{"_id":"6a4ab3a5e8036e7abd083201","slug":"drains-choked-with-silt-roads-broken-for-three-years-bareilly-news-c-4-bly1053-918892-2026-07-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: नाले सिल्ट से भरे, सड़कें तीन साल से टूटीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: नाले सिल्ट से भरे, सड़कें तीन साल से टूटीं
Mon, 06 Jul 2026 01:12 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Mon, 06 Jul 2026 01:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। नगर निगम के वार्ड-44 (मलूकपुर) में साफ-सफाई न होने से नाले सिल्ट से अटे हुए हैं। तीन साल से क्षतिग्रस्त सड़कों का अब तक पुनर्निर्माण नहीं हुआ है। सफाई व्यवस्था निजी हाथों में सौंपने के बाद वार्ड की स्थिति और भी खराब हो गई है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का निस्तारण नहीं किया जा रहा है।
अमर उजाला की ओर से आयोजित वार्ड संवाद में ये दर्द रविवार को स्थानीय लोगों ने साझा किया। यहां रहने वाले सचिन सैनी ने बताया कि सीवर लाइन डालने के बाद ठेकेदार ने पिछले आठ महीनों से सड़क नहीं बनाई है। ऊबड़-खाबड़ रोड से गुजरते समय, कई लोग गिरकर चोटिल हो चुके हैं। स्थानीय पार्षद से कई बार शिकायत की लेकिन समाधान नहीं हुआ।
अनूप रावत ने बताया कि सीवर लाइन भी क्षतिग्रस्त है। इससे सीवर का पानी घरों तक पहुंच जाता है। सत्य प्रकाश आर्य ने बताया कि डाेर-टू-डोर कूड़े उठाने आने वाली गाड़ी नियमित नहीं आती है। आने का कोई समय भी निर्धारित नहीं है। कई नौकरी पेशा लोग सुबह घर बंद करके चले जाते हैं। गाड़ी देरी से आने के चलते इनके घरों का कूड़ा उठाया ही नहीं जाता।
विज्ञापन
सुनील कुमार शर्मा ने बताया कि नालियों में सिल्ट भरी हुई है। 14,500 की आबादी वाले वार्ड में 23 सफाई कर्मचारियों की डयूटी लगाई गई, आते सात से आठ ही हैं। बारिश में इस बार भी मोहल्ला जलभराव से जूझेगा। कहा कि वार्ड की सफाई व्यवस्था जब से प्राइवेट हाथों में आई है, तब से स्थिति और खराब हो गई है। कर्मचारी मनमानी करते हैं।
लालता प्रसाद ने बताया कि गाय, सांड़ दिनभर सड़कों पर घूमते रहते है। वार्ड में कुत्तों व बंदरों का भी आतंक है। कुत्तों से बचने के लिए भागते समय लोग गिरकर चोटिल हो चुके हैं।
-- -- -- -- -- -- -- -
अतिक्रमण के चलते सड़क से निकलना मुश्किल
मलूकपुर वार्ड के एक बड़े हिस्से में 22 फुट चौड़ी सड़क बनी हुई है। मगर, अतिक्रमण के चलते यह संकरी हो गई है। नगर निगम की ओर से अभियान चलाकर कबाड़ी का सामान जब्त किया गया था, अब यहां फिर से कब्जा हो गया है।
साफ-सफाई की स्थिति खराब
वार्ड की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से बदहाल है। सप्ताह में एक-दो दिन ही कूड़ा उठाने वाली गाड़ी आती है। कर्मचारी मनमानी करते हैं। - सुनील शर्मा
तीन साल से वार्ड की कई सड़के खस्ताहाल हैं। इनकी सुध अभी तक किसी ने नहीं ली है। कई बार शिकायत के बाद भी समाधान नहीं हुआ। - लक्ष्य रस्तोगी
