{"_id":"665a698a236fecff770a44c9","slug":"minor-brother-and-sister-found-in-train-rs-97-thousand-found-in-polythene-bareilly-news-c-4-bly1015-411990-2024-06-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly: ट्रेन में मिले नाबालिग भाई-बहन, दोनों के पास मिली इतनी रकम... हैरान रह गई जीआरपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly: ट्रेन में मिले नाबालिग भाई-बहन, दोनों के पास मिली इतनी रकम... हैरान रह गई जीआरपी
Sat, 01 Jun 2024 05:51 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Published by: बरेली ब्यूरो
Updated Sat, 01 Jun 2024 05:51 AM IST
सार
अलीगढ़-बरेली पैसेंजर बृहस्पतिवार रात 12:25 बजे जंक्शन पहुंची थी। ट्रेन के एक कोच में दो बच्चे लावारिस हालत में सो रहे थे। मौके पर पहुंची जीआरपी ने दोनों से जानकारी की।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बरेली में जीआरपी ने बृहस्पतिवार रात 04377 अलीगढ़-बरेली पैसेंजर से लावारिस हालत में नाबालिग भाई-बहन को बरामद करने के बाद चाइल्ड लाइन के सुपुर्द कर दिया। इनके पास से मिली एक पॉलीथिन में 97,900 रुपये भी मिले हैं। दोनों बच्चों के पास इतनी रकम देख जीआरपी हैरान रह गई। फिलहाल जीआरपी मामले की जांच कर रही है। चाइल्ड लाइन ने उनके परिवार को सूचना दे दी है।
विज्ञापन
अलीगढ़-बरेली पैसेंजर बृहस्पतिवार रात 12:25 बजे जंक्शन पहुंची थी। ट्रेन के एक कोच में दो बच्चों के सोने की सूचना मिलने पर जीआरपी स्टाफ ने मौके पर पहुंच कर पूछताछ की। लड़की की उम्र नौ और लड़के की करीब सात साल है। लड़की ने बताया कि वह भाई-बहन हैं। अलीगढ़ में रहते हैं।
विज्ञापन
उनके पिता का नाम रहमत और मां का नाम जरीना है। जीआरपी स्टाफ ने इनके हाथ की पॉलीथिन चेक की तो उसमें 97,900 रुपये निकले। बच्चों को जीआरपी थाने लाया गया। लिखा-पढ़ीकर जीआरपी ने रुपये जमा कर लिए। सूचना पर चाइल्ड लाइन की दिव्या और सौरभ आ गए। बच्चों को इनके सुपुर्द कर दिया गया।
विज्ञापन
लड़की बोली- मां ने दिए हैं रुपये
पूछताछ में लड़की ने अपने शिक्षक का मोबाइल नंबर दिया। इस नंबर पर संपर्क कर चाइल्ड लाइन ने बच्चों के परिवार को सूचना दे दी है। लड़की का कहना है कि रुपये उसकी मां ने दिए थे। इंस्पेक्टर जीआरपी अजीत प्रताप सिंह ने बताया कि बच्चों के माता-पिता के बरेली पहुंचने का इंतजार किया जा रहा है। इसके बाद ही पता चल सकेगा कि वह अलीगढ़ से बरेली कैसे पहुंचे और उनके पास इतने रुपये कहां से आए।