{"_id":"63f7b8f84c28d136a60a9754","slug":"neither-map-nor-parking-marriage-houses-running-indiscriminately-banda-news-c-12-1-94063-2023-02-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: न नक्शा न पार्किंग, धड़ल्ले से चले रहे विवाहघर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: न नक्शा न पार्किंग, धड़ल्ले से चले रहे विवाहघर
Fri, 24 Feb 2023 12:35 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Fri, 24 Feb 2023 12:35 AM IST
विज्ञापन
बांदा। मानकों को दरकिनार कर शहर में बिना नक्शा पास कराए और बिना पार्किंग वाले 50 से अधिक विवाहघर, होटल और माल चल रहे हैं। इनके सामने वाहनों के बेतरतीब खड़े होने से रोजाना शहर में जाम लग रहा है। शादी समारोहों के दौरान दो-दो घंटे रास्ता बंद होने की स्थिति रहते हैं। इससे जाम लगने से शहरवासी परेशान हैं। विकास प्राधिकरण के अफसर जनप्रतिनिधियों और बड़े अफसरों की सिफारिश के चलते कार्रवाई नहीं करने का बहाना बना रहे हैं।
विकास प्राधिकरण ने सितंबर 2022 में शहर के 41 विवाहघर व होटलों को ग्राउंड बेस का नक्शा पास न होने सहित पार्किंग आदि की व्यवस्था न होने पर नोटिस भेजा था। विभाग के अफसरों का कहना है कि अभी तक किसी भी प्रतिष्ठान के संचालक ने नोटिस का जवाब नहीं दिया है। अफसरों की बातों से ही उनकी बेपरवाही सामने आ रही है, क्योंकि न तो उन्होंने दोबारा नोटिस जारी किया और न ही अन्य कोई कार्रवाई की। यह भी कहते हैं कि जब भी कार्रवाई करने की प्रक्रिया शुरू करते हैं, बड़े अफसरों और रसूखदार लोगों की सिफारिश आने लगती है। यह भी कहना है कि किसी भी प्रतिष्ठान के संचालक ने नोटिस में बताई गई खामियों को अब तक दूर नहीं किया है।
शहर में 50 से अधिक मैरिज हाउस व होटल बिना नक्शा व पार्किंग के संचालित हैं। यहां तक कि इनका निर्माण बस्ती के अंदर संकरे मार्गों पर किया गया है। इन प्रतिष्ठानों में मांगलिक कार्यक्रमों के दौरान पार्किंग न होने से इनमें शामिल होने आने वाले लोग अपने वाहन सड़कों तक खड़े कर देते हैं। इससे जाम में फंसकर लोग परेशान होते हैं। बड़ी बात यह है कि कई बार सुबह दुल्हन की विदाई के समय जाम में स्कूली बसें तक फंस जाती हैं।
विज्ञापन
इनसेट-
शहर में विवाहघर और होटल
कालूकुआ से बबेरू रोड तक 11 विवाहघर, व एक होटल। पदमाकर चौराहा से खुटला तक 10 विवाहघर व एक होटल। कचहरी से भूरागढ़ जेलरोड, पुलिस लाइन तक सात विवाहघर। पदमाकर चौराहे से अतर्रा चुग्गी तक 11 विवाहघर, चार होटल। बलखंडी नाका से जिला परिषद तक चार विवाहघर, दो होटल। छोटी बाजार चौराहे से निम्नीपार तक दो विवाहघर, एक होटल।
ये हैं शासन के मानक
विवाहघर, होटल व अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान के भवन में पहले ग्राउंड बेस का नक्शा पास होना चाहिए। भवन का निर्माण 40 मीटर तक सड़क से दूरी पर होना चाहिए। 25 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था होनी चाहिए। कचरा अपशिष्ट प्रबंधन की व्यवस्था होनी चाहिए। अग्निकांड से निपटने के लिए पर्याप्त प्रबंध होने चाहिए।
मानकों को दरकिनार कर चल रहे विवाहघर, होटल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के संचालकों को नोटिस दिया जा रहा है। खामियां दुरुस्त न हुईं तो सील करने की कार्रवाई की जाएगी। -राजेश कुमार सचिव/सिटी मजिस्ट्रेट, विकास प्राधिकरण, बांदा
विज्ञापन
विकास प्राधिकरण ने सितंबर 2022 में शहर के 41 विवाहघर व होटलों को ग्राउंड बेस का नक्शा पास न होने सहित पार्किंग आदि की व्यवस्था न होने पर नोटिस भेजा था। विभाग के अफसरों का कहना है कि अभी तक किसी भी प्रतिष्ठान के संचालक ने नोटिस का जवाब नहीं दिया है। अफसरों की बातों से ही उनकी बेपरवाही सामने आ रही है, क्योंकि न तो उन्होंने दोबारा नोटिस जारी किया और न ही अन्य कोई कार्रवाई की। यह भी कहते हैं कि जब भी कार्रवाई करने की प्रक्रिया शुरू करते हैं, बड़े अफसरों और रसूखदार लोगों की सिफारिश आने लगती है। यह भी कहना है कि किसी भी प्रतिष्ठान के संचालक ने नोटिस में बताई गई खामियों को अब तक दूर नहीं किया है।
विज्ञापन
शहर में 50 से अधिक मैरिज हाउस व होटल बिना नक्शा व पार्किंग के संचालित हैं। यहां तक कि इनका निर्माण बस्ती के अंदर संकरे मार्गों पर किया गया है। इन प्रतिष्ठानों में मांगलिक कार्यक्रमों के दौरान पार्किंग न होने से इनमें शामिल होने आने वाले लोग अपने वाहन सड़कों तक खड़े कर देते हैं। इससे जाम में फंसकर लोग परेशान होते हैं। बड़ी बात यह है कि कई बार सुबह दुल्हन की विदाई के समय जाम में स्कूली बसें तक फंस जाती हैं।
विज्ञापन
इनसेट-
शहर में विवाहघर और होटल
कालूकुआ से बबेरू रोड तक 11 विवाहघर, व एक होटल। पदमाकर चौराहा से खुटला तक 10 विवाहघर व एक होटल। कचहरी से भूरागढ़ जेलरोड, पुलिस लाइन तक सात विवाहघर। पदमाकर चौराहे से अतर्रा चुग्गी तक 11 विवाहघर, चार होटल। बलखंडी नाका से जिला परिषद तक चार विवाहघर, दो होटल। छोटी बाजार चौराहे से निम्नीपार तक दो विवाहघर, एक होटल।
ये हैं शासन के मानक
विवाहघर, होटल व अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान के भवन में पहले ग्राउंड बेस का नक्शा पास होना चाहिए। भवन का निर्माण 40 मीटर तक सड़क से दूरी पर होना चाहिए। 25 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था होनी चाहिए। कचरा अपशिष्ट प्रबंधन की व्यवस्था होनी चाहिए। अग्निकांड से निपटने के लिए पर्याप्त प्रबंध होने चाहिए।
मानकों को दरकिनार कर चल रहे विवाहघर, होटल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के संचालकों को नोटिस दिया जा रहा है। खामियां दुरुस्त न हुईं तो सील करने की कार्रवाई की जाएगी। -राजेश कुमार सचिव/सिटी मजिस्ट्रेट, विकास प्राधिकरण, बांदा