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बेकाबू वैन तालाब में गिरी, बच्चे की मौत
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बेकाबू वैन तालाब में गिरी, बच्चे की मौत
- फोटो : अमर उजाला, बरेली
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फरीदपुर (बरेली)। बरेली-सीतापुर हाईवे पर शनिवार रात एक और हादसा हो गया। तेज रफ्तार मारुति वैन फरीदपुर कस्बे के पास अनियंत्रित होकर तालाब में पलट गई। वैन में सवार दंपति और उनका दो साल का बेटा डूबने लगा। मौके पर मौजूद लोगों ने दंपति को बचा लिया, लेकिन बेटे की मौत हो गई।
फरीदपुर कस्बा के मोहल्ला परा निवासी विपिन कुमार शनिवार रात करीब 11 बजे पत्नी रेनू सक्सेना और दो साल के बेटे आयुष के साथ वैन में घूमने के इरादे से बरेली की ओर निकले। नेशनल हाईवे स्थित एक एक ढाबे पर तीनों ने खाना खाया। रात करीब 11:30 बजे विपिन पत्नी और बेटे समेत घर लौट रहे थे। फरीदपुर कस्बे से सटा खजुआ तालाब है। लौटते समय वैन अचानक बेकाबू होकर रोड से नीचे जाकर तालाब में पलट गई।
आसपास के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे और वैन में फंसे विपिन और रेनू को पिछला शीशा तोड़कर बाहर निकाला। दोनों जख्मी हो गए। वैन पलटते समय दो साल का बेटा रेनू की गोद से उछलकर तालाब में जा गिरा और डूब गया। लोग काफी देर तक तालाब में बच्चे को तलाशते रहे, लेकिन सफलता नहीं मिली। रविवार सुबह रामगंगा से बुलाए गए पंखियों ने आयुष को तलाशा, लेकिन जलकुंभी के कारण पता नहीं लगा। बाद में आयुष जलकुंभी के बीच बेसुध मिला। परिवार वाले उसे लेकर डॉक्टर के पास गए, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
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तालाब किनारे नहीं हैं सुरक्षा के इंतजाम
फरीदपुर। नेशनल हाईवे किनारे फरीदपुर कस्बे से सटा हुआ गहरा तालाब है। हाईवे पर व्यस्त ट्रैफिक रहने के बावजूद तालाब कोई सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए। तालाब किनारे हाईवे पर न संकेत लगाए गए और न ही रेलिंग लगाई गई। यहां सुरक्षा के बारे में कभी न नगर पालिका ने सोचा और न ही एनएचआई ने।
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फरीदपुर कस्बा के मोहल्ला परा निवासी विपिन कुमार शनिवार रात करीब 11 बजे पत्नी रेनू सक्सेना और दो साल के बेटे आयुष के साथ वैन में घूमने के इरादे से बरेली की ओर निकले। नेशनल हाईवे स्थित एक एक ढाबे पर तीनों ने खाना खाया। रात करीब 11:30 बजे विपिन पत्नी और बेटे समेत घर लौट रहे थे। फरीदपुर कस्बे से सटा खजुआ तालाब है। लौटते समय वैन अचानक बेकाबू होकर रोड से नीचे जाकर तालाब में पलट गई।
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आसपास के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे और वैन में फंसे विपिन और रेनू को पिछला शीशा तोड़कर बाहर निकाला। दोनों जख्मी हो गए। वैन पलटते समय दो साल का बेटा रेनू की गोद से उछलकर तालाब में जा गिरा और डूब गया। लोग काफी देर तक तालाब में बच्चे को तलाशते रहे, लेकिन सफलता नहीं मिली। रविवार सुबह रामगंगा से बुलाए गए पंखियों ने आयुष को तलाशा, लेकिन जलकुंभी के कारण पता नहीं लगा। बाद में आयुष जलकुंभी के बीच बेसुध मिला। परिवार वाले उसे लेकर डॉक्टर के पास गए, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
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तालाब किनारे नहीं हैं सुरक्षा के इंतजाम
फरीदपुर। नेशनल हाईवे किनारे फरीदपुर कस्बे से सटा हुआ गहरा तालाब है। हाईवे पर व्यस्त ट्रैफिक रहने के बावजूद तालाब कोई सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए। तालाब किनारे हाईवे पर न संकेत लगाए गए और न ही रेलिंग लगाई गई। यहां सुरक्षा के बारे में कभी न नगर पालिका ने सोचा और न ही एनएचआई ने।