फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   50 percent from the dream of becoming PCS edge

पीसीएस बनने के सपने से 50 फीसदी ने किया किनारा

Mon, 25 Sep 2017 01:40 AM IST
बरेली
बरेली Updated Mon, 25 Sep 2017 01:40 AM IST
विज्ञापन
अफसर बनने का ख्वाब संजोने वाले आधे से ज्यादा अभ्यर्थियों ने पहले ही पड़ाव पर अपनी उम्मीदों से किनारा कर लिया। रविवार को शहर के 39 केंद्रों पर हुई उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की पीसीएस प्री की परीक्षा में पचास फीसदी से ज्यादा अभ्यर्थी शामिल नहीं हुए। दो पालियों में हुई परीक्षा में जिले में 13052 पंजीकृत थे जिसमें 6192 ही परीक्षा में शामिल हुए। 6860 ने परीक्षा छोड़ दी। यानी परीक्षा में 47.44 फीसदी अभ्यर्थी ही शामिल हुए।
विज्ञापन

सुबह की पाली की परीक्षा 9.30 से 11.30 बजे तक हुई। सुबह से ही अभ्यर्थी के केंद्रों पर पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। दूसरी पाली परीक्षा अपराह्न 2.30 से 4.30 बजे तक हुई। जिला प्रशासन की निगरानी में हुई परीक्षा शांति पूर्वक निपटी। एडीएम सिटी ओपी वर्मा ने बताया कि सभी केंद्रों पर कड़ी निगरानी की व्यवस्था की गई थी। कहीं से कोई गड़बड़ी की शिकायत नहीं आई। परीक्षा शांतिपूर्वक निपटी।
विज्ञापन


पूछे गए सरकार की योजनाओं से जुड़े कई सवाल
पीसीएस प्री परीक्षा में सामान्य ज्ञान में ज्यादातर सरकारी योजनाओं से जुड़े सवाली पूछे गए। सामान्य ज्ञान में पर्यावरण, राजनीति, इतिहास, भूगोल आदि विषयों से जुड़े प्रश्न थे। इसमें स्वदेश दर्शन योजना की शुरुआत, बाल विकास सेवा योजना, स्टार्टअप्स, संघ सरकार के बजट जैसे कई सवाल योजनाओं पर थे। अभ्यर्थियों का कहना था कि पिछले सालों के मुकाबले इस बार पेपर कठिन था। सिविल सर्विस एप्टीट्यूड टेस्ट (सीसैट) के पेपर ने अभ्यर्थियों के पसीने छुड़ा दिए। सामान्य ज्ञान के कुल 150 सवाल पूछे गए।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसलिए छोड़ देते हैं परीक्षा
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के सदस्य रहे चुके और बरेली कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. सोमेश यादव ने कहते हैं कि ज्यादातर अभ्यर्थी एक साथ कई-कई परीक्षाओं की तैयारी कर रहे होते हैं। कई सालों से देखा जा रहा है कि पीसीएस की परीक्षाओं में पचास फीसदी ही अभ्यर्थी शामिल होते हैं। एक कारण यह भी है कि काफी छात्र तो सिर्फ दिखावे के लिए पीसीएस या आईएएस का फार्म भरते हैं। तैयारी करते नहीं और स्टेटस सिंबल बनाकर रखते हैं कि पीसीएम या आईएएस की तैयारी कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed