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परचम कुशाई की रस्म से उर्स शराफती का आगाज
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बरेली। हजरत शाह शराफत अली मियां के तीन रोजा उर्स का आगाज बुधवार को परचम कुशाई की रस्म से हो गया। दिन में निकले परचमी जुलूस में दर्जनों गांव कस्बों से बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए। उर्स की शुरुआत के साथ जुलूस के माध्यम से माहे आमदे रबीउल अव्वल का इस्तकबाल भी किया गया।
जुलूस से पहले दरगाह मेहमानखाने में पीरे तरीकत शाह मुहम्मद सकलैन मियां की सरपरस्ती में तकरीरी जलसा हुआ। इसमें डॉ. महमूदुल हसन, मौलाना अनवार मुरादाबादी और मौलाना रिफाकत नईमी ने हजरत शाह शराफत मियां की रूहानी जिंदगी पर रोशनी डाली। नातो मनकबत के कलाम हसीब रौनक सकलैनी, आमिल सकलैनी, आलम सकलैनी, मजहर सकलैनी ने शानदार अंदाज में पेश किए। निजामत अल्हाज मुंतखब अहमद नूर ने किया।
महफिल के बाद सकलैन मियां हुजूर ने झंडा देकर परचमी जुलूस रवाना किया, जो अल्हाज गाजी मियां, अल्हाज मुमताज मियां और अल्हाज मुंतखब मियां की कयादत में निकाला गया। जुलूस ब्रह्मपुरा, कोहाड़ापीर, कुतुबखाना होते हुए मनिहारान गली होकर दरगाह शरीफ पहुंचा। यहां पीरे तरीकत शाह सकलैन मियां ने परचम कुशाई की रस्म अदा करते हुए उर्स के आगाज का एलान किया।
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जुलूस में शामिल होने के लिए रेलवे जंक्शन, मीरगंज, फतेहगंज, महेशपुरा, ठिरिया, फरीदपुर, बहेड़ी, भोजीपुरा, बिधौलिया, शाहजहांपुर और रामपुर आदि से अकीदतमंद पैदल चादरों का जुलूस लेकर पहुंचे और इसमें शामिल हुए। इसके अलावा बानखाना से चादरों का बड़ा जुलूस फैज सकलैनी व मुनीर सकलैनी के नेतृत्व में पहुंचा। इसी तरह शहर के तमाम इलाकों से चादरों के जुलूस भी शामिल हुए।
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जुलूस से पहले दरगाह मेहमानखाने में पीरे तरीकत शाह मुहम्मद सकलैन मियां की सरपरस्ती में तकरीरी जलसा हुआ। इसमें डॉ. महमूदुल हसन, मौलाना अनवार मुरादाबादी और मौलाना रिफाकत नईमी ने हजरत शाह शराफत मियां की रूहानी जिंदगी पर रोशनी डाली। नातो मनकबत के कलाम हसीब रौनक सकलैनी, आमिल सकलैनी, आलम सकलैनी, मजहर सकलैनी ने शानदार अंदाज में पेश किए। निजामत अल्हाज मुंतखब अहमद नूर ने किया।
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महफिल के बाद सकलैन मियां हुजूर ने झंडा देकर परचमी जुलूस रवाना किया, जो अल्हाज गाजी मियां, अल्हाज मुमताज मियां और अल्हाज मुंतखब मियां की कयादत में निकाला गया। जुलूस ब्रह्मपुरा, कोहाड़ापीर, कुतुबखाना होते हुए मनिहारान गली होकर दरगाह शरीफ पहुंचा। यहां पीरे तरीकत शाह सकलैन मियां ने परचम कुशाई की रस्म अदा करते हुए उर्स के आगाज का एलान किया।
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जुलूस में शामिल होने के लिए रेलवे जंक्शन, मीरगंज, फतेहगंज, महेशपुरा, ठिरिया, फरीदपुर, बहेड़ी, भोजीपुरा, बिधौलिया, शाहजहांपुर और रामपुर आदि से अकीदतमंद पैदल चादरों का जुलूस लेकर पहुंचे और इसमें शामिल हुए। इसके अलावा बानखाना से चादरों का बड़ा जुलूस फैज सकलैनी व मुनीर सकलैनी के नेतृत्व में पहुंचा। इसी तरह शहर के तमाम इलाकों से चादरों के जुलूस भी शामिल हुए।