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अध्यक्ष पद पर डॉ. विमल का कब्जा पागरानी को 85 वोटों से पीछे छोड़ा
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आईएमए की विजेता टीम के साथ नए अध्यक्ष डॉ विमल भारद्वाज।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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डॉ. राजीव तीसरे नंबर पर, अतुल श्रीवास्तव सचिव पर निर्वाचित
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बरेली। आईएमए अध्यक्ष पद के दिलचस्प त्रिकोणीय मुकाबले में डॉ. विमल भारद्वाज अपने कड़े प्रतिद्वंद्वी माने जा रहे डॉ. विनोद पागरानी को 85 वोटों के भारी अंतर से पराजित किया। पिछले चुनाव में सिर्फ एक वोट से हारे डॉ. राजीव अग्रवाल तीसरे नंबर पर खिसक गए। डॉ. अतुल श्रीवास्तव सचिव पद पाने में कामयाब रहे जबकि उपाध्यक्ष के पद पर डॉ. धर्मेंद्रनाथ और डॉ. राजीव गोयल निर्वाचित हुए। रात करीब डेढ़ बजे चुनाव परिणाम की घोषणा के साथ बताया गया कि नई कार्यकारिणी का अधिष्ठापन समारोह 27 सितंबर को होगा। निर्वाचित अध्यक्ष का कार्यकाल अक्तूबर 2021 से प्रभावी होगा।
आईएमए चुनाव के आखिरी दिनों में इस बार डॉक्टरों के बीच सियासत काफी गरम रही। शुक्रवार देर रात एक गुट के आईएमए के नौ नए सदस्य बनाकर वोटों का गणित अपने पक्ष में करने की कोशिश पर तनातनी शुरू हुई जो दूसरे गुट की सख्त आपत्ति के बाद नाकाम हो गई। शनिवार को दूसरे गुट ने भी सहभागिता और चिंतन कार्यक्रम का आयोजन कर वोटों के ध्रुवीकरण की कोशिश की तो आईएमए में फिर हड़कंप मच गया। डॉक्टरों के बीच इसको लेकर दिन भर आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला चला जिसके बाद रात को अचानक इस चिंतन कार्यक्रम को एक डॉक्टर की बर्थडे पार्टी में तब्दील कर दिया गया।
गरमागरमी के इसी माहौल में रविवार सुबह आईएमए के सभी पदों के लिए मतदान हुआ और फिर रात आठ बजे मतगणना शुरू हुई। अध्यक्ष पद के लिए डॉ. विमल भारद्वाज को 277 और डॉ. विनोद पागरानी को 192 वोट मिले। तीसरे नंबर पर रहे डॉ. राजीव अग्रवाल सिर्फ 129 वोट पा सके। बताया जा रहा है कि कुछ ही दिन पहले डॉ. विनोद पागरानी के आईएमए के पूर्व अध्यक्ष डॉ. आईएस तोमर खेमे में चले जाने के बाद बाजी पलट गई और चुनाव में डॉ. विमल का पलड़ा भारी हो गया।
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आईएमए चुनाव के आखिरी दिनों में इस बार डॉक्टरों के बीच सियासत काफी गरम रही। शुक्रवार देर रात एक गुट के आईएमए के नौ नए सदस्य बनाकर वोटों का गणित अपने पक्ष में करने की कोशिश पर तनातनी शुरू हुई जो दूसरे गुट की सख्त आपत्ति के बाद नाकाम हो गई। शनिवार को दूसरे गुट ने भी सहभागिता और चिंतन कार्यक्रम का आयोजन कर वोटों के ध्रुवीकरण की कोशिश की तो आईएमए में फिर हड़कंप मच गया। डॉक्टरों के बीच इसको लेकर दिन भर आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला चला जिसके बाद रात को अचानक इस चिंतन कार्यक्रम को एक डॉक्टर की बर्थडे पार्टी में तब्दील कर दिया गया।
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गरमागरमी के इसी माहौल में रविवार सुबह आईएमए के सभी पदों के लिए मतदान हुआ और फिर रात आठ बजे मतगणना शुरू हुई। अध्यक्ष पद के लिए डॉ. विमल भारद्वाज को 277 और डॉ. विनोद पागरानी को 192 वोट मिले। तीसरे नंबर पर रहे डॉ. राजीव अग्रवाल सिर्फ 129 वोट पा सके। बताया जा रहा है कि कुछ ही दिन पहले डॉ. विनोद पागरानी के आईएमए के पूर्व अध्यक्ष डॉ. आईएस तोमर खेमे में चले जाने के बाद बाजी पलट गई और चुनाव में डॉ. विमल का पलड़ा भारी हो गया।
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