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कोरोना में निराश्रित हुए 15 बच्चों के खातों में पहुंचे 10-10 लाख
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बाराबंकी। कोरोना काल में मां-बाप को गंवाने वाले 15 निराश्रित हुए बच्चों के भविष्य के लिए पीएम केयर चिल्ड्रेन फंड से उनके खाते में राशि जमा कर दी गई है। प्रधानमंत्री मोदी 30 मई को सीधे इन बच्चों को संबोधित कर डीएम के माध्यम से उन्हें पासबुक दिलाएंगे।
निराश्रित बच्चों की उम्र 18 साल पूरी होने पर 10 लाख रुपये वह अपने खाते से निकालकर भविष्य में कोई काम कर सकेंगे। इससे पहले इन खातों के संरक्षक के रुप में डीएम का नाम दर्ज रहेगा। सभी खाते प्रधान डाकघर में खोले गए हैं।
मालूम हो कि कोरोना महामारी की चपेट में आकर सैकड़ों लोगों की जान चली गई। इनमें से कई ऐसे हैं जिन्होंने अपने मां-बाप दोनों को खो दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐसे निराश्रित बच्चों के भविष्य को लेकर उन्हें दस-दस लाख रुपये देने का एलान किया था।
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पीएम केयर चिल्ड्रेन फंड से यह राशि देने का जो एलान किया गया था उसके तहत जिले के 15 निराश्रित बच्चों को दस-दस लाख रुपये देने की प्रक्रिया पूरी कर दी है। प्रधान डाकघर में बाराबंकी में सभी खाते खोलकर उसमें राशि जमा करा दी गई है।
इन खातों में वारिस के रूप में डीएम का नाम दर्ज है। हर उम्र के बच्चों में जिसकी भी उम्र 18 साल पूरी हो जाएगी। उसके बाद वह इन पैसों को निकाल सकेगा। 30 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी निराश्रित बच्चों से वर्चुअल संवाद स्थापित कर उनका हालचाल लेंगे और उसके बाद डीएम के माध्यम से उन्हें पासबुक सौंप दी जाएगी।
जन्मतिथि के अनुसार, सभी 15 बच्चों की आयु 18 वर्ष पूरी होने के बाद अपने खाते से राशि निकालने के अधिकारी हो जाएंगे। महिला कल्याण विभाग द्वारा सभी बच्चों का ब्योरा जुुटा लिया है। इसमें उनकी जन्मतिथि, स्कूल का नाम, माता-पिता का नाम और उनकी मृत्यु की तिथि दर्ज कर लिया है। इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी के माध्यम से भेज दी गई है।
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निराश्रित बच्चों की उम्र 18 साल पूरी होने पर 10 लाख रुपये वह अपने खाते से निकालकर भविष्य में कोई काम कर सकेंगे। इससे पहले इन खातों के संरक्षक के रुप में डीएम का नाम दर्ज रहेगा। सभी खाते प्रधान डाकघर में खोले गए हैं।
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मालूम हो कि कोरोना महामारी की चपेट में आकर सैकड़ों लोगों की जान चली गई। इनमें से कई ऐसे हैं जिन्होंने अपने मां-बाप दोनों को खो दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐसे निराश्रित बच्चों के भविष्य को लेकर उन्हें दस-दस लाख रुपये देने का एलान किया था।
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पीएम केयर चिल्ड्रेन फंड से यह राशि देने का जो एलान किया गया था उसके तहत जिले के 15 निराश्रित बच्चों को दस-दस लाख रुपये देने की प्रक्रिया पूरी कर दी है। प्रधान डाकघर में बाराबंकी में सभी खाते खोलकर उसमें राशि जमा करा दी गई है।
इन खातों में वारिस के रूप में डीएम का नाम दर्ज है। हर उम्र के बच्चों में जिसकी भी उम्र 18 साल पूरी हो जाएगी। उसके बाद वह इन पैसों को निकाल सकेगा। 30 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी निराश्रित बच्चों से वर्चुअल संवाद स्थापित कर उनका हालचाल लेंगे और उसके बाद डीएम के माध्यम से उन्हें पासबुक सौंप दी जाएगी।
जन्मतिथि के अनुसार, सभी 15 बच्चों की आयु 18 वर्ष पूरी होने के बाद अपने खाते से राशि निकालने के अधिकारी हो जाएंगे। महिला कल्याण विभाग द्वारा सभी बच्चों का ब्योरा जुुटा लिया है। इसमें उनकी जन्मतिथि, स्कूल का नाम, माता-पिता का नाम और उनकी मृत्यु की तिथि दर्ज कर लिया है। इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी के माध्यम से भेज दी गई है।