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बकरा ले लो आनलाइन
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
Updated Tue, 13 Sep 2016 01:36 AM IST
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बकरीद पर कुरबानी के लिए लोकल बाजार के साथ ऑनलाइन बाजार भी सज गए हैं। जहां आप बकरे ही नहीं बल्कि भैंस और भेंड भी खरीद सकते हैं। इनकी कीमत 18 से 65 हजार रुपये और इससे अधिक है। बरेली के ही कई लोगों ने वेबसाइट पर पशुओं के फोटो अपलोड किए हैं। हालांकि बिक्री को लेकर यहां के लोगों को अभी तक कोई ग्राहक नहीं मिला है।
सैलानी के अनवर ने 5 सितंबर को अपने बकरे को ओएलएक्स पर अपलोड किया। इसकी कीमत दो लाख 786 रुपये तय की। खरीदने के लिए अनवर के पास पुणे और बनारस से फोन भी आए, लेकिन वहां जाकर बेचने की बात के चलते डील नहीं हो सकी। अभी तक अनवर का बकरा नहीं बिका है। श्यामगंज के मोइन बेग ने पहली बार आनलाइन वेबसाइट का उपयोग करके 31 अगस्त को अपने तीन बड़े राजस्थानी बकरों की फोटो बिक्री के लिए अपलोड की। इसकी कीमत 18 हजार रुपये से शुरू हुई है, लेकिन एक भी नहीं बिक सकेे। मोइन बेग ने बताया कि बरेली से तो एक भी कॉल नहीं आई। सभी कॉल अन्य प्रदेश से आई है। ज्यादा कॉल मुंबई और राजस्थान से आई है।
इस डर से दूर हैं अधिकतर खरीददार
बकरीद में सही सलामत बकरे की ही कुर्बानी होती है। शरीर से कमजोर और कोई भी अंग न होने पर कुर्बानी नहीं की जा सकती। ऑनलाइन खरीद में इसका डर है, इसलिए भी अधिकतर खरीददार इससे दूरी बनाए हुए हैं।
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बाहर से भी मंगवा रहे हैं बकरे
चकमहमूद निवासी तसलीम खां ने बताया कि इस बार राजस्थान की नस्ल का बकरा मंगाया है। इसके लिए वेबसाइट से बुकिंग करानी पड़ी। यह बेहद मुनासिब पैसों में मिला है।
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सैलानी के अनवर ने 5 सितंबर को अपने बकरे को ओएलएक्स पर अपलोड किया। इसकी कीमत दो लाख 786 रुपये तय की। खरीदने के लिए अनवर के पास पुणे और बनारस से फोन भी आए, लेकिन वहां जाकर बेचने की बात के चलते डील नहीं हो सकी। अभी तक अनवर का बकरा नहीं बिका है। श्यामगंज के मोइन बेग ने पहली बार आनलाइन वेबसाइट का उपयोग करके 31 अगस्त को अपने तीन बड़े राजस्थानी बकरों की फोटो बिक्री के लिए अपलोड की। इसकी कीमत 18 हजार रुपये से शुरू हुई है, लेकिन एक भी नहीं बिक सकेे। मोइन बेग ने बताया कि बरेली से तो एक भी कॉल नहीं आई। सभी कॉल अन्य प्रदेश से आई है। ज्यादा कॉल मुंबई और राजस्थान से आई है।
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इस डर से दूर हैं अधिकतर खरीददार
बकरीद में सही सलामत बकरे की ही कुर्बानी होती है। शरीर से कमजोर और कोई भी अंग न होने पर कुर्बानी नहीं की जा सकती। ऑनलाइन खरीद में इसका डर है, इसलिए भी अधिकतर खरीददार इससे दूरी बनाए हुए हैं।
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बाहर से भी मंगवा रहे हैं बकरे
चकमहमूद निवासी तसलीम खां ने बताया कि इस बार राजस्थान की नस्ल का बकरा मंगाया है। इसके लिए वेबसाइट से बुकिंग करानी पड़ी। यह बेहद मुनासिब पैसों में मिला है।