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चकबंदी न होने के विरोध में कलेक्ट्रेट पर हंगामा
बरेली
Updated Fri, 15 Jan 2016 01:40 AM IST
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बरेली। गजट होने पर भी अफसरों ने अब तक सैकड़ों गांवों में चकबंदी शुरू नहीं कराई है। इससे काश्तकार सिंचाई के लिए परेशान हैं। बृहस्पतिवार को किसानों ने कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय पर हंगामा कर ज्ञापन सौंपा।
फरीदपुर तहसील में चकबंदी कराने के लिए तत्कालीन डीएम अभिषेक प्रकाश ने छह मार्च, 2013 को एक पत्र लिखकर चकबंदी आयुक्त से फरीदपुर तहसील स्थित 40 गांवों में चकबंदी प्रकिया शुरू कराने का आग्रह किया था। इसके तहत आयुक्त ने 26 मई, 2015 को अधिसूचना जारी कर दी। नौ माह बीतने पर भी अब तक चकबंदी कार्यालय खामोश है। मामले में केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और तत्कालीन लघु उद्योग मंत्री भगवत सरन गंगवार ने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की थी। मंत्री ने लिखा था कि गजनेरा गांव में किसानों को परेशान किया जा रहा है। निजी स्वार्थों के चलते ही चकबंदी नहीं हो रही है, लेकिन चकबंदी विभाग ने सभी आग्रह दरकिनार कर दिए।
बृहस्पतिवार दोपहर ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरकर गजनेरा गांववासी नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। गुस्साए लोगों ने चकबंदी कार्यालय पर हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि गजट होने पर भी जानबूझकर चकबंदी शुरू नहीं हो पा रही है। इससे काश्तकार परेशान है। जमीन इधर-उधर बंटी होने से सिंचाई आदि की समस्या हो रही है। चकबंदी न होने से विकास कार्य ठप हैं। सरकारी भवन भी नहीं बन पा रहे हैं। नदी कटान होने से हानि हो रही है। ग्रामीणों ने डीएम के नाम से ज्ञापन सौंपकर चकबंदी जल्द शुरू कराने की गुहार लगाई है। इस मौके पर कमल कुमार, ज्योति, ताराचंद्र, रामनारायण, धर्मेंद्र कुमार, रजत कुमार, अंजू, रामपाल, स्नेहलता आदि मौजूद रहे।
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फरीदपुर तहसील में चकबंदी कराने के लिए तत्कालीन डीएम अभिषेक प्रकाश ने छह मार्च, 2013 को एक पत्र लिखकर चकबंदी आयुक्त से फरीदपुर तहसील स्थित 40 गांवों में चकबंदी प्रकिया शुरू कराने का आग्रह किया था। इसके तहत आयुक्त ने 26 मई, 2015 को अधिसूचना जारी कर दी। नौ माह बीतने पर भी अब तक चकबंदी कार्यालय खामोश है। मामले में केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और तत्कालीन लघु उद्योग मंत्री भगवत सरन गंगवार ने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की थी। मंत्री ने लिखा था कि गजनेरा गांव में किसानों को परेशान किया जा रहा है। निजी स्वार्थों के चलते ही चकबंदी नहीं हो रही है, लेकिन चकबंदी विभाग ने सभी आग्रह दरकिनार कर दिए।
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बृहस्पतिवार दोपहर ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरकर गजनेरा गांववासी नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। गुस्साए लोगों ने चकबंदी कार्यालय पर हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि गजट होने पर भी जानबूझकर चकबंदी शुरू नहीं हो पा रही है। इससे काश्तकार परेशान है। जमीन इधर-उधर बंटी होने से सिंचाई आदि की समस्या हो रही है। चकबंदी न होने से विकास कार्य ठप हैं। सरकारी भवन भी नहीं बन पा रहे हैं। नदी कटान होने से हानि हो रही है। ग्रामीणों ने डीएम के नाम से ज्ञापन सौंपकर चकबंदी जल्द शुरू कराने की गुहार लगाई है। इस मौके पर कमल कुमार, ज्योति, ताराचंद्र, रामनारायण, धर्मेंद्र कुमार, रजत कुमार, अंजू, रामपाल, स्नेहलता आदि मौजूद रहे।
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