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आईटीआई के आंगन से विदा हुई 181 बेटियां
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आईटीआई के आंगन से विदा हुई 181 बेटियां
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत आयोजित हुआ कार्यक्रम
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। शहर के आईटीआई परिसर का शनिवार को नजारा ही अलग था। परिसर में विवाह मंडप में सजा हुआ था। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना की रश्म अदायगी हुई। बाबुल बने प्रशासन ने आईटीआई के आंगन से 181 बेटियों को विदा किया। परिसर में ही तीन मुस्लिम बेटियों का भी निकाह हुआ।
शनिवार को कार्यक्रम का शुभारंभ सांसद हरीश द्विवेदी व सीडीओ अरविंद कुमार पांडेय ने जोड़ों को आशीर्वाद देकर किया। इस दौरान 175 जोड़ों ने हिंदू रीति रिवाज से अग्नि को साक्षी मानकर फेरे लिए। कन्या ने वर के गले में जयमाल डाली व वर ने कन्या को मंगलसूत्र व सिंदूर लगाकर जीवन संगिनी के रूप में स्वीकार किया। वहीं तीन मुस्लिम जोड़ों ने निकाह पढ़कर एक दूजे का हाथ थामा। सरकार की ओर से प्रति जोड़ा 51 हजार रुपये की धनराशि खर्च गई। जिसमें 35 हजार रुपये कन्या के खाते में, 10 हजार रुपये के सामान और 6 हजार रुपये शादी के कार्यक्रम के आयोजन के लिए व्यवस्था पर खर्च किए गए।
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मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत आयोजित हुआ कार्यक्रम
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। शहर के आईटीआई परिसर का शनिवार को नजारा ही अलग था। परिसर में विवाह मंडप में सजा हुआ था। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना की रश्म अदायगी हुई। बाबुल बने प्रशासन ने आईटीआई के आंगन से 181 बेटियों को विदा किया। परिसर में ही तीन मुस्लिम बेटियों का भी निकाह हुआ।
शनिवार को कार्यक्रम का शुभारंभ सांसद हरीश द्विवेदी व सीडीओ अरविंद कुमार पांडेय ने जोड़ों को आशीर्वाद देकर किया। इस दौरान 175 जोड़ों ने हिंदू रीति रिवाज से अग्नि को साक्षी मानकर फेरे लिए। कन्या ने वर के गले में जयमाल डाली व वर ने कन्या को मंगलसूत्र व सिंदूर लगाकर जीवन संगिनी के रूप में स्वीकार किया। वहीं तीन मुस्लिम जोड़ों ने निकाह पढ़कर एक दूजे का हाथ थामा। सरकार की ओर से प्रति जोड़ा 51 हजार रुपये की धनराशि खर्च गई। जिसमें 35 हजार रुपये कन्या के खाते में, 10 हजार रुपये के सामान और 6 हजार रुपये शादी के कार्यक्रम के आयोजन के लिए व्यवस्था पर खर्च किए गए।
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