{"_id":"672bdb3d29667837cf0672c6","slug":"22-days-have-passed-since-the-order-ent-specialist-has-not-come-to-barabanki-from-ayodhya-barabanki-news-c-13-1-lko1022-941870-2024-11-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Barabanki News: आदेश के 22 दिन बीते, अयोध्या से बाराबंकी नहीं आए ईएनटी विशेषज्ञ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Barabanki News: आदेश के 22 दिन बीते, अयोध्या से बाराबंकी नहीं आए ईएनटी विशेषज्ञ
विज्ञापन
विज्ञापन
बाराबंकी। राजधानी से सटे बाराबंकी जिले में पिछले करीब ढाई साल से नाक, कान, गला रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं है। इस साल फरवरी में कुछ दिनों के लिए ईएनटी विशेषज्ञ की तैनाती हुई थी, लेकिन वह भी इस्तीफा देकर चले गए थे। विशेषज्ञ न होने से नाक, कान, गला रोग के पीड़ितों को इलाज नहीं मिल पा रहा है। वहीं, दिव्यांगजनों के प्रमाणपत्र नहीं बन पा रहे हैं। पिछले माह अयोध्या के दो चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई थी, लेकिन वे एक बार भी दिव्यांग बोर्ड में शामिल होने नहीं पहुंचे।
बता दें कि जिले में ईएनटी विशेषज्ञ के रूप में तैनात रहे डॉ. आजम हनफी का जून 2022 में गोंडा तबादला हो गया था। डॉ. आजम ही दिव्यांग बोर्ड में ईएनटी विशेषज्ञ के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे, लेकिन उनके स्थानांतरण के बाद यह पद रिक्त हो गया था। तमाम पत्राचार एवं डीएम सत्येंद्र कुमार के हस्तक्षेप के बाद एक फरवरी 2024 को डॉ. आनंद प्रकाश को जिला अस्पताल बाराबंकी में तैनात किया गया था, लेकिन महज 20 दिन बाद ही उन्होंने 21 फरवरी को त्याग पत्र दे दिया था। इसके बाद यहां ईएनटी विशेषज्ञ की तैनाती नहीं हो पाई। ऐसे में दिव्यांग बोर्ड के समक्ष करीब 500 दिव्यांगजनों के आवेदन लंबित पड़े हैं।
प्रमाणपत्र न मिलने से तमाम दिव्यांगजन विभाग से मिलने वाली पेंशन से भी वंचित हैं। 15 अक्तूबर 2024 को अपर निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अयोध्या मंडल ने जिला चिकित्सालय अयोध्या में तैनात ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. अजय कुमार कुशवाहा एवं डॉ. सौम्या तिवारी की ड्यूटी दिव्यांग बोर्ड में पहले और तीसरे शुक्रवार को लगाई। आदेश के 22 दिन बीतने के बाद भी इन विशेषज्ञों ने एक दिन भी दिव्यांग बोर्ड में सेवाएं नहीं दीं। सीएमओ डॉ. अवधेश कुमार यादव ने बताया कि इस माह के पहले शुक्रवार को अवकाश था। तीसरे शुक्रवार को अवकाश नहीं रहा तो डॉक्टर आएंगे।
बता दें कि जिले में ईएनटी विशेषज्ञ के रूप में तैनात रहे डॉ. आजम हनफी का जून 2022 में गोंडा तबादला हो गया था। डॉ. आजम ही दिव्यांग बोर्ड में ईएनटी विशेषज्ञ के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे, लेकिन उनके स्थानांतरण के बाद यह पद रिक्त हो गया था। तमाम पत्राचार एवं डीएम सत्येंद्र कुमार के हस्तक्षेप के बाद एक फरवरी 2024 को डॉ. आनंद प्रकाश को जिला अस्पताल बाराबंकी में तैनात किया गया था, लेकिन महज 20 दिन बाद ही उन्होंने 21 फरवरी को त्याग पत्र दे दिया था। इसके बाद यहां ईएनटी विशेषज्ञ की तैनाती नहीं हो पाई। ऐसे में दिव्यांग बोर्ड के समक्ष करीब 500 दिव्यांगजनों के आवेदन लंबित पड़े हैं।
विज्ञापन
प्रमाणपत्र न मिलने से तमाम दिव्यांगजन विभाग से मिलने वाली पेंशन से भी वंचित हैं। 15 अक्तूबर 2024 को अपर निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अयोध्या मंडल ने जिला चिकित्सालय अयोध्या में तैनात ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. अजय कुमार कुशवाहा एवं डॉ. सौम्या तिवारी की ड्यूटी दिव्यांग बोर्ड में पहले और तीसरे शुक्रवार को लगाई। आदेश के 22 दिन बीतने के बाद भी इन विशेषज्ञों ने एक दिन भी दिव्यांग बोर्ड में सेवाएं नहीं दीं। सीएमओ डॉ. अवधेश कुमार यादव ने बताया कि इस माह के पहले शुक्रवार को अवकाश था। तीसरे शुक्रवार को अवकाश नहीं रहा तो डॉक्टर आएंगे।
विज्ञापन