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गंदे टायलेट, दुर्गंध ने बरेली जंक्शन को फिसड्डी बनाया
Updated Wed, 15 Aug 2018 01:03 AM IST
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देशभर के 407 क्लास ‘ए’ और ‘ए वन’ रेलवे स्टेशनों में हुए स्वच्छता सर्वे में बरेली जंक्शन 244 रैंक से आगे नहीं बढ़ सका, जबकि इससे बेहतर रैंक शाहजहांपुर (199) को मिली है। सर्वे रिपोर्ट में यात्रियों का फीडबैक अधिकारियों के दावों की पोल खोलने वाला है। यात्रियों ने सर्वे में कहा है कि स्टेशन का प्लेटफार्म चमकाना काफी नहीं, प्लेटफार्म के नीचे फैली गंदगी से दुर्गंध आती है। प्लेटफार्म पर टायलेट नहीं है, पे एंड यूज टायलेट गंदा है। ऑनलाइन जारी सर्वे रिपोर्ट में बरेली जंक्शन पर सिर्फ 22 फीसदी यात्रियों ने कहा कि प्लेटफार्म पर सफाई करने वाला स्टाफ यूनिफार्म में होता है। कचरा के खिलाफ स्टाफ की सक्रियता पर भी 22 फीसदी यात्रियों ने सकारात्मक टिप्पणी दी।
मुरादाबाद जोन के ‘ए वन’ श्रेणी के स्टेशन बरेली को 1000 अंक में सिर्फ 624 ही मिले हैं। केंद्रीय रेल मंत्रालय के निर्देशन में 29 मार्च को आई स्वच्छता सर्वे की टीम ने यात्रियों और स्टाफ से फीडबैक लिया था। सर्वे के मुताबिक वेटिंग रूम, टायलेट और यात्रियों के आने-जाने वाले हिस्सों में स्वच्छता संबंधित शिकायतों के सवाल पर 25 फीसदी स्टाफ ने कहा कि यहां गंदगी की शिकायतें आती हैं। सीसी कैमरों से सफाई के कामों की मॉनीटरिंग नहीं की जाती। रिपोर्ट में ट्रेनों में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, जंक्शन में वेस्ट मैनेजमेंट ठीक नहीं मिला। सर्कुलेटिंग एरिया में सफाई ठीक नहीं मिली थी। वीआईपी गाड़ियों का आवागमन संभालने वाला प्लेटफार्म नंबर एक का शेड जीआरपी थाने के सामने से तीन जगह से टूटा हुआ है। बारिश में यहां पानी गिरता है, जिससे यात्रियों को परेशानी होती है।
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मुरादाबाद जोन के ‘ए वन’ श्रेणी के स्टेशन बरेली को 1000 अंक में सिर्फ 624 ही मिले हैं। केंद्रीय रेल मंत्रालय के निर्देशन में 29 मार्च को आई स्वच्छता सर्वे की टीम ने यात्रियों और स्टाफ से फीडबैक लिया था। सर्वे के मुताबिक वेटिंग रूम, टायलेट और यात्रियों के आने-जाने वाले हिस्सों में स्वच्छता संबंधित शिकायतों के सवाल पर 25 फीसदी स्टाफ ने कहा कि यहां गंदगी की शिकायतें आती हैं। सीसी कैमरों से सफाई के कामों की मॉनीटरिंग नहीं की जाती। रिपोर्ट में ट्रेनों में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, जंक्शन में वेस्ट मैनेजमेंट ठीक नहीं मिला। सर्कुलेटिंग एरिया में सफाई ठीक नहीं मिली थी। वीआईपी गाड़ियों का आवागमन संभालने वाला प्लेटफार्म नंबर एक का शेड जीआरपी थाने के सामने से तीन जगह से टूटा हुआ है। बारिश में यहां पानी गिरता है, जिससे यात्रियों को परेशानी होती है।
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