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दूसरी किस्त हुई लेट तो विवि ठोकेगा प्रतिमाह एक हजार रुपये का जुर्माना
Updated Mon, 19 Nov 2018 01:40 AM IST
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बरेली। जो छात्र तीस नवंबर के बाद दूसरी किस्त जमा करेंगे उनको प्रतिमाह एक हजार रुपये जुर्माना चुकाना पड़ेगा। यह फरमान विवि ने कैंपस के छात्रों से दूसरी किस्त की फीस जमा कराने के लिए जारी किया है। विभागों में आदेश पहुंचने के बाद से छात्रों में नाराजगी है। कई छात्रों ने इसकी शिकायत विभागाध्यक्ष से की है।
दरअसल, इस बार विश्वविद्यालय ने कैंपस के छात्रों से ऑनलाइन फीस जमा कराई थी। हर साल छात्रों को दो किस्तों में फीस जमा करने की सुविधा मिल जाती थी। इस बार दो किस्तों में फीस लेने से मना कर दिया गया था। काफी हंगामे के बाद छात्रों को दो किस्तों में फीस जमा करने की सुविधा मिली। छात्रों से अंडर टेकिंग भरवाकर फीस जमा कराई गई। अंडर टेकिंग में लिखवाया गया कि अगर छात्र तीस नवंबर तक फीस नहीं देंगे तो उनको पेनाल्टी देनी पड़ेगी। तमाम छात्रों ने अब तक दूसरी किस्त की फीस जमा नहीं की है। कुलपति ने विभागों को आदेश जारी किए कि अगर छात्र फीस नहीं देते हैं तो प्रतिमाह एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाए। अब इसको लेकर छात्रों में जबरदस्त विरोध है।
डीन आईटी प्रोफेसर एके गुप्ता के अनुसार छात्रों से अंडर टेकिंग ली गई थी। अगर छात्र समय से दूसरी किस्त नहीं जमा करते हैं तो उनपर प्रतिमाह उनपर एक हजार रुपये का दंड पडे़गा।
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कैसे बढ़ गया परीक्षा शुल्क
इस बार परीक्षा शुल्क को लेकर कई गड़बड़ियां सामने आ रही हैं। विश्वविद्यालय कैंपस की वैसे 1160 रुपये फीस जाती थी इस बार 1300 से ज्यादा फीस ली जा रही है। इसको लेकर छात्रों ने विभागाध्यक्षों से शिकायत की है। परीक्षा नियंत्रक संजीव सिंह ने बताया कि कोई शुल्क नहीं बढ़ा है। अगर किसी से ज्यादा शुल्क लिया जा रहा है वो उन्हें अवगत कराए।
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दरअसल, इस बार विश्वविद्यालय ने कैंपस के छात्रों से ऑनलाइन फीस जमा कराई थी। हर साल छात्रों को दो किस्तों में फीस जमा करने की सुविधा मिल जाती थी। इस बार दो किस्तों में फीस लेने से मना कर दिया गया था। काफी हंगामे के बाद छात्रों को दो किस्तों में फीस जमा करने की सुविधा मिली। छात्रों से अंडर टेकिंग भरवाकर फीस जमा कराई गई। अंडर टेकिंग में लिखवाया गया कि अगर छात्र तीस नवंबर तक फीस नहीं देंगे तो उनको पेनाल्टी देनी पड़ेगी। तमाम छात्रों ने अब तक दूसरी किस्त की फीस जमा नहीं की है। कुलपति ने विभागों को आदेश जारी किए कि अगर छात्र फीस नहीं देते हैं तो प्रतिमाह एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाए। अब इसको लेकर छात्रों में जबरदस्त विरोध है।
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डीन आईटी प्रोफेसर एके गुप्ता के अनुसार छात्रों से अंडर टेकिंग ली गई थी। अगर छात्र समय से दूसरी किस्त नहीं जमा करते हैं तो उनपर प्रतिमाह उनपर एक हजार रुपये का दंड पडे़गा।
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कैसे बढ़ गया परीक्षा शुल्क
इस बार परीक्षा शुल्क को लेकर कई गड़बड़ियां सामने आ रही हैं। विश्वविद्यालय कैंपस की वैसे 1160 रुपये फीस जाती थी इस बार 1300 से ज्यादा फीस ली जा रही है। इसको लेकर छात्रों ने विभागाध्यक्षों से शिकायत की है। परीक्षा नियंत्रक संजीव सिंह ने बताया कि कोई शुल्क नहीं बढ़ा है। अगर किसी से ज्यादा शुल्क लिया जा रहा है वो उन्हें अवगत कराए।