UP News: 'अखिलेश यादव मुसलमानों के हितैषी नहीं, किया पक्षपात', सपा मुखिया पर मौलाना शहाबुद्दीन का बड़ा बयान
बरेली के मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि सपा अब मुसलमानों के रहने की जगह नहीं रही। जब से अखिलेश यादव ने पार्टी की कमान संभाली है। मुस्लिम समाज के बड़े नेताओं को हाशिये पर कर दिया गया है।
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ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुफ्ती मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर मुसलमानों से पक्षपात करने का आरोप लगाया है। मौलाना ने कहा कि सपा अब मुसलमानों के रहने की जगह नहीं रही। जब तक मुलायम सिंह यादव नेतृत्व कर रहे थे, उस वक्त तक सपा में मुसलमानों की गुंजाइश थी। वो मुसलमानों के हितैषी थे, मगर जब से उनके बेटे अखिलेश यादव ने पार्टी की कमान संभाली है। उसके बाद मुस्लिम समाज के बड़े नेताओं को हाशिये पर कर दिया गया है।
शहाबुद्दीन ने कहा कि जिन्होंने सपा को अपने खून और पसीने से सींचा था, उन लोगों पर जब मुसीबत के पहाड़ टूटे। जेल में बंद किया गया। उनके मुश्किल वक्त में अखिलेश यादव साथ में खड़े होने से बचते रहे। उन्होंने कहा कि सपा के संस्थापक सदस्य आजम खां ढाई साल सीतापुर की जेल में बंद रहे, मगर अखिलेश यादव ने उनकी हमदर्दी में बयान देना तो दूर की बात वो उस दौरान एक बार भी उनसे मिलने तक नहीं गए।
मुस्लिम नेताओं का नहीं दिया साथ
मौलाना ने कहा कि उतरौला विधायक आरिफ अनवर हाशमी, कानपुर विधायक इरफान सोलंकी और मुरादाबाद व आगरा के विधायकों के साथ भी अखिलेश यादव का रवैया पक्षपात का रहा। इन सपा नेताओं के मुश्किल समय में एक बार भी साथ खड़े नजर नहीं आए, जबकि अखिलेश यादव की बिरादरी के सपा नेता के घर पर पुलिस ने दबिश दी तो तमाम लाव लश्कर लेकर डीजीपी कार्यालय पर धरना देने बैठ गए थे।मौलाना ने कहा कि ऐसे सूरतेहाल में मुसलमान सपा को छोड़ दें, अब ये रहने की जगह नहीं है, दूसरे विकल्पों पर विचार करें। मुसलमानों ने पिछले विधानसभा और लोकसभा में सपा को पूरी ताकत और मजबूती के साथ वोट देकर अखिलेश यादव की इज्जत बचाई, मगर जब भी मुसलमानों को उनकी जरूरत पड़ी तो वो साथ खड़े नजर नहीं आए। इसलिए अब मुसलमानों को दूसरे विकल्प पर विचार करना चाहिए।