फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Barabanki News ›   Flood situation worsen

रिंग बांध में बढ़ी कटान, तराई में और बिगड़े हालात

Wed, 01 Aug 2018 09:33 PM IST
Amarujala
Amarujala Updated Wed, 01 Aug 2018 09:33 PM IST
विज्ञापन
Flood situation worsen
लोगों को परेशानी - फोटो : Amarujala

घाघरा का जलस्तर लगातार खतरे के निशान के ऊपर बह रहा है। नेपाल के पहाड़ी इलाकों में हो रही बारिश से पहाड़ी नालों के जरिए घाघरा में आने वाले पानी से बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। एल्गिन चरसड़ी बांध पर घाघरा का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। घाघरा का जलस्तर देख तराई वासी सकते मे हैं। दो स्थानों पर घाघरा रिंग तटबंध को किसी भी समय धराशायी कर सकती है। ऐसे मे ग्रामीण अपने घरों की गृहस्थी सहेजने में जुटे हुए हैं।

विज्ञापन


तटबंध पर सबसे ज्यादा खतरा नकहरा गांव के सामने रिंग बांध पर है यहां नदी तेजी से कटान कर बांध को काट रही है। बाढ़ खण्ड के कटान रोकने के सारे प्रयास धरे के धरे रहे गये। एल्गिन चरसड़ी बांध के साथ अस्थाई रूप से बनाए गए रिंग बांध से घाघरा का पानी तेजी से काटने मे लगा है जिससे बाढ़ का खतरा क्षेत्र के लिए बढ़ने लगा है। वहीं डीएम उदयभानु त्रिपाठी ने बुधवार को बाढ़ ग्रस्त इलाके का दौराकर पीड़ितों का हाल जाना।    
विज्ञापन

               
बुधवार को एल्गिन ब्रिज पर घाघरा खतरे के निशान 106.07 को पार करते हुए डेंजर जोन पर 106.076 पर पहुंच चुकी है।  नदी के इस रूख से एक बार फिर कटान की जद में बसे नकहरा, काशीपुर, बेहटा, चरपुरवा, परसावल, नैपुरा, बांसगांव गांव पर खतरा मंडराने लगा है। ग्राम नकहरा निवासी शिवकुमार के गन्ने खेत का करीब 35 मीटर हिस्सा कटकर नदी में मिल गया है। बाढ़ खण्ड द्वारा बनाए गए अस्थाई बांध को नदी काट रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


दूसरी ओर चरपुरवा के करीब एक दर्जन घर नदी की कटान के मुहाने पर हैं। जिनको एक एक कर नदी काटती जा रही है। जिससे अब चरपुरवा का अस्तित्व समाप्त हो सकता है। घाघरा में बाढ़ का आलम यह है कि बेहटा से लेकर नैपुरा तक घाघरा नदी लगातार बांध से टकराने लगी है और कट वन एवं कट टू की जगह बाढ़ का पानी तेजी से बांध में कटान करने लगा है। बाढ़ के चलते कोठरी गौरिया मार्ग की पुलिया जगह जगह बैठ गई जिससे ग्रामीणों का गांवों में आवागमन प्रभावित हो गया है। वहीं कई गांवों में ग्रामीण अब नाव बनाने में जुट गए हैं।              
      

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed