन, राम अचल, श्यामचरन सहित अन्य मौजूद रहे।