पार्षद बोले :
- वार्ड में टूटी सड़कों की समस्या को स्थानीय लोगों की ओर से बताया गया है। रोड बनवाने के लिए निगम को लिखा गया है। जल्द से जल्द काम शुरू कराने का प्रयास रहेगा। - सुमित सैनी, नामित पार्षद
वार्ड में 1.25 करोड़ की लागत से विकास कार्य कराए जा चुके हैं। कई कार्यों के टेंडर भी हो चुके हैं। सफाई कर्मी नियमित आते हैं। जहां सफाई नहीं हुई है, वहां जल्द कर्मचारियों को भेजा जाएगा। - नीरज, पार्षद
विज्ञापन
अमर उजाला की ओर से आयोजित वार्ड संवाद में ये दर्द रविवार को स्थानीय लोगों ने साझा किया। यहां रहने वाले सचिन सैनी ने बताया कि सीवर लाइन डालने के बाद ठेकेदार ने पिछले आठ महीनों से सड़क नहीं बनाई है। ऊबड़-खाबड़ रोड से गुजरते समय, कई लोग गिरकर चोटिल हो चुके हैं। स्थानीय पार्षद से कई बार शिकायत की लेकिन समाधान नहीं हुआ।
विज्ञापन
अनूप रावत ने बताया कि सीवर लाइन भी क्षतिग्रस्त है। इससे सीवर का पानी घरों तक पहुंच जाता है। सत्य प्रकाश आर्य ने बताया कि डाेर-टू-डोर कूड़े उठाने आने वाली गाड़ी नियमित नहीं आती है। आने का कोई समय भी निर्धारित नहीं है। कई नौकरी पेशा लोग सुबह घर बंद करके चले जाते हैं। गाड़ी देरी से आने के चलते इनके घरों का कूड़ा उठाया ही नहीं जाता।
विज्ञापन
सुनील कुमार शर्मा ने बताया कि नालियों में सिल्ट भरी हुई है। 14,500 की आबादी वाले वार्ड में 23 सफाई कर्मचारियों की डयूटी लगाई गई, आते सात से आठ ही हैं। बारिश में इस बार भी मोहल्ला जलभराव से जूझेगा। कहा कि वार्ड की सफाई व्यवस्था जब से प्राइवेट हाथों में आई है, तब से स्थिति और खराब हो गई है। कर्मचारी मनमानी करते हैं।
लालता प्रसाद ने बताया कि गाय, सांड़ दिनभर सड़कों पर घूमते रहते है। वार्ड में कुत्तों व बंदरों का भी आतंक है। कुत्तों से बचने के लिए भागते समय लोग गिरकर चोटिल हो चुके हैं।
अतिक्रमण के चलते सड़क से निकलना मुश्किल
मलूकपुर वार्ड के एक बड़े हिस्से में 22 फुट चौड़ी सड़क बनी हुई है। मगर, अतिक्रमण के चलते यह संकरी हो गई है। नगर निगम की ओर से अभियान चलाकर कबाड़ी का सामान जब्त किया गया था, अब यहां फिर से कब्जा हो गया है।
साफ-सफाई की स्थिति खराब
वार्ड की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से बदहाल है। सप्ताह में एक-दो दिन ही कूड़ा उठाने वाली गाड़ी आती है। कर्मचारी मनमानी करते हैं। - सुनील शर्मा
तीन साल से वार्ड की कई सड़के खस्ताहाल हैं। इनकी सुध अभी तक किसी ने नहीं ली है। कई बार शिकायत के बाद भी समाधान नहीं हुआ। - लक्ष्य रस्तोगी
पार्षद बोले :
- वार्ड में टूटी सड़कों की समस्या को स्थानीय लोगों की ओर से बताया गया है। रोड बनवाने के लिए निगम को लिखा गया है। जल्द से जल्द काम शुरू कराने का प्रयास रहेगा। - सुमित सैनी, नामित पार्षद
वार्ड में 1.25 करोड़ की लागत से विकास कार्य कराए जा चुके हैं। कई कार्यों के टेंडर भी हो चुके हैं। सफाई कर्मी नियमित आते हैं। जहां सफाई नहीं हुई है, वहां जल्द कर्मचारियों को भेजा जाएगा। - नीरज, पार्षद