{"_id":"5c75abe3bdec22102e65e776","slug":"201551215587-bareilly-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दस दिन पहले त्रिशूल में जारी हुआ था हाई अलर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दस दिन पहले त्रिशूल में जारी हुआ था हाई अलर्ट
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बरेली। पुलवामा में आतंकी हमले के फौरन बाद त्रिशूल एयरफोर्स स्टेशन पर हाई अलर्ट घोषित कर दिया था। इस महत्वपूर्ण एयरबेस को कमांडो ने अपने घेरे में ले लिया था। इसी बीच ग्वालियर से बेहद सावधानी और गोपनीयता के साथ मिराज फ ाइटर जेट पहले आगरा और फिर बरेली पहुंचे। सूत्र बताते हैं कि मिराज फाइटर प्लेन आने के बाद उन्हें हमले के लिए तैयार किया गया। सोमवार देर रात यहां से विमान उड़े और सुबह करीब साढ़े चार बजे दो विमानों की वापसी हुई। बता दें कि त्रिशूल एयरबेस सुखोई की एसयू:30 का स्क्वाड्रन यानी होम बेस है।
और बढ़ाई गई एयरबेस की सुरक्षा
त्रिशूल एयरबेस में हाई अलर्ट करीब दस दिनों से है। एयर स्ट्राइक के बाद त्रिशूल एयरबेस की सुरक्षा को और कड़ा कर दिया गया है। विश्वसनीय सूत्रों के मुताबिक एयरबेस की बाउंड्री के करीब पांच सौ मीटर के दायरे तक गहन निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
और बढ़ाई गई एयरबेस की सुरक्षा
त्रिशूल एयरबेस में हाई अलर्ट करीब दस दिनों से है। एयर स्ट्राइक के बाद त्रिशूल एयरबेस की सुरक्षा को और कड़ा कर दिया गया है। विश्वसनीय सूत्रों के मुताबिक एयरबेस की बाउंड्री के करीब पांच सौ मीटर के दायरे तक गहन निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
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