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मौतों की रिपोर्ट अपडेट न करने पर घिरी थायरोकेयर को चेतावनी देकर छोड़ा
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कोरोना से हुई 12 मौतों और ढाई सौ संक्रमितों की रिपोर्ट यूपी कोविड पोर्टल पर नहीं की थी अपडेट
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नोटिस पर थायरोकेयर ने दिया जवाब- तकनीकी खामी से हुआ ऐसा
अब हर शाम पांच बजे तक रिपोर्ट पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश
बरेली। करीब ढाई सौ लोगों के कोरोना से संक्रमित होने और 12 लोगों की मौत की रिपोर्ट यूपी कोविड पोर्टल पर अपडेट न करने पर घिरी थायरोकेयर पैथालॉजी को स्वास्थ्य विभाग ने बख्श दिया है। थायरोकेयर ने स्वास्थ्य विभाग के नोटिस के जवाब में तकनीकी खामी को यूपी कोविड पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट न किए जाने की वजह बताया था। स्वास्थ्य विभाग की ओर से दोबारा ऐसी चूक होने पर कार्रवाई की चेतावनी दिए जाने के बाद इस मामले का पटाक्षेप हो गया है।
थायरोकेयर के पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट न करने का मामला तब खुला जब कोरोना की दूसरी लहर थमने के बाद कोरोना से मारे गए लोगों के परिवार के सदस्यों ने मृतक आश्रित कोटे में नियुक्ति या बाल सेवा योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन किया। इन आवेदनों से संबंधित दस्तावेज जब स्वास्थ्य विभाग के पास पहुंचे तो पता चला कि कोरोना से मौत के ये केस पोर्टल पर अपडेट नहीं हैं लिहाजा उनका सत्यापन नहीं हो सकता। इस मामले में डीएम से शिकायत के बाद तत्कालीन सीएमओ डॉ. सुधीर गर्ग ने आईडीएसपी प्रभारी डॉ. मीसम अब्बास को जांच सौंपी थी। जांच में पता चला कि थायरोकेयर ने 12 मृतकों और ढाई सौ संक्रमितों की रिपोर्ट यूपी कोविड पोर्टल पर अपडेट नहीं की।
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आईडीएसपी प्रभारी की जांच रिपोर्ट पर सीएमओ ने कार्रवाई की संस्तुति की थी। तत्कालीन एसीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने थायरोकेयर को नोटिस देकर जवाब मांगा था। थायरोकेयर ने अपने जवाब में बताया कि तकनीकी खामी की वजह से वह यूपी कोविड पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट नहीं कर सकी, हालांकि आईसीएमआर के पोर्टल पर ये सभी रिपोर्ट अपडेट कर दी गई थीं।
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लैब ने दिया प्रमाणपत्र अब नहीं होगी मुश्किल
सीडीओ चंद्र मोहन गर्ग ने थायरोकेयर की चूक पर नाराजगी जताते हुए भविष्य में किसी शिकायत पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। कोविड जांच करने वाली लैब को भी चेतावनी दी गई है। डॉ. मीसम के मुताबिक सीडीओ के निर्देश पर अब आरटीपीसीआर और ट्रूनेट जांच कर रही लैब ऑपरेटरों को हर दिन शाम पांच बजे तक आईडीएसपी कार्यालय में रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा गया है। थायरोकेयर ने सभी मृतकों की रिपोर्ट पर जांच उनकी लैब में होने की पुष्टि के लिए प्रमाण पत्र भी दिया है। लिहाजा अब मृतक के परिजन को समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा।
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नोटिस पर थायरोकेयर ने दिया जवाब- तकनीकी खामी से हुआ ऐसा
अब हर शाम पांच बजे तक रिपोर्ट पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश बरेली। करीब ढाई सौ लोगों के कोरोना से संक्रमित होने और 12 लोगों की मौत की रिपोर्ट यूपी कोविड पोर्टल पर अपडेट न करने पर घिरी थायरोकेयर पैथालॉजी को स्वास्थ्य विभाग ने बख्श दिया है। थायरोकेयर ने स्वास्थ्य विभाग के नोटिस के जवाब में तकनीकी खामी को यूपी कोविड पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट न किए जाने की वजह बताया था। स्वास्थ्य विभाग की ओर से दोबारा ऐसी चूक होने पर कार्रवाई की चेतावनी दिए जाने के बाद इस मामले का पटाक्षेप हो गया है।
थायरोकेयर के पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट न करने का मामला तब खुला जब कोरोना की दूसरी लहर थमने के बाद कोरोना से मारे गए लोगों के परिवार के सदस्यों ने मृतक आश्रित कोटे में नियुक्ति या बाल सेवा योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन किया। इन आवेदनों से संबंधित दस्तावेज जब स्वास्थ्य विभाग के पास पहुंचे तो पता चला कि कोरोना से मौत के ये केस पोर्टल पर अपडेट नहीं हैं लिहाजा उनका सत्यापन नहीं हो सकता। इस मामले में डीएम से शिकायत के बाद तत्कालीन सीएमओ डॉ. सुधीर गर्ग ने आईडीएसपी प्रभारी डॉ. मीसम अब्बास को जांच सौंपी थी। जांच में पता चला कि थायरोकेयर ने 12 मृतकों और ढाई सौ संक्रमितों की रिपोर्ट यूपी कोविड पोर्टल पर अपडेट नहीं की।
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आईडीएसपी प्रभारी की जांच रिपोर्ट पर सीएमओ ने कार्रवाई की संस्तुति की थी। तत्कालीन एसीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने थायरोकेयर को नोटिस देकर जवाब मांगा था। थायरोकेयर ने अपने जवाब में बताया कि तकनीकी खामी की वजह से वह यूपी कोविड पोर्टल पर रिपोर्ट अपडेट नहीं कर सकी, हालांकि आईसीएमआर के पोर्टल पर ये सभी रिपोर्ट अपडेट कर दी गई थीं।
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