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मेडिकल स्टोर पर बेची जा रही थी अफीम
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एसटीएफ ने पकड़े अफीम तस्कर और उनकी कार।
- फोटो : CITY
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बरेली। एसटीएफ और कोतवाली पुलिस ने थाना भमोरा के गांव आलमपुर जाफराबाद में रहने वाले मेडिकल स्टोर संचालक भानु प्रताप और झारखंड में जिला चतरा थाना मयूरहठ के गांव परौरिया निवासी सुरेंद्र कुमार दांगी को एक किलो अफीम के साथ गिरफ्तार किया है। सुरेंद्र यहां पर भानु प्रताप को अफीम सप्लाई करने आया था। तभी पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया।
एसटीएफ के मुताबिक, भानु प्रताप आलमपुर जाफराबाद में अपने मेडिकल स्टोर से ही अफीम की बिक्री करता है। शुक्रवार रात सुरेंद्र कुमार दांगी उसे अफीम की सप्लाई देने आया था। कोतवाली क्षेत्र स्थित दामोदर स्वरूप सेठ पार्क के पास दोनों एक कार में बैठकर बातें कर रहे थे, तभी उन्हें दबोच लिया गया। कार से एक किलो अफीम भी बरामद हुई। सुरेंद्र दांगी ने बताया कि वह भानु प्रताप के लिए झारखंड से अफीम लेकर आया था। कई बार उसका साथी दीपक सिंह दांगी भी सप्लाई लेकर आता था।
उत्तराखंड तक अफीम बेचता है भानु प्रताप
मेडिकल स्टोर संचालक ने बताया कि दवाई के काम के आड़ में वह लंबे समय से अफीम बेच रहा था। इससे किसी को शक भी नहीं होता है। कई बार वह उत्तराखंड के रुद्रपुर में रोडवेज बस स्टैंड के पास भी अफीम सप्लाई कर चुका है।
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अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 25 लाख
सुरेंद्र सिंह ने एसटीएफ को बताया कि वह खूंटी, झारखंड के जंगल से 70 हजार रुपये किलो की दर से अफीम लाया था, जिसे 1.10 लाख रुपये किलो की दर से भानु प्रताप को बेचा था। मगर एसटीएफ का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब 25 लाख रुपये है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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एसटीएफ के मुताबिक, भानु प्रताप आलमपुर जाफराबाद में अपने मेडिकल स्टोर से ही अफीम की बिक्री करता है। शुक्रवार रात सुरेंद्र कुमार दांगी उसे अफीम की सप्लाई देने आया था। कोतवाली क्षेत्र स्थित दामोदर स्वरूप सेठ पार्क के पास दोनों एक कार में बैठकर बातें कर रहे थे, तभी उन्हें दबोच लिया गया। कार से एक किलो अफीम भी बरामद हुई। सुरेंद्र दांगी ने बताया कि वह भानु प्रताप के लिए झारखंड से अफीम लेकर आया था। कई बार उसका साथी दीपक सिंह दांगी भी सप्लाई लेकर आता था।
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उत्तराखंड तक अफीम बेचता है भानु प्रताप
मेडिकल स्टोर संचालक ने बताया कि दवाई के काम के आड़ में वह लंबे समय से अफीम बेच रहा था। इससे किसी को शक भी नहीं होता है। कई बार वह उत्तराखंड के रुद्रपुर में रोडवेज बस स्टैंड के पास भी अफीम सप्लाई कर चुका है।
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अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 25 लाख
सुरेंद्र सिंह ने एसटीएफ को बताया कि वह खूंटी, झारखंड के जंगल से 70 हजार रुपये किलो की दर से अफीम लाया था, जिसे 1.10 लाख रुपये किलो की दर से भानु प्रताप को बेचा था। मगर एसटीएफ का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब 25 लाख रुपये है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।