{"_id":"894e4e0718edb299505702347c44ae9a","slug":"water-fertilizer-and-electrical-performance-of-farmers-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पानी, खाद और बिजली के लिए किसानों का प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पानी, खाद और बिजली के लिए किसानों का प्रदर्शन
बाराबंकी/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 18 Aug 2015 11:23 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
किसानों की समस्या को लेकर भाकियू ने तहसील कार्यालय में धरना देकर विरोध प्रदर्शन किया। धरने की अगुवाई करते हुए भाकियू नेता ने कहा समस्याओं के निस्तारण में शासन प्रशासन की वादा खिलाफी किसान बर्दाश्त नहीं करेगा। सिंचाई, खाद, बिजली, आपदा राहत समेत तमाम समस्याओं को समयबद्ध तरीके से दूर नहीं होने पर दो सितंबर को जिले पर आयोजित रैली में पोल खोलने की चेतावनी दी है।
मंगलवार को तहसील परिसर में भाकियू के विरोध प्रदर्शन में बोलते हुए भाकियू नेता मुकेश ने कहा किसान को नहर व नलकूप से सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल रहा है और साधन सहकारी समितियों पर खाद की कमी से निजी विक्रेता किसानों का शोषण कर नकली खाद बेच रहे हैं।
विभाग के अधिकारियों के कई बार आश्वासन के बाद भी बिजली पानी व खाद की समस्या दूर नहीं की जा सकी है। राजस्व विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार का खुलासा करते हुए कहा राहत चेकों के नाम पर राजस्वकर्मी किसानों से अवैध धन उगाही में लिप्त है। हर रोज शिकायतों के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो सकी है।
विज्ञापन
उन्होंने किसानों को फसल बर्बादी पर राहत दिलाने की मांग की है। ग्राम समाज की भूमि पर कब्जा हटवा कर निराश्रितों व गरीबों को आवासीय व कृषि भूमि का पट्टा दिला कर अवैध कब्जेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। उत्तराधिकार प्रमाण पत्र समेत राजस्व के अन्य कार्यों में आवश्यक बनाए सुविधा शुल्क को बंद करा किसानों को उनके अधिकार देने की बात कही है।
थानों के बंदीगृहों में शौचालय आदि सुविधाओं को निर्माण करने कोठी थाने में किसान के खिलाफ दर्ज फर्जी रिपोर्ट को वापस लेने आदि की पुरानी मांग को दोहराया। भाकियू नेता ने कहा कस्बे में मुख्य चौराहा समेत क्षेत्र की तमाम सड़कों पर गड्ढों के कारण किसानों को आवागमन में परेशानी हो रही है। गांवों में महीनों से ढीले पड़े तार को ठीक कराने की मांग किसानों ने कई बार की, लेकिन विभागीय उदासीनता से रौनी गांव में एक मासूम की मौत हो गई।
इसके अलावा निजी व अनुदानित विद्यालयों में निर्धन वर्ग के पच्चीस प्रतिशत बच्चों को निशुल्क शिक्षा मंदिर विद्यालय व आबादी के समीप से अंग्रेजी व देशी शराब ठेकों को हटवाए जाने की मांग किसानों ने की है। क्षेत्र में खराब पड़े नलों को रीबोर कराने ओल्हेपुर व ख्वाजापपुर माइनर में भूमि देने वाले किसानों को मुआवजा दिलाए जाने आदि की मांग की है।
भाकियू नेता ने कहा समस्याओं का निस्तारण नहीं होने पर जिला मुख्यालय पर दो सितंबर को अधिकारियों की पोल खोलेंगे। एसडीएम जीपी गुप्ता ने धरना स्थल पर पहुंच कर समस्याओं से संबधित विभागों के अधिकारियों व किसानों के बीच वार्ता कराई तथा तय समय पर किसानों की समस्या को दूर करने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान हरीरामपाल, हौसिंला प्रासाद, संग्राम सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
मंगलवार को तहसील परिसर में भाकियू के विरोध प्रदर्शन में बोलते हुए भाकियू नेता मुकेश ने कहा किसान को नहर व नलकूप से सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल रहा है और साधन सहकारी समितियों पर खाद की कमी से निजी विक्रेता किसानों का शोषण कर नकली खाद बेच रहे हैं।
विज्ञापन
विभाग के अधिकारियों के कई बार आश्वासन के बाद भी बिजली पानी व खाद की समस्या दूर नहीं की जा सकी है। राजस्व विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार का खुलासा करते हुए कहा राहत चेकों के नाम पर राजस्वकर्मी किसानों से अवैध धन उगाही में लिप्त है। हर रोज शिकायतों के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो सकी है।
विज्ञापन
उन्होंने किसानों को फसल बर्बादी पर राहत दिलाने की मांग की है। ग्राम समाज की भूमि पर कब्जा हटवा कर निराश्रितों व गरीबों को आवासीय व कृषि भूमि का पट्टा दिला कर अवैध कब्जेदारों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। उत्तराधिकार प्रमाण पत्र समेत राजस्व के अन्य कार्यों में आवश्यक बनाए सुविधा शुल्क को बंद करा किसानों को उनके अधिकार देने की बात कही है।
थानों के बंदीगृहों में शौचालय आदि सुविधाओं को निर्माण करने कोठी थाने में किसान के खिलाफ दर्ज फर्जी रिपोर्ट को वापस लेने आदि की पुरानी मांग को दोहराया। भाकियू नेता ने कहा कस्बे में मुख्य चौराहा समेत क्षेत्र की तमाम सड़कों पर गड्ढों के कारण किसानों को आवागमन में परेशानी हो रही है। गांवों में महीनों से ढीले पड़े तार को ठीक कराने की मांग किसानों ने कई बार की, लेकिन विभागीय उदासीनता से रौनी गांव में एक मासूम की मौत हो गई।
इसके अलावा निजी व अनुदानित विद्यालयों में निर्धन वर्ग के पच्चीस प्रतिशत बच्चों को निशुल्क शिक्षा मंदिर विद्यालय व आबादी के समीप से अंग्रेजी व देशी शराब ठेकों को हटवाए जाने की मांग किसानों ने की है। क्षेत्र में खराब पड़े नलों को रीबोर कराने ओल्हेपुर व ख्वाजापपुर माइनर में भूमि देने वाले किसानों को मुआवजा दिलाए जाने आदि की मांग की है।
भाकियू नेता ने कहा समस्याओं का निस्तारण नहीं होने पर जिला मुख्यालय पर दो सितंबर को अधिकारियों की पोल खोलेंगे। एसडीएम जीपी गुप्ता ने धरना स्थल पर पहुंच कर समस्याओं से संबधित विभागों के अधिकारियों व किसानों के बीच वार्ता कराई तथा तय समय पर किसानों की समस्या को दूर करने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान हरीरामपाल, हौसिंला प्रासाद, संग्राम सिंह आदि मौजूद रहे।