फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Barabanki News ›   Kamil and Fazil's studies stopped in madrassas

Barabanki News: मदरसों में कामिल और फाजिल की पढ़ाई बंद

Wed, 29 Jan 2025 11:31 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी Updated Wed, 29 Jan 2025 11:31 PM IST
विज्ञापन
Kamil and Fazil's studies stopped in madrassas
बाराबंकी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद जिले के उच्च अलिया स्तर के मदरसों में कामिल और फाजिल की पढ़ाई और परीक्षाएं बंद कर दी गई हैं। इससे इनमें पढ़ाई कर रहे 1241 छात्रों का भविष्य अधर में है। अभी तक यह तय नहीं हुआ है कि उनकी आगे की शिक्षा किस विश्वविद्यालय से जुड़ेगी। जनपद में कुल 320 मान्यता प्राप्त मदरसे हैं, जिनमें से 59 मदरसों में यह शिक्षा दी जा रही थी। पहले उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा बोर्ड इन परीक्षाओं का आयोजन कर डिग्री प्रदान करता था, लेकिन अब इस पर रोक लग गई है।
विज्ञापन

पांच नवंबर 2024 को सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा बोर्ड अधिनियम 2004 को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले को खारिज कर दिया। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा बोर्ड केवल 12वीं तक की शिक्षा दे सकता है, जबकि कामिल और फाजिल जैसी उच्च डिग्रियां प्रदान करना यूजीसी अधिनियम के खिलाफ है। इस फैसले के बाद छात्रों के समक्ष बड़ा संकट खड़ा हो गया है। वर्तमान में यह स्पष्ट नहीं है कि इन छात्रों को आगे की पढ़ाई के लिए किस विश्वविद्यालय से जोड़ा जाएगा। इससे छात्रों और उनके अभिभावकों में गहरी चिंता है, क्योंकि अब तक कोई वैकल्पिक समाधान नहीं निकल पाया है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी बालेंदु द्विवेदी ने बताया कि कोर्ट के आदेश में कामिल और फाजिल सिर्फ डिग्री है इसको कोई बोर्ड जारी नही कर सकता है। यह यूूूजीसी प्रावधानों के प्रतिकूल है। इस लिए इन विषयों की पढ़ाई नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed