फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   farmer killed in bareilly

BAREILLY MURDER : अपशब्द कहने पर मानसिक मंदित किसान को भाला घोंपकर मार डाला

Tue, 05 Jul 2022 02:21 AM IST
बरेली ब्यूरो अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, बरेली
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, बरेली Published by: बरेली ब्यूरो Updated Tue, 05 Jul 2022 02:21 AM IST
सार

पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश कर दी है। परिजन के मुताबिक किसान रामपाल मानसिक रूप से मंदित था। वह अक्सर गांव में लोगों का अपशब्द कह देता था। लेकिन लोग इसपर ध्यान नहीं देते थे।

विज्ञापन
farmer killed in bareilly
मृतक किसान रामपाल। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

खेत से चारा लेकर लौट रहे मानसिक मंदित किसान रामपाल की सिरौली इलाके के गांव धनौरा गौरी में गांव के ही सुनील ने भाला घोंपकर हत्या कर दी। मृतक के बेटे की ओर से रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है।
विज्ञापन


सिरौली के गांव धनौरा गौरी निवासी किसान रामपाल पाली सोमवार सुबह अपने खेत पर चारा लेने गए थे। लौटते समय वह गांव के सुनील पाली के घर के सामने से गुजर रहे थे। उसी समय रामपाल गालियां देने लगे। इस पर सुनील बौखला गया और घर के अंदर से भाला निकाल लाया, जो उसने रामपाल के पेट में मार दिया। भाला लगने से रामपाल वहीं लहूलुहान होकर गिर गए और दम तोड़ दिया। घटना के बाद सुनील मौके से फरार हो गया। गांव वालों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले में मृतक के बेटे की ओर से सुनील के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। परिजन ने बताया कि रामपाल मानसिक मंदित थे। वह अक्सर लोगों को बेवजह गालियां देने लगते थे, लेकिन गांव में कोई भी उनकी बात का बुरा नहीं मानता था। थानाध्यक्ष अश्विनी कुमार ने बताया कि नामजद रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
विज्ञापन


भाई की हत्या के बाद से सुधबुध खो बैठे थे रामपाल
मृतक रामपाल के भाई कृष्णपाल की 15 साल पहले उनकी बिरादरी के ही श्यामपाल ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। ग्रामीण बताते हैं कि रामपाल अपने भाई से बेहद प्यार करते थे। श्यामपाल ने जब कृष्णपाल पर पहली गोली चलाई थी तो भाई को बचाने के लिए रामपाल ने अपना हाथ आगे कर दिया था। जो गोली उनके हाथ में लगी थी। इसके बाद चलाई गई दूसरी गोली उनके भाई को लगी, जिससे उनकी मौत हो गई थी। भाई को न बचा पाने का उन्हें ऐसा सदमा लगा कि वह अपनी सुधबुध खो बैठे। गांव में रहने वाले वाले भाजपा नेता पुष्पेंद्र पांडे, दुष्यंत सिंह, प्रताप सिंह चौहान आदि बताते हैं कि भाई की हत्या के बाद से वह अक्सर राह चलते लोगों को गालियां देने लगते थे। गांव के सभी लोग उनकी मनोस्थिति जानते थे इसलिए कोई भी उनकी बात का बुरा नहीं मानता था। इसके अलावा जिसके यहां मन होता खाना खा लेते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed