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Bareilly News: 98 विद्यालयों में सिर्फ एक शिक्षक संभाल रहे जिम्मेदारी
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बरेली। समायोजन के बाद कई परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों की कमी हो गई है। जिले के 98 विद्यालयों में सिर्फ एक-एक शिक्षकों की ही तैनाती है। इसमें से आठ विद्यालय ऐसे हैं, जहां 100 से अधिक छात्र पंजीकृत हैं, जबकि विभाग की ओर जूनियर में 35 बच्चों पर एक शिक्षक और प्राथमिक में 30 बच्चों पर एक अध्यापक की तैनाती का नियम है। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
नगर क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय पीरबहोड़ा में 157 विद्यार्थियों पर मात्र एक शिक्षक की तैनाती है। उच्च प्राथमिक विद्यालय कोहाड़ापीर में 107 बच्चों को पढ़ाने की जिम्मेदारी केवल एक शिक्षक के कंधे पर है। प्राथमिक विद्यालय फरीदपुर में 189, उच्च प्राथमिक विद्यालय परा में 151 और मिरधान में 233 विद्यार्थियों पर सिर्फ एक ही शिक्षक कार्यरत हैं।
मझगवां के उच्च प्राथमिक विद्यालय गुरगांव में 166, रामनगर के उच्च प्राथमिक विद्यालय मनौना में 123 और शेरगढ़ के उच्च प्राथमिक विद्यालय कसबापुर में 107 विद्यार्थियों के सापेक्ष मात्र एक ही शिक्षक मौजूद हैं। इन विद्यालयों में बच्चों की पढ़ाई और पाठ्यक्रम पूरा कराने को लेकर गंभीर संकट खड़ा हो गया है। बीएसए डॉ. विनीता ने बताया कि नगर क्षेत्र में शिक्षकों की कमी काफी समय से चली आ रही है। यहां पर शासन स्तर से ही शिक्षकों के तबादले किए जा सकते हैं।
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नगर क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय पीरबहोड़ा में 157 विद्यार्थियों पर मात्र एक शिक्षक की तैनाती है। उच्च प्राथमिक विद्यालय कोहाड़ापीर में 107 बच्चों को पढ़ाने की जिम्मेदारी केवल एक शिक्षक के कंधे पर है। प्राथमिक विद्यालय फरीदपुर में 189, उच्च प्राथमिक विद्यालय परा में 151 और मिरधान में 233 विद्यार्थियों पर सिर्फ एक ही शिक्षक कार्यरत हैं।
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मझगवां के उच्च प्राथमिक विद्यालय गुरगांव में 166, रामनगर के उच्च प्राथमिक विद्यालय मनौना में 123 और शेरगढ़ के उच्च प्राथमिक विद्यालय कसबापुर में 107 विद्यार्थियों के सापेक्ष मात्र एक ही शिक्षक मौजूद हैं। इन विद्यालयों में बच्चों की पढ़ाई और पाठ्यक्रम पूरा कराने को लेकर गंभीर संकट खड़ा हो गया है। बीएसए डॉ. विनीता ने बताया कि नगर क्षेत्र में शिक्षकों की कमी काफी समय से चली आ रही है। यहां पर शासन स्तर से ही शिक्षकों के तबादले किए जा सकते हैं।
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