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Barabanki News: बंजर जमीन का दाखिल-खारिज, लेखपाल निलंबित
Wed, 23 Aug 2023 12:48 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Wed, 23 Aug 2023 12:48 AM IST
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बाराबंकी। डीएम के आदेश पर बंंजर में दर्ज हुई जमीन का भूमाफिया ने जालसाजी कर बैनामा करा लिया। बाद में लेखपाल ने फर्जी रिपोर्ट लगाकर जमीन का दाखिल-खारिज व अमलदरामद भी करा दी। मामला संज्ञान में आने पर डीएम ने लेखपाल को निलंबित कर दिया है। साथ ही प्रकरण की जांच एसडीएम सदर को सौंप दी है।
सफदरगंज थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत चंदवारा में गाटा संख्या 1093, 1094, 1095 पर करीब 22 बीघा जमीन है। इस जमीन को सफदरगंज निवासी चौथमल ने पहले इकरारनामा कराकर उद्योग लगाने के लिए लिया था। बाद में चौथमल, सज्जनलाल इस भूमि के स्वामी बन गए थे। मामले में मुकदमा दाखिल हुआ, जिसके बाद डीएम ने सात जून 2022 को राजस्व अभिलेखों में बंजर जमीन दर्ज करने का निर्देश दिया था।
गाटा संख्या 1093 में से 0.14 हेक्टेअर भूमि को मनोज कुमार मदेशिया पुत्र राजेंद्र प्रसाद ने डीएम के आदेश को दरकिनार करते हुए 11 नवंबर 2022 को सूर्यप्रताप पुत्र बच्चा सिंह के नाम बैनामा कर दिया। इसके बाद लेखपाल भानु प्रताप सिंह ने बीती 16 मई को कागजों में हेरफेर कर दाखिल-खारिज भी कर दिया और 15 जून को अमलदरामद होकर खतौनी में भी दर्ज हो गई। एसडीएम विजय कुमार त्रिवेदी ने बताया कि लेखपाल को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही पूरे प्रकरण की जांच रिपोर्ट डीएम को सौंप दी गई है। डीएम के आदेशानुसार सभी दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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सफदरगंज थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत चंदवारा में गाटा संख्या 1093, 1094, 1095 पर करीब 22 बीघा जमीन है। इस जमीन को सफदरगंज निवासी चौथमल ने पहले इकरारनामा कराकर उद्योग लगाने के लिए लिया था। बाद में चौथमल, सज्जनलाल इस भूमि के स्वामी बन गए थे। मामले में मुकदमा दाखिल हुआ, जिसके बाद डीएम ने सात जून 2022 को राजस्व अभिलेखों में बंजर जमीन दर्ज करने का निर्देश दिया था।
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गाटा संख्या 1093 में से 0.14 हेक्टेअर भूमि को मनोज कुमार मदेशिया पुत्र राजेंद्र प्रसाद ने डीएम के आदेश को दरकिनार करते हुए 11 नवंबर 2022 को सूर्यप्रताप पुत्र बच्चा सिंह के नाम बैनामा कर दिया। इसके बाद लेखपाल भानु प्रताप सिंह ने बीती 16 मई को कागजों में हेरफेर कर दाखिल-खारिज भी कर दिया और 15 जून को अमलदरामद होकर खतौनी में भी दर्ज हो गई। एसडीएम विजय कुमार त्रिवेदी ने बताया कि लेखपाल को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही पूरे प्रकरण की जांच रिपोर्ट डीएम को सौंप दी गई है। डीएम के आदेशानुसार सभी दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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