आखिर देवर के आंसुओं से पसीज गया भाभी का दिल
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बदायूं रोड पर रहने वाली एक महिला ने पांच महीने पहले कोर्ट के आदेश के जरिये अपने छोटे देवर के खिलाफ बलात्कार का मुकदमा लिखाया था। पुलिस महिला का मेडिकल कराने के बाद कोर्ट में उसका बयान कराने के लिए तलाशती रही लेकिन वह नहीं मिली। दो दिन पहले महिला अचानक अफसरों से मिलकर विवेचक के पास पहुंची तो वह आरोपी को उठा लाए। विवेचक ने महिला को मेडिकल कराने के लिए जिला अस्पताल भेजा तो उसने इनकार कर दिया। इस पर महिला सिपाही उसे बैरंग लौटा लाईं। महिला थाने आई तो देवर उसके पैरों पर गिरकर गिड़गिड़ाने लगा। कहने लगा भाभी मुझे माफ कर दो, जेल मत भिजवाओ। मेरे छोटे-छोटे बच्चे भूखों मर जाएंगे। उसने पट्टे में मिली जमीन में से एक बीघा जमीन भी उसे दे देने का वायदा किया। महिला को विवेचक ने बुधवार को फिर मेडिकल के लिए अस्पताल भेजा तो उसने डॉक्टरों से मना करते हुए यह लिखकर दे दिया कि उसके साथ किसी ने बलात्कार नहीं किया है। विवेचक राजू राव ने बताया कि महिला की आरोपी ने गांव में पिटाई कर दी थी। वह इसी बात पर गुस्सा थी। देवर के माफी मांगने पर उसने उसे माफ कर दिया लेकिन वह कोर्ट में पीड़िता का बयान कराएंगे।