{"_id":"6820fc0a006535cb6807c960","slug":"she-improved-the-lives-of-her-sons-but-became-a-stranger-in-her-old-age-banda-news-c-12-1-knp1055-1107111-2025-05-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: बेटों की जिंदगी संवारी, बुढ़ापे में हो गईं बेगानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: बेटों की जिंदगी संवारी, बुढ़ापे में हो गईं बेगानी
Mon, 12 May 2025 01:05 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Mon, 12 May 2025 01:05 AM IST
विज्ञापन
बांदा। कभी मुखिया बनकर परिवार को संभालने वाली शकुंतला को उन्हीं के बच्चों ने वृद्धाश्रम की राह दिखा दी। अब बूढ़ी पथराई आंखें अपनों की राह ताकती रहती हैं। उन्हें इस बात का मलाल है कि जिन बच्चों का भविष्य संवारने में जवानी लगा दी, वही बुढ़ापे में उन्हें दूर कर दिया।
शहर के खुटला मोहल्ला निवासी शकुंतला गुप्ता बताती हैं कि पति शिवराज गुप्ता फल व्यापारी थे। पति के साथ पांच बच्चों को पढ़ा-लिखाकर सक्षम बनाने में पूरी जवानी और संपत्ति लगा दी। तीनों बेटों मुन्ना, राजेश, ब्रजेश और दोनों बेटियों की शादी कराई। तब तक सब कुछ ठीक चलता रहा, लेकिन पति की मौत के बाद हालात बदल गए। जो बेटे उनकी आवाज पर दौड़े चले आते थे, वही दूरी बनाने लगे। बहुएं ताने मारने लगीं और लड़ाई-झगड़े पर उतारू हो गईं।बताती हैं कि सभी बेटे सक्षम हैं, लेकिन कोई साथ नहीं रखना चाहता।
घर से दुत्कार कर बेटे व बहुओं ने भगा दिया और वह वृद्धा आश्रम आ गई। आंखों में आंसू लेकर सिर्फ इतना बोली कि भगवान किसी को यह दिन न दिखाए।
विज्ञापन
शहर के खुटला मोहल्ला निवासी शकुंतला गुप्ता बताती हैं कि पति शिवराज गुप्ता फल व्यापारी थे। पति के साथ पांच बच्चों को पढ़ा-लिखाकर सक्षम बनाने में पूरी जवानी और संपत्ति लगा दी। तीनों बेटों मुन्ना, राजेश, ब्रजेश और दोनों बेटियों की शादी कराई। तब तक सब कुछ ठीक चलता रहा, लेकिन पति की मौत के बाद हालात बदल गए। जो बेटे उनकी आवाज पर दौड़े चले आते थे, वही दूरी बनाने लगे। बहुएं ताने मारने लगीं और लड़ाई-झगड़े पर उतारू हो गईं।बताती हैं कि सभी बेटे सक्षम हैं, लेकिन कोई साथ नहीं रखना चाहता।
विज्ञापन
घर से दुत्कार कर बेटे व बहुओं ने भगा दिया और वह वृद्धा आश्रम आ गई। आंखों में आंसू लेकर सिर्फ इतना बोली कि भगवान किसी को यह दिन न दिखाए।