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बच्चे चुराकर बेचने वाली महिला बंदी
Barabanki
Updated Mon, 21 Oct 2013 05:39 AM IST
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टिकैतनगर। दरियाबाद थाना क्षेत्र के ग्राम गंगारामपुरवा मजरे जठौती कुर्मियान में एक महिला के घर से पुलिस को अपहृत दो साल की मासूम बच्ची मिली है। महिला पर बच्चों की चोरी कर उन्हें बेचने के कार्य में लिप्त होने का आरोप है। पुलिस ने बच्ची को एनजीओ नवदुर्गा के सुपुर्द कर दिया है। एनजीओ संचालक की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी महिला के खिलाफ बच्चों का अपहरण कर उन्हें बेचने की धारा में रिपोर्ट दर्ज की है। बच्ची की पहचान के लिए थानों को सूचना दी गई है।
ग्राम गंगारामपुरवा मजरे जठौती कुर्मियान में रहने वाली उर्मिला मिश्रा पत्नी स्व. अनिल मिश्र के पास रविवार की दोपहर करीब दो बजे एक महिला बच्ची खरीदने आई थी। ग्रामीणों को इसकी भनक लग गई जिस पर पुलिस को यह सूचना दी गई। पुलिस ने उर्मिला के घर पर दबिश दी तो वहां से दो साल की मासूम मिली। पूछताछ में उर्मिला ने बच्ची के लावारिस पड़ी मिलने की कहानी सुनाई। पुलिस ने मासूम को एनजीओ नवदुर्गा के संचालक मनीष कुमार को सौंप दिया। ग्रामीणों ने बताया कि उर्मिला बच्चों को चुराने व उन्हें बेचने का काम करती है। इस पर पुलिस ने एनजीओ संचालक मनीष को वादी बनाया। मनीष की तहरीर पर पुुलिस ने महिला के खिलाफ बच्चों का अपहरण कर दासता में रखने व उन्हें बेचने की धारा में रिपोर्ट दर्ज की है।
थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह ने बताया कि बच्ची किसकी है यह पता नहीं चल सका है। आरोपी महिला से पूछताछ की जा रही है। उसने बताया है कि दस दिन पहले बच्ची उसे टिकैतनगर व दरियाबाद थाना के बार्डर स्थित गांव खुजरी के पास मिली थी। उर्मिला एक निजी अस्पताल व गांव में दाई का काम करती है। उर्मिला देवरिया से यहां कैसी पहुंची और परिवार में कौन-कौन है। इस काम में कब से लिप्त है। इसकी पूछताछ की जा रही है। बच्ची की पहचान के लिए सभी थानों को सूचना कर दी गई है।
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ग्राम गंगारामपुरवा मजरे जठौती कुर्मियान में रहने वाली उर्मिला मिश्रा पत्नी स्व. अनिल मिश्र के पास रविवार की दोपहर करीब दो बजे एक महिला बच्ची खरीदने आई थी। ग्रामीणों को इसकी भनक लग गई जिस पर पुलिस को यह सूचना दी गई। पुलिस ने उर्मिला के घर पर दबिश दी तो वहां से दो साल की मासूम मिली। पूछताछ में उर्मिला ने बच्ची के लावारिस पड़ी मिलने की कहानी सुनाई। पुलिस ने मासूम को एनजीओ नवदुर्गा के संचालक मनीष कुमार को सौंप दिया। ग्रामीणों ने बताया कि उर्मिला बच्चों को चुराने व उन्हें बेचने का काम करती है। इस पर पुलिस ने एनजीओ संचालक मनीष को वादी बनाया। मनीष की तहरीर पर पुुलिस ने महिला के खिलाफ बच्चों का अपहरण कर दासता में रखने व उन्हें बेचने की धारा में रिपोर्ट दर्ज की है।
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थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह ने बताया कि बच्ची किसकी है यह पता नहीं चल सका है। आरोपी महिला से पूछताछ की जा रही है। उसने बताया है कि दस दिन पहले बच्ची उसे टिकैतनगर व दरियाबाद थाना के बार्डर स्थित गांव खुजरी के पास मिली थी। उर्मिला एक निजी अस्पताल व गांव में दाई का काम करती है। उर्मिला देवरिया से यहां कैसी पहुंची और परिवार में कौन-कौन है। इस काम में कब से लिप्त है। इसकी पूछताछ की जा रही है। बच्ची की पहचान के लिए सभी थानों को सूचना कर दी गई है।
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