{"_id":"5d6ac4888ebc3e016a18049a","slug":"civic-amenities-bareilly-news-bly374372415","type":"story","status":"publish","title_hn":"टीम गई तो दौड़े अफसर, एसटीपी के लिए रजऊ में देखी गई जमीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टीम गई तो दौड़े अफसर, एसटीपी के लिए रजऊ में देखी गई जमीन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। नमामि गंगे योजना के तहत शहर में एसटीपी लगाने को अब तक जमीनें नहीं मिल सकी हैं। गंगा मॉनिटरिंग कमेटी की नाराजगी के बाद शनिवार को जल निगम और तहसील की टीम ने रजऊ परसपुर में एसटीपी के लिए जमीन देखी।
नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत गंगा को शुद्ध बनाने की कवायद चल रही है। इसके तहत गंगा की सहायक नदियाें में गिरने वाले शहर के नालों के पानी को भी शुद्ध करना है, जिसके चलते नमामि गंगे प्रोजेक्ट में शहर के चारों ओर चार सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाए जाने हैं, लेकिन इनके लिए अब तक जमीन की तलाश पूरी नहीं हो सकी है। कुछ जमीनें बताई गईं, लेकिन विवाद के चलते उनका चयन नहीं हो सका। अब जिला प्रशासन ने रजऊ परसपुर में एसटीपी लगाने के लिए एक जमीन का प्रस्ताव दिया है। इसके तहत ही जल निगम के एक्सईएन संजय कुमार ने शनिवार को तहसील टीम के साथ इस जमीन का निरीक्षण किया।
विज्ञापन
नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत गंगा को शुद्ध बनाने की कवायद चल रही है। इसके तहत गंगा की सहायक नदियाें में गिरने वाले शहर के नालों के पानी को भी शुद्ध करना है, जिसके चलते नमामि गंगे प्रोजेक्ट में शहर के चारों ओर चार सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाए जाने हैं, लेकिन इनके लिए अब तक जमीन की तलाश पूरी नहीं हो सकी है। कुछ जमीनें बताई गईं, लेकिन विवाद के चलते उनका चयन नहीं हो सका। अब जिला प्रशासन ने रजऊ परसपुर में एसटीपी लगाने के लिए एक जमीन का प्रस्ताव दिया है। इसके तहत ही जल निगम के एक्सईएन संजय कुमार ने शनिवार को तहसील टीम के साथ इस जमीन का निरीक्षण किया।
विज्ञापन