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संयमित जीवन जीने की प्रेरणा देते हैं 119 साल के महंत सिद्धेश्वर गिरी
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संयमित जीवन जीने की प्रेरणा देते हैं 119 साल के महंत सिद्धेश्वर गिरी
- फोटो : अमर उजाला, बरेली
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पीलीभीत के बिलसंडा के गौरी शंकर महादेव मंदिर में हैं महंत
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बरेली। कहते हैं कि लंबी आयु के लिए सात्विक भोजन खाओ, ब्रह्मचर्य का पालन करो और लंबा चलो। हालांकि यह हर किसी पर नहीं कुछ बिरलों पर ही फिट बैठती है। इन्हीं में से एक नाम है महंत सिद्धेश्वर गिरी, जो अपनी उम्र 119 होने का दावा कर रहे हैं।
सिद्धेश्वर गिरी पीलीभीत के बिलसंडा में गौरी शंकर महादेव मंदिर में महंत हैं। उनकी दिनचर्या सुबह दो बजे से ही शुरू हो जाती है। दैनिक कार्यों से निवृत्त होेने बाद मंदिर के कपाट ब्रह्म मुहूर्त में ही खुलवा देते हैं। इसके बाद भक्तों का मंदिर परिसर में आनाजाना शुरू हो जाता। इस दौरान वह भक्तों की पीड़ा के उपाय भी सुझाते हैं। ऐसा वह सालों से करते आ रहे हैं।
करीब तीन माह पहले पैर फिसल जाने के कारण उनके कमर और पैर में फ्रैक्चर आ गया था, जिसका इलाज शहर में डॉ. ब्रजेश्वर सिंह कर रहे हैं। उम्र के इस पड़ाव में महंत का उत्साह देखकर डॉ. ब्रजेश्वर की पूरी टीम उत्साहित है। मंदिर परिसर में उनकी देखरेख की जिम्मेदारी रामसिंह वर्मा, नन्हे वर्मा, देवकी मुनीम, हरि वर्मा आदि उठा रहे हैं।
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सिद्धेश्वर गिरी पीलीभीत के बिलसंडा में गौरी शंकर महादेव मंदिर में महंत हैं। उनकी दिनचर्या सुबह दो बजे से ही शुरू हो जाती है। दैनिक कार्यों से निवृत्त होेने बाद मंदिर के कपाट ब्रह्म मुहूर्त में ही खुलवा देते हैं। इसके बाद भक्तों का मंदिर परिसर में आनाजाना शुरू हो जाता। इस दौरान वह भक्तों की पीड़ा के उपाय भी सुझाते हैं। ऐसा वह सालों से करते आ रहे हैं।
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करीब तीन माह पहले पैर फिसल जाने के कारण उनके कमर और पैर में फ्रैक्चर आ गया था, जिसका इलाज शहर में डॉ. ब्रजेश्वर सिंह कर रहे हैं। उम्र के इस पड़ाव में महंत का उत्साह देखकर डॉ. ब्रजेश्वर की पूरी टीम उत्साहित है। मंदिर परिसर में उनकी देखरेख की जिम्मेदारी रामसिंह वर्मा, नन्हे वर्मा, देवकी मुनीम, हरि वर्मा आदि उठा रहे हैं।
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