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कैडर पुनर्गठन की मांग
Updated Tue, 11 Jul 2017 01:10 AM IST
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बरेली।
जीएसटी लागू होने के बाद वाणिज्य कर विभाग के अफसर और कर्मचारियों में कैडर पुनर्गठन की मांग उठने लगी है। इसके तहत संघर्ष समिति का गठन किया गया है। समिति ने सोमवार से प्रदेश स्तर पर आंदोलन शुरू कर दिया है। वाणिज्य कर भवन परिसर में दोपहर भोज अवधि में प्रदर्शन कर विरोध जताया गया।
विभागीय कैडर पुनर्गठन को लेकर संघर्ष समिति ने 18 जुलाई तक कार्यक्रम तय कर दिए हैं। इसके तहत धरना प्रदर्शन आदि शुरू हो गया है। बरेली जोन में भी इसकी शुरूआत सोमवार से हुई है। दोपहर भोज में सभी अफसर और कर्मचारी एकत्र हुए और प्रदर्शन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि कैडर पुनर्गठन होने तक आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलित स्टाफ ने हेल्प डेस्क का बहिष्कार किया। तय हुआ कि हेल्प डेस्क से प्रेषित होने वाली दैनिक रिपोर्ट आदि अब नहीं बनायी जाएंगी और सेंट्रल एक्साइज समन्वय कार्य भी ठप रहेगा। वक्ताओं ने साफ कहा कि वे जीएसटी विरोध में नहीं हैं, उन्हें केंद्र समान सुविधा और कैडर मिले।
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जीएसटी लागू होने के बाद वाणिज्य कर विभाग के अफसर और कर्मचारियों में कैडर पुनर्गठन की मांग उठने लगी है। इसके तहत संघर्ष समिति का गठन किया गया है। समिति ने सोमवार से प्रदेश स्तर पर आंदोलन शुरू कर दिया है। वाणिज्य कर भवन परिसर में दोपहर भोज अवधि में प्रदर्शन कर विरोध जताया गया।
विभागीय कैडर पुनर्गठन को लेकर संघर्ष समिति ने 18 जुलाई तक कार्यक्रम तय कर दिए हैं। इसके तहत धरना प्रदर्शन आदि शुरू हो गया है। बरेली जोन में भी इसकी शुरूआत सोमवार से हुई है। दोपहर भोज में सभी अफसर और कर्मचारी एकत्र हुए और प्रदर्शन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि कैडर पुनर्गठन होने तक आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलित स्टाफ ने हेल्प डेस्क का बहिष्कार किया। तय हुआ कि हेल्प डेस्क से प्रेषित होने वाली दैनिक रिपोर्ट आदि अब नहीं बनायी जाएंगी और सेंट्रल एक्साइज समन्वय कार्य भी ठप रहेगा। वक्ताओं ने साफ कहा कि वे जीएसटी विरोध में नहीं हैं, उन्हें केंद्र समान सुविधा और कैडर मिले।
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