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13 गांवों में भरा पानी, बंधे पर पहुंच रहे बाढ़ पीड़ित
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बाराबंकी। उफनाई सरयू का पानी सोमवार को खतरे के निशान से 40 सेमी. ऊपर पहुंच गया है। नदी का पानी चौबीस घंटे से एक सेमी. प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। इससे तराई के 13 गांवों में पानी घुस गया है। इन गांवों में बचे लोग परिवारीजनों और मवेशियों के साथ सुरक्षित स्थानों को पलायन करने लगे हैं। इस बीच एसडीएम सिरौलीगौसपुर ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का जायजा लिया। बंधे पर रह रहे पीड़ितों में पुष्टाहार के पैकेट वितरित कराए।
एल्गिन ब्रिज पर बने कंट्रोल रूम के अनुसार सोमवार को नदी का पानी खतरे के निशान से 40 सेमी. ऊपर पहुंच गया है। रविवार से नदी का पानी एक सेमी. प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। नदी का जलस्तर बढ़ने से घबराए कोरियनपुरवा, तपेसिपाह, दुर्गापुर आदि गांवों के लोग सुरक्षित स्थानों पर जाने लगे हैं। उधर कोटवाधाम में टेपरा, सनावा, कहारनपुरवा, सराय सुरजन, तेलवारी, नव्वनपुरवा, परसवाल, रेता, बघौलीपुरवा, भयरवकोल, गोबरहा, सिरौलीगुंग व परसा गांवों में बाढ़ का पानी भर गया है। इन गांवों के लोग परिवारीजनों और मवेशियों के साथ सुरक्षित स्थानों पर जाने लगे हैं। कई परिवार अलीनगर रानीमऊ तटबंध पर डेरा डाले हुए हैं। सोमवार को हुई बारिश ने बाढ़ पीड़ितों की दिक्कतों को और बढ़ा दिया है। तटबंध पर बसे बाढ़ पीड़ितों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ ही प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। सोमवार को एसडीएम सिरौलीगौसपुर प्रतिपाल सिंह ने जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश कुमार के साथ बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का जायजा लिया। अधिकारियों ने बंधे पर बसे पीड़ितों में पुष्टाहार के पैकेट वितरित किए। कहा कि बाढ़ पीड़ितों पर बराबर नजर रखी जा रही है।
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एल्गिन ब्रिज पर बने कंट्रोल रूम के अनुसार सोमवार को नदी का पानी खतरे के निशान से 40 सेमी. ऊपर पहुंच गया है। रविवार से नदी का पानी एक सेमी. प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। नदी का जलस्तर बढ़ने से घबराए कोरियनपुरवा, तपेसिपाह, दुर्गापुर आदि गांवों के लोग सुरक्षित स्थानों पर जाने लगे हैं। उधर कोटवाधाम में टेपरा, सनावा, कहारनपुरवा, सराय सुरजन, तेलवारी, नव्वनपुरवा, परसवाल, रेता, बघौलीपुरवा, भयरवकोल, गोबरहा, सिरौलीगुंग व परसा गांवों में बाढ़ का पानी भर गया है। इन गांवों के लोग परिवारीजनों और मवेशियों के साथ सुरक्षित स्थानों पर जाने लगे हैं। कई परिवार अलीनगर रानीमऊ तटबंध पर डेरा डाले हुए हैं। सोमवार को हुई बारिश ने बाढ़ पीड़ितों की दिक्कतों को और बढ़ा दिया है। तटबंध पर बसे बाढ़ पीड़ितों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ ही प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। सोमवार को एसडीएम सिरौलीगौसपुर प्रतिपाल सिंह ने जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश कुमार के साथ बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का जायजा लिया। अधिकारियों ने बंधे पर बसे पीड़ितों में पुष्टाहार के पैकेट वितरित किए। कहा कि बाढ़ पीड़ितों पर बराबर नजर रखी जा रही है।
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