{"_id":"578002dc4f1c1bca497f9c90","slug":"srarf-said-the-idea-came-to-see-serial-crime-patrol","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरार्फ ने कहा, क्राइम पेट्रोल सीरियल देखकर आया आइडिया","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सरार्फ ने कहा, क्राइम पेट्रोल सीरियल देखकर आया आइडिया
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
Updated Sat, 09 Jul 2016 01:15 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भमोरा थाने में दो दिन पहले सर्राफा व्यापारी की ओर से दर्ज कराई गई लूट की घटना झूठी निकली। व्यापारी ने कर्ज से बचने के लिए ड्रामा किया था। शक होने पर पुलिस ने व्यापारी से कड़ी पूछताछ की तो उसने सच उगल दिया।
आंवला थाना क्षेत्र के मोतीपुरा निवासी सौरभ रस्तोगी भमोरा थाना क्षेत्र के सेंधा गांव में सर्राफा की दुकान चलाता है। उसने छह जुलाई को शाम साढ़े आठ बजे चाढ़पुर चौकी पुलिस को सूचना दी कि तीन घंटे पहले लगभग साढ़े पांच बजे बदायूं रोड पर कोहनी गांव के पास चार मोटर साइकिल सवार बदमाशों ने उससे तीन किलो चांदी, 15 ग्राम सोना और 15 हजार रुपये लूट लिये। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। थानाध्यक्ष कृष्ण कुमार यादव ने बताया कि तीन घंटे बाद घटना की सूचना देने पर ही शक हो गया था। सौरभ ने जिस सर्राफ से लूटी गई चांदी लाने की बात बताई, उसने चांदी देने से इंकार कर दिया तो शक पुख्ता हो गया। इसके बाद वह अलग-अलग बयान देने लगा तो उससे कड़ाई से पूछताछ की गई। सौरभ ने सच कबूलते हुए पुलिस को बताया कि सर्राफा के काम में नुकसान होने से उस पर करीब दो लाख रुपये का कर्जा हो गया था। इसके अलावा वह अपने परिवार वालों से भी काफी रुपये ले चुका था। बकौल सौरभ, कर्ज से बचने के लिए उसने लूट का ड्रामा रचा ताकि कर्ज चुकाने को और वक्त मिल सके। सौरभ ने बताया कि उसने कुछ दिन पहले टीवी पर क्राइम पेट्रोल सीरियल देखा था। उसके आधार पर झूठी कहानी बनाई। उसके पिता रामऔतार बीएएमएस चिकित्सक हैं और भाई सीए है। पुलिस ने सौरभ पर झूठा मुकदमा दर्ज कराने की धाराओं में मुकदमा कायम करके जेल भेज दिया है।
विज्ञापन
आंवला थाना क्षेत्र के मोतीपुरा निवासी सौरभ रस्तोगी भमोरा थाना क्षेत्र के सेंधा गांव में सर्राफा की दुकान चलाता है। उसने छह जुलाई को शाम साढ़े आठ बजे चाढ़पुर चौकी पुलिस को सूचना दी कि तीन घंटे पहले लगभग साढ़े पांच बजे बदायूं रोड पर कोहनी गांव के पास चार मोटर साइकिल सवार बदमाशों ने उससे तीन किलो चांदी, 15 ग्राम सोना और 15 हजार रुपये लूट लिये। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। थानाध्यक्ष कृष्ण कुमार यादव ने बताया कि तीन घंटे बाद घटना की सूचना देने पर ही शक हो गया था। सौरभ ने जिस सर्राफ से लूटी गई चांदी लाने की बात बताई, उसने चांदी देने से इंकार कर दिया तो शक पुख्ता हो गया। इसके बाद वह अलग-अलग बयान देने लगा तो उससे कड़ाई से पूछताछ की गई। सौरभ ने सच कबूलते हुए पुलिस को बताया कि सर्राफा के काम में नुकसान होने से उस पर करीब दो लाख रुपये का कर्जा हो गया था। इसके अलावा वह अपने परिवार वालों से भी काफी रुपये ले चुका था। बकौल सौरभ, कर्ज से बचने के लिए उसने लूट का ड्रामा रचा ताकि कर्ज चुकाने को और वक्त मिल सके। सौरभ ने बताया कि उसने कुछ दिन पहले टीवी पर क्राइम पेट्रोल सीरियल देखा था। उसके आधार पर झूठी कहानी बनाई। उसके पिता रामऔतार बीएएमएस चिकित्सक हैं और भाई सीए है। पुलिस ने सौरभ पर झूठा मुकदमा दर्ज कराने की धाराओं में मुकदमा कायम करके जेल भेज दिया है।
विज्ञापन