{"_id":"5dcdaf978ebc3e54e227972b","slug":"train-bareilly-news-bly3839896140","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘स्वच्छ वायु’ एप बताएगा कहां किसने किया प्रदूषण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘स्वच्छ वायु’ एप बताएगा कहां किसने किया प्रदूषण
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। प्रदूषण पर लगाम लगाने को प्रदेश भर में ‘स्वच्छ वायु’ एप लांच किया गया है। गुरुवार से यह एप बरेली में भी शुरू हो गया। साथ ही एप पर दर्ज होेने वाली शिकायतों का निस्तारण करने के लिए नोडल अधिकारी भी तय कर दिए हैं।
सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी के बाद प्रदूषण और पर्यावरण को लेकर सरकार बेहद संवेदनशील है। इसके तहत गुरुवार से ‘स्वच्छ वायु’ एप शुरू किया गया है। यह एप कोई भी डाउनलोड कर प्रदूषण संबंधी शिकायत दर्ज कर सकता है। इसका निस्तारण और दंडात्मक कार्रवाई आदि के लिए नोडल अधिकारी तय किए गए हैं। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कूड़ा जलाने, अवैर्ध इंधन जलाने, सड़क धूल, वाहन से धुंआ प्रदूषण, निर्माण प्रक्रिया और सामग्री आदि से धूल प्रदूषण रोकने को कार्रवाई के दायरे में लिया है। नामित अधिकारी प्रदूषण संबंधी शिकायत मिलने पर उसका निस्तारण और कार्रवाई करेंगे।
प्रदूषण नियंत्रण के नोडल अधिकारी
कूड़ा जलाना संजीव प्रधान, नगर निगम
अवैर्ध इंधन शशि बिंदुकर, पीसीबी
सड़क धूल हरवंश सिंह, लोनिवि
वाहन धुंआ जेपी गुप्ता, एआरटीओ
निर्माण कार्य डीपी तोमर, बीडीए
ई-वेस्ट को जलाना, खुले में तोड़ना है प्रतिबंधित
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने ई-अपशिष्ट प्रबंधन के लिए भी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके तहत फ्रिज, एसी, टीवी, कैमरा, प्रिंटर्स, मोबाइल फोन, कंप्यूटर आदि इलेक्ट्रानिक्स उपकरणों का कचरा निस्तारण भी पंजीकृत रिसाईकलर के माध्यम से किया जाएगा। पीसीबी क्षेत्रीय अधिकारी रोहित सिंह ने बताया कि विभागीय वेबसाइट पर इलेक्ट्रानिक्स कचरा के अधिकृत रिसाईकलरों की सूची मौजूद है। बरेली मंडल में सिर्फ शाहजहांपुर में इसका प्लांट है। उन्होंने बताया कि ई-वेस्ट को जलाना, खुले में तोड़ना, निस्तारण करना आदि प्रतिबंधित है। इसका पालन नहीं करने पर कार्रवाई भी निर्धारित है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी के बाद प्रदूषण और पर्यावरण को लेकर सरकार बेहद संवेदनशील है। इसके तहत गुरुवार से ‘स्वच्छ वायु’ एप शुरू किया गया है। यह एप कोई भी डाउनलोड कर प्रदूषण संबंधी शिकायत दर्ज कर सकता है। इसका निस्तारण और दंडात्मक कार्रवाई आदि के लिए नोडल अधिकारी तय किए गए हैं। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कूड़ा जलाने, अवैर्ध इंधन जलाने, सड़क धूल, वाहन से धुंआ प्रदूषण, निर्माण प्रक्रिया और सामग्री आदि से धूल प्रदूषण रोकने को कार्रवाई के दायरे में लिया है। नामित अधिकारी प्रदूषण संबंधी शिकायत मिलने पर उसका निस्तारण और कार्रवाई करेंगे।
विज्ञापन
प्रदूषण नियंत्रण के नोडल अधिकारी
कूड़ा जलाना संजीव प्रधान, नगर निगम
अवैर्ध इंधन शशि बिंदुकर, पीसीबी
सड़क धूल हरवंश सिंह, लोनिवि
वाहन धुंआ जेपी गुप्ता, एआरटीओ
निर्माण कार्य डीपी तोमर, बीडीए
ई-वेस्ट को जलाना, खुले में तोड़ना है प्रतिबंधित
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने ई-अपशिष्ट प्रबंधन के लिए भी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। इसके तहत फ्रिज, एसी, टीवी, कैमरा, प्रिंटर्स, मोबाइल फोन, कंप्यूटर आदि इलेक्ट्रानिक्स उपकरणों का कचरा निस्तारण भी पंजीकृत रिसाईकलर के माध्यम से किया जाएगा। पीसीबी क्षेत्रीय अधिकारी रोहित सिंह ने बताया कि विभागीय वेबसाइट पर इलेक्ट्रानिक्स कचरा के अधिकृत रिसाईकलरों की सूची मौजूद है। बरेली मंडल में सिर्फ शाहजहांपुर में इसका प्लांट है। उन्होंने बताया कि ई-वेस्ट को जलाना, खुले में तोड़ना, निस्तारण करना आदि प्रतिबंधित है। इसका पालन नहीं करने पर कार्रवाई भी निर्धारित है।
विज्ञापन