फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Tomorrow entrepreneurship tips

किसानों, युवाओं, महिलाओं को कल मिलेंगे उद्यमिता के टिप्स

Wed, 16 Jan 2019 11:31 PM IST
ASIF ASIF अमर उजाला ब्यूरो, बांदा
अमर उजाला ब्यूरो, बांदा Published by: ASIF ASIF Updated Wed, 16 Jan 2019 11:31 PM IST
विज्ञापन
Tomorrow entrepreneurship tips
समीक्षा करते कृषि विश्वविद्यालय कुलपति डॉ.यूएस गौतम। - फोटो : अमर उजाला

गांव और घर में ही खुद का उद्योग लगाने के इच्छुक बेरोजगारों, युवाओं, किसानों और महिलाओं को उनकी मंशा पूरी करने का मौका मुहैया कराया जाएगा। इसकी प्रेरणा और विस्तृत जानकारी के लिए शुक्रवार (18 जनवरी) को बांदा कृषि विश्वविद्यालय में ‘उत्थान-अ स्टार्टअप एग्रीप्रेन संगोष्ठी’ होगी। इसमें कृषि विशेषज्ञ टिप्स देंगे। डीएम और विश्वविद्यालय कुलपति सहित कृषि और उद्यान विभाग के अधिकारी व केवीके प्रभारी भी संबोधित करेंगे।  

विज्ञापन


प्रदेश के 17 जिलों में एक ही दिन हो रहे इस कार्यक्रम का आयोजन बुंदेलखंड में ‘अमर उजाला’ और बांदा कृषि विश्वविद्यालय तथा कानपुर क्षेत्र में चंद्रशेखर आजाद कृषि प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है। युवाओं और किसानों आदि को बीज उत्पादन, जैविक खाद निर्माण, पपड़ चिप्स बनाने का उद्योग, फसलों को संरक्षित रखने की फैक्ट्री, मुर्गी व सूअर पालन, पशु पालन, सिंचाई कढ़ाई, मोमबत्ती फैक्ट्री, कृषि यंत्र बनाने आदि को प्रेरित करने के साथ ही मुफ्त प्रशिक्षित भी किया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद रोजगार हासिल करने के लिए प्रदेश और केंद्र सरकार की तमाम योजनाओं से लाभान्वित कराया जाएगा। उनके उत्पाद की बिक्री के लिए मार्केटिंग के टिप्स दिए जाएंगे।  
विज्ञापन


शुक्रवार को कृषि विश्वविद्यालय में होने वाले इस महत्वाकांक्षी कार्यक्रम को लेकर बुधवार को कृषि विश्वविद्यालय में कुलपति डॉ. यूएस गौतम, विश्वविद्यालय व कृषि विज्ञान केंद्र प्रभारियों के साथ तैयारियों की समीक्षा की और रणनीति बनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड के सभी जिलों मेें कृषि विज्ञान केंद्र के माध्यम से उत्थान स्टार्टअप के प्रभावी ढंग से संचालित कराया जाएगा। बैठक में मौजूद चंद्रशेखर आजाद कृषि विश्वविद्यालय के डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि बुंदेलखंड में दलहन तिलहन आधारित खेती, जैविक खेती और पशु पालन के जरिये किसानों की आय दोगुनी करने और युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने की बहुत संभावनाएं हैं। बैठक में डॉ. देव सिंह और विश्वविद्यालय के निदेशक प्रसार डॉ. एनके वाजपेई ने भी अपने सुझाव दिए। अमर उजाला प्रतिनिधि भी शामिल रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed