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Bareilly News: अस्पताल गेट पर हंगामा, पीलीभीत बाइपास पर जाम लगाने की कोशिश
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बरेली। पीलीभीत बाइपास के अस्पताल के बाहर आक्रोशित परिजनों ने हंगामा किया और जाम लगाने की कोशिश की। वह पूरनलाल व पवन आदि के घर बुलडोजर चलाने की मांग कर रहे थे। इस विरोध को लेकर शहर में हत्या और बवाल जैसी अफवाह फैल गईं। लोगों ने पुलिस और अखबार के दफ्तरों में कॉल करके सच्चाई पता की।
घटनास्थल पर ही पुष्पेंद्र की मौत होने के संकेत थे पर जान बचाने की कोशिश में पुलिस ने तत्काल ही उसे एंबुलेंस से बरेली भेज दिया। रास्ते में ही मोबाइल पर परिजनों से बात हो गई थी तो उन्होंने नजदीकी अस्पताल ले जाने के लिए कहा। पुलिस ने पीलीभीत बाइपास के एक अस्पताल में डॉक्टरों को दिखाया तो उन्होंने मृत घोषित कर दिया।
तब तक पुष्पेंद्र के परिजन व ग्रामीण आ गए। उन्हें मौत का पता लगा तो उनका गुस्सा बेकाबू हो गया। उन्होंने व्यवस्था के खिलाफ जमकर हंगामा किया और पूरनलाल व हत्यारोपियों को फांसी देने व उनके घरों बुलडोजर चलाने को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। एसएसपी ने वहां सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव को भेजा। उन्होंने परिजनों को समझाया कि वह जो तहरीर देंगे, उसी के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। तब वह मौके से हट गए और शव सील करके मोर्चरी लाया जा सका। अमर उजाला ब्यूरो
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घटनास्थल पर ही पुष्पेंद्र की मौत होने के संकेत थे पर जान बचाने की कोशिश में पुलिस ने तत्काल ही उसे एंबुलेंस से बरेली भेज दिया। रास्ते में ही मोबाइल पर परिजनों से बात हो गई थी तो उन्होंने नजदीकी अस्पताल ले जाने के लिए कहा। पुलिस ने पीलीभीत बाइपास के एक अस्पताल में डॉक्टरों को दिखाया तो उन्होंने मृत घोषित कर दिया।
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तब तक पुष्पेंद्र के परिजन व ग्रामीण आ गए। उन्हें मौत का पता लगा तो उनका गुस्सा बेकाबू हो गया। उन्होंने व्यवस्था के खिलाफ जमकर हंगामा किया और पूरनलाल व हत्यारोपियों को फांसी देने व उनके घरों बुलडोजर चलाने को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। एसएसपी ने वहां सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव को भेजा। उन्होंने परिजनों को समझाया कि वह जो तहरीर देंगे, उसी के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। तब वह मौके से हट गए और शव सील करके मोर्चरी लाया जा सका। अमर उजाला ब्यूरो
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