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डेढ़ हजार महिलाओं में जटिल रोग
बाराबंकी/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 04 Feb 2016 11:37 PM IST
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मातृत्व सप्ताह अभियान के तहत कुल 24301 गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर पंजीकरण किया गया। जांच में करीब 1668 ऐसी गर्भवती महिलाएं पाई गई जो जटिल रोगों ग्रसित हैं। इन सभी महिलाओं का उपचार शुक्रवार को निकट की सीएचसी और जिला अस्पताल में कराया जाएगा।
मातृत्व सप्ताह चलाने का उद्देश्य गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर उनका पंजीकरण कराना था। इसी के तहत 27 जनवरी से 4 फरवरी तक जिले भर में एक अभियान चलाया गया। शासन से लक्ष्य को 28133 का निर्धारित किया गया था जिसके सापेक्ष जिले में कुल 24301 गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर उनका पंजीकरण किया गया। इसके साथ ही इनकी सभी प्रकार की जांचें भी कई गई। इनमें से 1668 ऐसी गर्भवती महिलाएं पाई गई हैं जो जटिल रोग की चपेट में हैं।
इन सभी महिलाओं को शुक्रवार को आशा निकट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर लेकर जाएंगी और वहां पर एएनएम के सहयोग से चिकित्सकों की मदद से इनका उपचार कराएंगी। जिन महिलाओं ज्यादा गंभीर रोग पाए गए हैं उन्हें जिला महिला अस्पताल में लाकर उपचारित किया जाएगा। इसके अलावा इस अभियान का एक उद्देश्य और था कि गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर एक साथ उनकी जांच की जाए जिससे मातृ शिशु मृत्यु दर में कमी लाई जा सके।
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मातृत्व सप्ताह चलाने का उद्देश्य गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर उनका पंजीकरण कराना था। इसी के तहत 27 जनवरी से 4 फरवरी तक जिले भर में एक अभियान चलाया गया। शासन से लक्ष्य को 28133 का निर्धारित किया गया था जिसके सापेक्ष जिले में कुल 24301 गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर उनका पंजीकरण किया गया। इसके साथ ही इनकी सभी प्रकार की जांचें भी कई गई। इनमें से 1668 ऐसी गर्भवती महिलाएं पाई गई हैं जो जटिल रोग की चपेट में हैं।
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इन सभी महिलाओं को शुक्रवार को आशा निकट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर लेकर जाएंगी और वहां पर एएनएम के सहयोग से चिकित्सकों की मदद से इनका उपचार कराएंगी। जिन महिलाओं ज्यादा गंभीर रोग पाए गए हैं उन्हें जिला महिला अस्पताल में लाकर उपचारित किया जाएगा। इसके अलावा इस अभियान का एक उद्देश्य और था कि गर्भवती महिलाओं को चिह्नित कर एक साथ उनकी जांच की जाए जिससे मातृ शिशु मृत्यु दर में कमी लाई जा सके।
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