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Bareilly News: निजी कार्य के लिए सरकारी गाड़ी ले गए नगर स्वास्थ्य अधिकारी, अब होगी जांच
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बरेली। उप नगर स्वास्थ्य अधिकारी को आवंटित अनुबंधित गाड़ी नगर स्वास्थ्य अधिकारी अपने निजी कार्य के लिए पिछले दिनों लेकर गए थे। वह चार दिन बाद लौटे। उन चार दिनों के खर्चे का बिल अनुबंधित गाड़ी के मालिक ने पास कराना चाहा तो नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने इन्कार कर दिया। इसलिए मामले की शिकायत नगर आयुक्त से की गई है। नगर आयुक्त ने मामले की जांच शुरू करवा दी है।
उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नैन सिंह को आवंटित अनुबंधित गाड़ी का प्रतिमाह किराया 16.6 हजार रुपये है। इस गाड़ी को बिना किसी को सूचना दिए नगर स्वास्थ्य अधिकरी डा. भानू प्रकाश आठ फरवरी को बुलंदशहर और गाजियाबाद ले गए। उसके बाद गाजियाबाद से मुजफ्फरनगर गए। वहां से वह 11 फरवरी को बरेली आए। चार दिनों में वह गाड़ी 695 किलोमीटर चली। गाड़ी मालिक ने इसका बिल 8800 रुपये का बनाया। उस बिल को पास करवाने के लिए वह उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी के पास गया। उन्होंने उसे नगर स्वास्थ्य अधिकारी के पास भेज दिया। उन्होंने बिल पास करने से इन्कार कर दिया। आरोप है कि इससे पहले भी वह दो बार पूर्णांगिरी धाम और एक बार लखनऊ व प्रयागराज गाड़ी को जा चुके हैं। बिल पास न होने पर गाड़ी मालिक ने इसकी शिकायत नगर आयुक्त से कर दी है।
सरकारी ड्राइवर तक नहीं था साथ
गाड़ी कब जिले से बाहर गई, इसकी सूचना नाजिर को नहीं थी। जिस सरकारी ड्राइवर को उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी की गाड़ी के लिए लगाया गया था, उसे भी साथ नहीं ले जाया गया। उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नैन सिंह ने कहा कि मुझे जानकारी नहीं है कि कौन ड्राइवर गया था।
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यह है नियम
अधिकारी को आवंटित गाड़ी केवल सरकारी कार्य के लिए होती है। वह जहां जाते हैं, उसका रिकार्ड विभाग के लॉगबुक में दर्ज होता है। लेकिन इसका पाल नहीं किया गया है। बिना सूचना के निजी कार्य से सरकारी गाड़ी ले जाने पर अगर कोई हादसा होता है तो निलंबन और बर्खास्तगी तक की कार्रवाई हो सकती है।
गाड़ी का किराया फिक्स है
नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. भानू प्रकाश ने कहा कि उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी से पूछेंगे कि गाड़ी कहां गई थी। कहा कि गाड़ी मासिक किराया फिक्स है, वह तो उसको दिया जा रहा है। कांट्रेक्ट में कहीं नहीं लिखा कि गाड़ी बाहर नहीं जा सकती।
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- एनएसए गाड़ी लेकर गए थे, उन्हें बताना होगा कि गाड़ी कौन लेकर गया है। अगर निजी काम से गाड़ी बिना बताए लेकर गए हैं तो बिल का भुगतान तो करना ही चाहिए। यह जांच का भी विषय है। सरकारी वाहन को निजी कार्य से नहीं ले जा सकते हैं। जांच के बाद जो भी जरूरी कार्रवाई होगी, की जाएगी।
- संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त
संवाद
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उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नैन सिंह को आवंटित अनुबंधित गाड़ी का प्रतिमाह किराया 16.6 हजार रुपये है। इस गाड़ी को बिना किसी को सूचना दिए नगर स्वास्थ्य अधिकरी डा. भानू प्रकाश आठ फरवरी को बुलंदशहर और गाजियाबाद ले गए। उसके बाद गाजियाबाद से मुजफ्फरनगर गए। वहां से वह 11 फरवरी को बरेली आए। चार दिनों में वह गाड़ी 695 किलोमीटर चली। गाड़ी मालिक ने इसका बिल 8800 रुपये का बनाया। उस बिल को पास करवाने के लिए वह उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी के पास गया। उन्होंने उसे नगर स्वास्थ्य अधिकारी के पास भेज दिया। उन्होंने बिल पास करने से इन्कार कर दिया। आरोप है कि इससे पहले भी वह दो बार पूर्णांगिरी धाम और एक बार लखनऊ व प्रयागराज गाड़ी को जा चुके हैं। बिल पास न होने पर गाड़ी मालिक ने इसकी शिकायत नगर आयुक्त से कर दी है।
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सरकारी ड्राइवर तक नहीं था साथ
गाड़ी कब जिले से बाहर गई, इसकी सूचना नाजिर को नहीं थी। जिस सरकारी ड्राइवर को उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी की गाड़ी के लिए लगाया गया था, उसे भी साथ नहीं ले जाया गया। उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नैन सिंह ने कहा कि मुझे जानकारी नहीं है कि कौन ड्राइवर गया था।
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यह है नियम
अधिकारी को आवंटित गाड़ी केवल सरकारी कार्य के लिए होती है। वह जहां जाते हैं, उसका रिकार्ड विभाग के लॉगबुक में दर्ज होता है। लेकिन इसका पाल नहीं किया गया है। बिना सूचना के निजी कार्य से सरकारी गाड़ी ले जाने पर अगर कोई हादसा होता है तो निलंबन और बर्खास्तगी तक की कार्रवाई हो सकती है।
गाड़ी का किराया फिक्स है
नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. भानू प्रकाश ने कहा कि उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी से पूछेंगे कि गाड़ी कहां गई थी। कहा कि गाड़ी मासिक किराया फिक्स है, वह तो उसको दिया जा रहा है। कांट्रेक्ट में कहीं नहीं लिखा कि गाड़ी बाहर नहीं जा सकती।
- एनएसए गाड़ी लेकर गए थे, उन्हें बताना होगा कि गाड़ी कौन लेकर गया है। अगर निजी काम से गाड़ी बिना बताए लेकर गए हैं तो बिल का भुगतान तो करना ही चाहिए। यह जांच का भी विषय है। सरकारी वाहन को निजी कार्य से नहीं ले जा सकते हैं। जांच के बाद जो भी जरूरी कार्रवाई होगी, की जाएगी।
- संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त
संवाद