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छात्रा के अपहरण के आरोपी को पांच वर्ष की कैद
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बाराबंकी। नाबालिग छात्रा के अपहरण के मामले में विशेष न्यायाधीश पाक्सो कोर्ट अंकिता शुक्ला ने सुनवाई करते हुए आरोपी को पांच वर्ष के कठोर कैद की सजा सुनाई। इसके साथ ही 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
विशेष लोक अभियोजक मनीषा झा ने बताया कि मामला नगर कोतवाली क्षेत्र का है। वादी ने तीन अक्तूबर 2013 को नगर कोतवाली में तहरीर देकर बताया था कि मऊ जिले के थाना चिरैयाकोट के चक सहजा निवासी आरोपी चंदन भारती ने उसकी नाबालिग बेटी जो कक्षा नौ की छात्रा थी, को बहला-फुसलाकर 23 अगस्त 2013 की सुबह भगा ले गया था।
पीड़िता अपने साथ घर में रखी अस्सी हजार की नकदी भी ले गई थी। काफी तलाश के बाद भी छात्रा का पता नहीं चला। हालांकि बाद में जानकारी हुई कि उसके घर में किराए पर रहने वाला चंदन भारती ही उसकी पुत्री को भगा ले गया है।
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न्यायालय ने सुनवाई पूरी होने के बाद आरोपी पर पीड़िता को बहला-फुसलाकर भगाने का आरोप सिद्ध पाया। इस पर उसे अधिकतम पांच वर्ष के कठोर कारावास से दंडित कर 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। न्यायालय ने कहा कि अभियुक्त द्वारा जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। साथ ही जुर्माने की धनराशि जमा होने की दशा में 10 हजार रुपये पीड़िता पाने की अधिकारिणी होगी।
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विशेष लोक अभियोजक मनीषा झा ने बताया कि मामला नगर कोतवाली क्षेत्र का है। वादी ने तीन अक्तूबर 2013 को नगर कोतवाली में तहरीर देकर बताया था कि मऊ जिले के थाना चिरैयाकोट के चक सहजा निवासी आरोपी चंदन भारती ने उसकी नाबालिग बेटी जो कक्षा नौ की छात्रा थी, को बहला-फुसलाकर 23 अगस्त 2013 की सुबह भगा ले गया था।
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पीड़िता अपने साथ घर में रखी अस्सी हजार की नकदी भी ले गई थी। काफी तलाश के बाद भी छात्रा का पता नहीं चला। हालांकि बाद में जानकारी हुई कि उसके घर में किराए पर रहने वाला चंदन भारती ही उसकी पुत्री को भगा ले गया है।
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न्यायालय ने सुनवाई पूरी होने के बाद आरोपी पर पीड़िता को बहला-फुसलाकर भगाने का आरोप सिद्ध पाया। इस पर उसे अधिकतम पांच वर्ष के कठोर कारावास से दंडित कर 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। न्यायालय ने कहा कि अभियुक्त द्वारा जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। साथ ही जुर्माने की धनराशि जमा होने की दशा में 10 हजार रुपये पीड़िता पाने की अधिकारिणी होगी।